blogid : 325 postid : 3

Feedback - पुनर्निवेश

Posted On: 2 Feb, 2010 Others,टेक्नोलोजी टी टी में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

feedback

 

Please use this blog to give us your invaluable feedback or report any problems you experienced finding information on Jagran Junction. Your feedback helps us to improve the site and provide you a better overall User Experience. Please click on the ‘Post Comments’ to leave your feedback.

 

………………………………………………………………………………………..

 

जागरण जंक्शन पर किसी भी प्रकार के सुझाव देने या समस्यायों के निराकरण के लिए कृपया इस ब्लॉग का प्रयोग करें. आपका फीडबैक साइट के संवर्धन के लिए बेहद महत्वपूर्ण है साथ ही इससे आपको भी बेहतर अनुभव प्राप्त होने की संभावना बढ़ती है. अपना फीडबैक देने के लिए “पोस्ट कमेंट” पर क्लिक करें.

 

 

 



Tags:     

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (30 votes, average: 4.13 out of 5)
Loading ... Loading ...

1302 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments

EnQrTX0fCrrRWG के द्वारा
August 6, 2017

653504 277334Wholesale Cheap Handbags Will you be ok merely repost this on my site? I

jlsingh के द्वारा
July 24, 2017

आदरणीय संपादक दल और तकनीकी दल हर प्रतिक्रिया देने के बाद कैप्चा देने पर ERROR: Unreadable CAPTCHA कुकी आ रहा है. प्रतिक्रिया पोस्ट नहीं हो रही कृपया तकनीकी बाधा को दूर करने का प्रयास करें ब्लॉग को बेहतर बनाने के लिए आपके प्रयास का हार्दिक आभार! जवाहर लाल सिंह

jlsingh के द्वारा
July 24, 2017

आदरणीय संपादक दाल और तकनीकी टीम ERROR: Unreadable CAPTCHA कुकी आ रहा है हर कमेंट के साथ कृपया तकनीकी बढ़ा को दूर करें. ब्लॉग में आवश्यक चित्र इन्सर्ट करने के लिए आपका हार्दिक आभार!

kapil के द्वारा
May 17, 2017

सर न्यूज़ के लिए मेल  id देदो

sanjit के द्वारा
May 12, 2017

Respect sir, My newly created account for blog namely Sanjit is blocked due to unknown reason. Kindly do needful to restore the account. My email id is purohit5507@gmail.com S purohit 9425408999

sanjit के द्वारा
May 12, 2017

Respected sir, My newly created account has been blocked due to unknown reason. Kindly do the needful to restore the account. My email id is purohit5507@gmail.com S Purohit 9425408999

sanjit के द्वारा
May 12, 2017

Respected sir, My newly created account namely Sanjit is blocked now due to unknown reason. Kindly do the needful to restore the account. My email id is purohit5507@gmail.com S purohit 9425408999

sanjit के द्वारा
May 12, 2017

Respected sir, My working blog namely Sanjit is activated but could not being opened due to some unknown reason. Kindly do needful to reactivate the account. My email id is purohit5507@gmail.com S Purohit 9425408999.

bulavaindia के द्वारा
May 11, 2017

आदरणीय महोदय… मेरा ब्लॉग बुलावा इंडिया… खुल नही रहा है,,,, कृपया मदद करेम

bulavaindia के द्वारा
May 11, 2017

हेलो सर मेरा ब्लाग सस्पेंड कर दिया गया खुल नही रहा समाधान करें.

Ashish kumar trivedi के द्वारा
May 11, 2017

नमस्ते मैं अपने blog parvaaz hounsale ki में login नहीं कर पा रहा हूँ। कृपया मदद करें।

PAPI HARISHCHANDRA के द्वारा
May 5, 2017

आदरणीय संपादक जी किसी भी ब्लॉग को खोलने पर दोनों तरफ गूगल का ad  कवर कर लेता हैै । ब्लाग पडना कठिन हो जाता है ।क्रपया समाधान करें । धन्यवाद   ओम शाॅति  

Gagan Sharma के द्वारा
April 11, 2017

महोदय, नमस्कार। कुछ दिन पहले भी मेरा पास वर्ड काम नहीं कर रहा था तो आपने उपलब्ध करवाया था। कल से फिर वही अड़चन आने के कारण जुड़ नहीं पा रहा हूँ। बार-बार ऐसा क्यों होता है, समझ बाहर है। आशा है जल्द निवारण हो सकेगा। धन्यवाद। भवदीय गगन शर्मा kuchhalagsa gagansharma09@gmail.com

sadguruji के द्वारा
April 7, 2017

आदरणीय जागरण मंच ! सादर अभिनन्दन ! आपने काफी समय बाद कोई प्रतियोगिता आयोजित की है ! इसके लिए बहुत बहुत बधाई ! “भेदभाव का सामना” प्रतियोगिता में बहुत अच्छे और प्रेरक अनुभव प्रकाशित हुए तथा उसमे से तीन सर्वश्रेष्ठ अनुभव पुरस्कृत भी किये गए ! इस प्रतियोगिता के सफल आयोजन के साथ ही ध्यान देने योग्य कुछ अत्यंत महत्वपूर्ण खामियों की ओर भी आपका ध्यान आकृष्ट करना चाहता हूँ ! इस मंच पर सैकड़ों की संख्या में ब्लॉगर हैं, किन्तु प्रतियोगिता में मात्र 7-8 ब्लॉगरों ने ही भाग लेने में अपनी रूचि दिखाई ! इस तरह से तो एक दिन मात्र 2-3 ब्लॉगर ही किसी प्रतियोगिता में भाग लेने वाले होंगे, जितने कि पुरस्कार घोषित होंगे ! ब्लॉगरों की इस अरुचि का मंच को कारण ढूंढना चाहिए ओर उसका समुचित समाधान भी करना चाहिए ! दूसरी बात ये कि प्रतियोगिता के दौरान बहुत कम कमेंट आते हैं ! इससे पता चलता है कि सभी प्रतिभागी न तो एक दूसरे की रचना पढ़ते हैं ओर न ही कमेंट करते हैं ! प्रतियोगिता अवधि के दौरान प्रतिभागी अक्सर एक दूसरे की रचनाओं को पढ़ने ओर उस पर कमेंट देने से बचते हैं ! इससे प्रतियोगिता के आयोजन का मूल उद्देय ही समाप्त हो जाता है, जो कि एक दूसरे की लेखन शैली, अनुभव ओर काबिलियत को जानना है ! कृपया भविष्य जो भी प्रतियोगिता आयोजित करें, उसमे ये अनिवार्य कर दें कि प्रतियोगिता की समयावधि के दौरान प्रतिभागी न सिर्फ एक दूसरे की रचनाओं को पढ़ेंगे, बल्कि उसपर कमेंट भी अवश्य करेंगे ! मुझे उम्मीद है कि भविष्य में इन खामियों पर जरूर आप ध्यान देंगे ! सादर आभार !

sehar के द्वारा
March 29, 2017

आर्टिकल्स पर कमेंट पब्लिश नहीं हो रहे हैं. हर बार Captcha code Unreadable शो हो रहा है.

Sunita Maheshwari के द्वारा
March 27, 2017

Hello, I have lost my password and unable to reset. It says your host may have disabled the mail() function… Pls. help to fix this issue.

sinsera के द्वारा
March 26, 2017

आदरणीय संपादक मंडल के सदस्यगण,नमस्कार, क्या मैं स्त्री होकर किसी अन्य स्त्री के साथ हुए भेद-भाव की कथा कांटेस्ट में नहीं शेयर कर सकती. संशय इसलिए क्योंकि आमंत्रण में लिखा है “यदि आप पुरुष हैं तो किसी महिला के साथ हुए भेद भाव को शेयर करें.” कृपया मेरा असमंजस शीघ्र दूर करें क्योंकि समय कम ही है. धन्यवाद.

Onika के द्वारा
March 25, 2017

Hi I have lost my password and unable to reset it with lost password link. I get the following error on entering my username : ” The e-mail could not be sent. Possible reason: your host may have disabled the mail() function…” Kindly resolve the issue. Username: anusetia Email : onika.setia@gmail.com

Andreas Linton के द्वारा
March 24, 2017

средство от псориаза из тайланда

Aurelio Scantling के द्वारा
March 23, 2017

was this painted or drawn?And by who?

Gagan Sharma के द्वारा
March 20, 2017

माननीय महोदय, नमस्कार। मैंने पिछले महीने “कुछ अलग सा” शीर्षक से अपना ब्लॉग, जागरण जंक्शन में सम्मिलित किया था। पर लैप-टॉप के फॉर्मेट के बाद भूलवश मुझे अपना कोड भूल गया है। कृपया मुझे नया पास वर्ड देने का कष्ट करें। आभार होगा। धन्यवाद भवदीय गगन शर्मा kuchhalagsa.blogspot.com gagansharma09@gmail.com

sagasratchi के द्वारा
February 27, 2017

मैं लगभग 1 साल अपनी वेबसाइट पालन कर रहा हूँ। यह उपयोगी लेख और सुझाव दिया है। मेरे लेख और व्यंजनों भी प्रकाशित कृपया

vibha के द्वारा
February 21, 2017

आपके सुझाव के सबकुछ करने के बावजूद मेरा ब्लॉग अवतार नहीं दिख रहा है / कृपया इसे जल्द सुधर दे

Angad Chauhan के द्वारा
February 18, 2017

angad108chauhan this is my user name and email address is angad108chauhan@gmail.com. i want to reset my password but its gives error message like–> The e-mail could not be sent. Possible reason: your host may have disabled the mail() function… please Help

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
February 13, 2017

आपके सुझाव के सबकुछ करने के बावजूद मेरा ब्लॉग अवतार नहीं दिख रहा है / कृपया इसे जल्द सुधर दे /

Feedback के द्वारा
February 8, 2017

सभी सम्मानीय ब्लॉगर बहुमूल्य प्रतिक्रिया और सुक्षाव देने के लिए आप सभी को धन्यवाद। आप जैसे ब्लॉगरों/लेखकों की सक्रियता जागरण जंक्शन से जुड़े लोगों को प्रेरित करती है। उधर ‘दैनिक जागरण के संपादकीय पेज’ में जो बदलाव किये गये उसकी एक समय सीमा थी और वह पूरी हो चुकी है। इसके अलावा जंक्शन वेबसाइट के पुराने पेज को बदलना भी समय की मांग थी। ब्लॉगरों की रचना ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचे इसके लिए जागरण जंक्शन परिवार लगातार कोशिश में है।

sadguruji के द्वारा
February 6, 2017

मीडिया जगत और ब्लॉगर्स: जागरण जंक्शन मंच की समस्याएं, कमियां और सुझाव ~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~ देश के प्रतिष्ठित हिंदी अखबार ‘दैनिक जागरण’ के ‘जागरण जंक्शन मंच’ की चर्चा करें तो यह निश्चित रूप से नए व पुराने लेखकों और पाठकों के लिए एक बहुत बेहतर लेखकीय प्लैटफॉर्म है. मंच पर पाठकों को आकर्षित करने के लिए व्यावसायिक दृष्टिकोण से काफी नए सुधार किये गए हैं. हालाँकि मंच का पुराना स्वरुप ब्लॉगरों को बहुत प्रिय था. इस मंच की सबसे अच्छी बात यह है कि यहाँ पर ब्लॉगर को लेखन के साथ साथ सम्पादन करने की भी पूरी छूट मिली हुई है. मंच की सबसे खराब बात का जिक्र करें तो ‘रीडर ब्लॉग’ के किसी भी लेख को पढ़ने के लिए खोलें तो लेख पढ़ना मुश्किल हो रहा है, क्योंकि आधी से भी ज्यादा यानी आठ इंच में से चार इंच स्क्रीन नीली पट्टी से ढंकी हुई मिलेगी, जिसपर लेखक के छह पुराने ब्लॉग के लिंक दिए गए हैं. इसे तुरन्त हटा देना चाहिए. दूसरी खराब बात चुने हुए अच्छे लेखों का सम्पादित अंश ‘दैनिक जागरण’ अखबार में छापना बंद कर देना है. इसे पुनः शुरू करना चाहिए. पुराने ब्लॉगरों के ब्लॉगों तक न पहुँच पाना और दैनिक अपडेट की कमी अन्य परेशानियां हैं, जिस ओर मंच को ध्यान देना चाहिए. http://sadguruji.jagranjunction.com/2017/02/05/%e0%a4%ae%e0%a5%80%e0%a4%a1%e0%a4%bf%e0%a4%af%e0%a4%be-%e0%a4%9c%e0%a4%97%e0%a4%a4-%e0%a4%94%e0%a4%b0-%e0%a4%ac%e0%a5%8d%e0%a4%b2%e0%a5%89%e0%a4%97%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%b8-%e0%a4%9c%e0%a4%be/#commentsFromAjax

JITENDRA HANUMAN PRASAD AGARWAL के द्वारा
February 2, 2017

आदरणीय महोदय, जैसा क़ि अपने सदविचारों का आदान प्रदान करने हेतु व अपने विचारों को हर हृदय तक पहुँचाने के लिए मैने आपके इस मंच को चुना व परिणामस्वरूप बहुत सी कविताएँ व लेखन के माध्यम से अपने विचार रखे लेकिन मेरे किसी भी लेख या कविता को मैने चन्द मिनिटो से ज़्यादा आपके पेज पर नही देखा व किसी किसी लेख व कविता को तो इतना अनदेखा किया क़ि उनका नाम तक कही नही दिखा…कारण क्या हैं मेरी समझ से परे हैं ! उम्मीद हैं क़ि सभी लेखकों द्वारा लिखित लेखों में से सर्वश्रेष्ठ को आप प्रकाशित भी करे और जनता के मध्य पहुँचाए, जिससे लेखक के हृदय की बात उसके हृदय तक ना रहकर अन्यों तक भी पहुँचेगी और लेखक को भी प्रेरणा मिलेगी…क्योंकि मैने देखा और पढ़ा हैं बहुत से लेखक बहुत अच्छा लिख रहे हैं आपके यहाँ मंच पर निरंतर ! मुझे भी बहुत सीखने को मिलता हैं उन लेखको से ! आशा हैं लेखको के उत्साहवर्धन के लिए आप कुछ नया जोड़ेंगे जिससे अपनी राष्ट्रभाषा को उचित सम्मान मिल सके ! भूलवश की गयी किसी भी त्रुटि के लिए अग्रिम क्षमायाचना! जितेंद्र हनुमान प्रसाद अग्रवाल, मुंबई

L.S.Bisht के द्वारा
February 2, 2017

जंगल मे मोर नाचा किसने देखा ? अधिक से अधिक दो एक ने जो उस समय उस जंगल मे मौजूद रहे होंगे । कुछ यही  स्थिति है जागरण जंक्शन ब्लाग की भी । चंद लिखने वाले हम ब्लागर ब्लाग पढ कर एक दूसरे की पीठ थपथपा रहे हैं । अंश प्रकाशित होने से उम्मीद रहती थी कि बात दूर तक जायेगी । समझ से परे है कि पूरे अखबार मे यही ब्लाग अंश सबसे अनउपयोगी चीज समझी गई । बेहद दुख है । निवेदन है और आशा भी कि इसे पुन: प्रकाशित करने पर विचार किया जायेगा एक अच्छे डिस्पले के साथ । सादर

sadguruji के द्वारा
January 23, 2017

आदरणीय संपादक महोदय, सादर अभिनन्दन! ब्लॉग की स्पेस बढ़ाने हेतु निवेदन ~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~~ महोदय, आपसे निवेदन है कि मेरे ब्लॉग कि स्पेस 100 प्रतिशत ख़त्म हो चुकी है, कृपया इसे शीघ्र से शीघ्र बढ़ाने की कृपा करें, ताकि बिना किसी बाधा के सुचारू और नियमित रूप से विभिन्न विषयों पर अपने विचार लिख सकूँ. सादर धन्यवाद! ब्लॉग- सद्गुरुजी लेखक- राजेन्द्र ऋषि

    Feedback के द्वारा
    January 24, 2017

    आदरणीय राजेंद्र ऋषि जी, आपके ब्लॉग की स्पेस बढ़ा दी गई है.

jlsingh के द्वारा
January 22, 2017

शिकायतें काफी की गयी है पर किसी का भी जवाब नहीं दिया गया, यह भी आपकी गोपनीयता का हिस्सा होगा, अब किसी मीडिया घराने से निष्पक्षता की उम्मीद तो बेकार ही है. आपके जे जे पर बीच बीच में काफी गड़बड़ियाँ होती रही है, समय समय पर आपने सुधर भी किया है. अब देख रहा हूँ, अपना ब्लॉग पर लोग इन करने के बाद अपने कुछ पराने ब्लॉग आ जाते हैं और इच्छित ब्लॉग को पढ़ने में दिक्कत होती है. एक बार मैं भी अनुरोध करता हूँ कि दैनिक जागरण में ब्लॉग अंश को प्रकाशित करने के सिलसिले को पुन: प्रारंभ किया जाय! काफी अच्छे अच्छे ब्लोगर आपसे जुड़े रहें, इसी आशा के साथ! सादर!

Shobha के द्वारा
January 7, 2017

सम्पादकीय से ब्लॉगर के अंश हटाना अटपटा लगा जिनके भी लेख अंश आता था वह उसे अपने फेस बुक पर शेयर करते थे अपने मित्रों जानकारों को दिखाते थे ब्लागर सबसे पहले सम्पादकीय का पेज निकालते थे यदि किसी दिन अखबार वाला अखबार नहीं देता खरीद कर लाते थे काफी दिन से देखा जा रहा था दैनिक जागरण ब्लागर के विचार हाई लाइट करने में उदासीनता दिखा रहे थे कुछ ही नाम घूम फिर कर आते थे मार्किटिंग के लिए क्या नहीं किया जाता अच्छी खासी मार्किटिंग हो रही थी ऐसी उदासीनता अजीब लगी |ब्लागर का स्थान कार्टूनिस्ट को दे दिया

PAPI HARISHCHANDRA के द्वारा
January 6, 2017

दैनिक जागरण ,सम्पादकीय मैं ब्लोगर के अंश हटना ,लगता है चुनाव आयोग ने समाजवादी पार्टी की साइकिल छीन ली है । ओम शांति शांति को तडपले व्लोगर 

L.S.Bisht के द्वारा
January 6, 2017

महोदय उम्मीद थी कि नये साल मे जागरण ब्लागर्स के लिए कुछ और अच्छा किया जायेगा लेकिन यहां तो रोज प्रकाशित होने वाले ब्लाग के अंशों को भी संपादकीय पेज से हटा दिया गया । इससे कम से कम यह तो हो ही रहा था कि कुछ लोग ब्लाग पढ रहे थे और हमारे विचारों को कुछ अधिक विस्तार मिल रहा था और अब यह भी खत्म हो गया । अब सिर्फ लिखने वाले पढ कर एक दूसरे की पीठ थपथपाते रहें । अनुरोध है कि इसे फिर से नई सज्जा के साथ प्रकाशित करें । सादर

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
December 24, 2016

मैंने आपके सुझाये सब उपाय कर डेल लेकिन मेरा ब्लॉग अवतार वाला फोटो नहीं दिख रहा है / कोई उपाय करे /

    Feedback के द्वारा
    December 30, 2016

    राजेश कुमार जी, आपको असुविधा हुई इसके लिए खेद है. जल्द ही इस समस्या का निदान कर लिया जाएगा.

rameshagarwal के द्वारा
December 3, 2016

जय श्री राम आज प्रतिक्रिया नहीं जा रही WRONG CAPTCHA लिख कर आ जाता.कृपा सुधार दे,धन्यवाद.

Feedback के द्वारा
November 9, 2016

सभी सम्मानीय ब्लॉगर, असुविधा के लिए खेद है, कुछ समय से कमेंट संबंधित समस्या आ रही है जिसका अब निदान कर दिया गया है. आपकी सुविधा के लिए कमेंट बॉक्स को और बेहतर बनाने की कोशिश की जा रही है. धन्यवाद

Feedback के द्वारा
September 22, 2016

(दूसरे ब्लॉगर पर कमेंट न होने पर सूचना) सभी सम्मानीय ब्लॉगर, अगर दूसरे ब्लॉगर पर कमेंट नहीं हो रहा है तो कृप्या फीडबैक पर कमेंट के साथ उस ब्लॉगर का लिंक पेस्ट करें.

एल.एस.बिष्ट् के द्वारा
September 21, 2016

आदरणीय महोदय पहले भी निवेदन किया था तथा आप दवारा सकारात्मक उत्तर भी प्राप्त हुआ कि उस स्पेम को हटाया जा रहा है लेकिन संभवत: ऐसा नही हुआ है । परिणामस्वरूप अनावशयक सामग्री कमेंट रूप मे आ रही है। 500 शब्दों से लेकर 700-800 शब्दों तक अंग्रेजी मे जिनका मेरे ब्लाग से कोई संबध ही नही । एक दिन मे तमाम इस प्रकार के कमेंट आने से ब्लागर मित्रों के कमेंट कहीं खो से जाते हैं । डिलीट करते करते थक गये । यह बाढ नही रूक रही । कृपया यथाशीघ्र कष्ट निवारण करें । सादर

    Feedback के द्वारा
    September 23, 2016

    आदरणीय एल.एस.बिष्ट् जी, आप अपने ब्लॉग पर आए स्पैम को डिलीट या स्पैम में डाल सकते हैंं. इसके लिए आपको अपने ब्लॉग के एडमिन में जाना होगा. फिर कमेंट बॉक्स पर क्लिक करें. वहां किसी भी स्पैम को हटा सकते हैंं. धन्यवाद

rameshagarwal के द्वारा
September 8, 2016

जय श्री राम कल से प्रतिक्रिया नहीं जा रही हमने इ-मेल आपको भेजा था कृपा टीक करवाने का कष्ट करे अक्सर ये समस्या आ जाती है धन्यवाद्.

    Feedback के द्वारा
    September 9, 2016

    आदरणीय रमेश जी, आप जिस ब्लॉगर पर कमेंट करना चाहते हैं उन्होंने कमेंट प्राप्त करने वाला ऑप्शन बंद कर रखा है. जिससे आप उनके ब्लॉगर पर कमेंट नहीं कर सकते.

nishamittal के द्वारा
September 4, 2016

नमस्कार महोदय ,आज साईट कई दिन बाद खुली ,अगली बार ऐसा होने पर प्रयास करुँगी जब साईट खुले तो आपके पास भेज सकूँ ,अपना ब्लॉग फेसबुक पर शेयर करते थे अब वो आप्शन नही दिख रहा.क्या वो  भी समाप्त कर दिया गया,एक समस्या और आप रीडर ब्लॉग पर जो पोस्ट्स चेंज करते हैं ,कई बार तो तीन तीन दिन वही पोस्ट रहती है और उसके बाद दस दस मिनिट सारी पोस्ट रख कर वहां से हटा डी जाती हैं,कृपया होम पेज का लिंक दीजिये ,पहले नीचे अंत में .होम लिखा होता था अब वहां नही आता अतः लिंक दीजिये या बताईये कहाँ है क्योंकि अब नही मिल पा रहा

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
August 31, 2016

मेरा ब्लॉग अवतार नहीं दिख रहा है / कृपया इसे ठीक कर दे /

    Feedback के द्वारा
    September 1, 2016

    आदरणीय रमेश जी feedback@jagranjunction.com पर अपनी फोटो भेजें. धन्यवाद

    Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
    December 24, 2016

    मैंने मेल कर दिया फिर भी कुछ नहीं दिख रहा है /

rameshagarwal के द्वारा
August 28, 2016

जय श्री राम हमने निर्धारित जगह का ९१% जगह इस्तेमाल कर ली है कृपा और जगह देने का कष्ट करे जिससे हम और लेख लिख सके धन्यवाद.

    Feedback के द्वारा
    August 29, 2016

    आदरणीय रमेश अग्रवाल जी, स्पेस बढ़ा दिया गया है. कृप्या जांच लेंं.

nishamittal के द्वारा
August 21, 2016

आदरणीय महोदय , सादर अभिवादन गाठ कुछ समय से मेरी जागरण साइट पर एक समस्या आ रही है,जागरण साइट खुलती नही ,परिणामस्वरूप अपनी पोस्ट्स पर आने वाले कमेंट्स के उत्तर मैं नही दे पाती ,साथ ही अन्य मित्रों की पोस्ट भी नही देख पाती . दूसरी समस्या जागरण पर पूर्व में एक पेज होम पेज के नाम से होता था,जहाँ पर सारी २० फीचर्ड पोस्ट्स रहती थी,और ब्लागर ऑफ़ दी वीक की जानकारी भी ,अब उसका जिक्र मुझको जागरण साइट पर कहीं नही मिला ,अतः मुझको अपने ब्लागर ऑफ़ दी वीक बनने की जानकारी भी मित्रों के बधाई देने से मिली ,अभी तक मैं स्वयम वो पेज नही देख सकी जिस पेज पर वो विवरण है.कृपया बताएं यदि आपने कुछ व्यवस्था बदली है तो उस पेज का लिंक दीजिये और पूर्व में ऐसी जानकारी यहाँ तक की पोस्ट रीडर ब्लॉग में फीच होने ब्लागर ऑफ़ दी वीक बनने और किसी नए आयोजन की हर ब्लागर को मेल में भी मिलती थी ,क्या वो व्यवस्था पुनः प्रारम्भ नही हो सकती . मेरा स्पेस भी कम रह गया है कृपया आवंटित करने का कष्ट करें ,आपका आभार  

    Feedback के द्वारा
    August 25, 2016

    आदरणीय निशा मित्तल जी, जरूरत के हिसाब से jagranjunction.com के होमपेज का डिजाइन बदल दिया गया है. पिछले होमपेज के डिजाइन में जो व्यवस्था हमारे पाठकों के लिए थी, वह इस नए डिजाइन में भी है. बस उनके जगह को बदल दिया गया है. – इसके अलावा 20 की जगह 15 फीचर किया जा रहा है जिसमें पाठकों के फोटो की साइज बढ़ा दी गई है. – पहले जो मेलर भेजने की व्यवस्था थी, जिससे पाठको को अपने मेल के जरिए best blogger बनने की जानकारी मिलती है, उसे कुछ समय के लिए रोक दिया गया है. – आपकी स्पेस की समस्या का भी समाधान कर दिया गया है. – रही बात Jagranjunction.com न खुलने की, तो बिना किसी समस्या के यह साइट खुल रही है और कमेंट भी हो रहा है. अगर फिर भी आपको यह समस्या दिख रही है तो स्क्रीन शॉर्ट लेकर feedback@jagranjunction.com पर भेज दें.

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
August 9, 2016

आदरणीय महोदय इधर कुछ समय से मेरे ब्लाग पर कुछ अजीब अजीब नामों से ( विदेशी ) कमेंट के रूप मे अनावश्यक सामग्री आ रही है और वह इतनी ज्यादा संख्या मे आ रही है कि उन्हें डीलीट करना भी एक काम हो गया है । कमेंट मे अंग्रेजी मे जो भी लिखा होता है उसका लेख या ब्लाग से कोई मतलब नही होता । इस कारण से ब्लागर मित्रों के जरूरी कमेंट कहीं खो से जाते हैं । कृपया देखने का कष्ट करें । सादर्

    Feedback के द्वारा
    August 10, 2016

    आदरणीय एल.एस. बिष्ट् जी, यह एक तरह का स्पैम है जिसे हटाने के लिए काम चल रहा है. उम्मीद है आपकी समस्या का हल जल्द ही निकल जाएगा. धन्यवाद

sinsera के द्वारा
August 1, 2016

आदरणीय संपादक महोदय, लगभग दो वर्ष पश्चात् जागरण जंक्शन पर आना हुआ है.मेरी पुरानी रचनाएँ अभी भी आप की धरोहर हैं जिन में से कुछ रचनाओं के 25000 व्यूज तक हो चुके हैं. परंतु अब सब कुछ अजनबी अजनबी सा लग रहा है. एक दो पुराने ब्लोगर्स बंधुओं को छोड़ कर ब्लोगर्स की नयी खेप भी आ चुकी है. संभवतः संपादक मंडल भी बदल चुका है अन्यथा मेरी किसी रचना को फीचर न किया गया हो, आजतक ऐसा नहीं हुआ था. ऐसा किसी विशेष सम्मान की इच्छा में नहीं कह रही हूँ, केवल मेरी लिखी रचना अधिकाधिक लोग पढ़ सकें, केवल यही चाहती हूँ. आशा है आप समझेंगे. धन्यवाद.. सरिता सिन्हा

    Feedback के द्वारा
    August 4, 2016

    सरिता सिन्हा जी, दो वर्ष बाद जागरण जंंक्शन में आपका स्वागत है. आपका लेख फीचर हो चुका है. क्रमानुसार फीचर करने की वजह से यह विलंब हुआ.

rameshagarwal के द्वारा
July 16, 2016

जय श्री राम आदरणीय जी हमने कल एक गुरु पूर्णिमा पर लेख लिख कर ड्राफ्ट के रूप में रख दिया आज उसके आगे लिखना शुरू किया बाद में देखा की आज की कुछ पंक्तियो को छोड़ पूरा दरात गायब कृपा इसको टीक कर दीजिये नहीं तो पूरा फिर से लिखना पड़ेगा.धन्य वाद. रमेश अग्रवाल,9935247527

rameshagarwal के द्वारा
July 5, 2016

जय श्री राम मान्यवर हमने ९२% भाग लेख लिखने में प्रयोग कर लिया .आग्रह है की और भाग दिया जाए जिससे लिखना चालू रख सकू.धन्यवाद्.

rameshagarwal के द्वारा
June 21, 2016

जय श्री राम आज प्रतिक्रियाये नहीं जा रही कृपा दूर करने का कष्ट करे .धन्यवाद्.

Raj Kamal के द्वारा
May 10, 2016

nice

rameshagarwal के द्वारा
May 7, 2016

जय श्री राम प्रतिक्रिया कभी कभी चली जाती आसानी से लेकिन कभी भागीरथ प्रयत्न करने पर भी नहीं क्या CAPTCHA हटाया नहीं जा सकता  इंग्लिश ब्लोग्स में हम बिना इसके बहुत आसानी से प्रतिक्रिया भेज सकते आज हमने प्रतिक्रिया भेजने की कोशिश की नहीं जा रही कृपा कुछ करे.धन्यवाद्.

    Feedback के द्वारा
    May 10, 2016

    आदरणीय रमेश अग्रवाल जी, सुरक्षा कारणों से कैप्चा नहीं हटाया जा सकता है.

rameshagarwal के द्वारा
April 19, 2016

जय श्री  राम कभी कभी  प्रतिक्रियाये पोस्ट हो जाती  पर  दिखाई  नहीं देती यदि दुबारा  डाले  तो  अत्तन है  डुप्लीकेट कमेंट्स कृपा इस  कठिनाई  को दूर  करने  का  कष्ट  करे  धन्यवाद.

    Feedback के द्वारा
    April 26, 2016

    रमेश अग्रवाल जी, जंक्शन पर कमेंट्स से संबंधित समस्याएं आ रही है. इसका निवारण जल्द कर लिया जाएगा.

sadguruji के द्वारा
March 29, 2016

आदरणीय सम्पादक महोदय ! सादर अभिनन्दन ! कृपया रोज रचनाएँ फीचर करने की व्यवस्था करें ! बहुत सी अच्छी रचनाएँ काफी दिन बीत जाने के बाद फीचर ही नहीं हो पाती हैं ! पुराने लेखों और पुराने ब्लॉगरों को सर्च करने का ऑप्शन ही आपने हटा दिया है ! ये इस मंच की सबसे बड़ी कमी है ! कृपया इसे सही करें ! सादर आभार !

    Feedback के द्वारा
    April 1, 2016

    आदरणीय सदगुरु जी, कुछ तकनीकी खाराबी की वजह से बीच में फीचर का काम रोकना पड़ा. अब ठीक हो चुका है. इसके अलावा सर्च ऑप्शन पर काम चल रहा है.

nishamittal के द्वारा
March 22, 2016

आदरनीय महोदय,                                     मैंने जल संरक्षण पर अपना आलेख फेसबुक पर शेयर किया है,उसके साथ जो  चित्र आ रहा है,उसका मेरी पोस्ट से कोई सम्बन्ध नही.पूर्व में आप ब्लागर की पोस्ट से ही चित्र देते थे फेसबुक पर शेयर आदि करने में,मगर ये चित्र बहुत अवांछित दिख रहा है. आपसे अनुरोध है कि पूर्व व्यवस्था अर्थात ब्लागर की पोस्ट में यदि विषय से सम्बद्ध कोई चित्र है,तो उसको देने का कष्ट करें.

Astrologer Shubh Sharma के द्वारा
March 3, 2016

डिअर वेबमास्टर मैंने अपने ब्लॉग का पर्मलिंक्स चेंज किआ था, उसके बाद से ही मेरा ब्लॉग ओपन नही हो रहा, अकाउंट में लोगिन तो हो रहा है पर ब्लॉग ओपन नही हो रहा. मेरे ब्लॉग का लिंक है. http://astrologynews.jagranjunction.com

OM DIKSHIT के द्वारा
February 18, 2016

आदरणीय महोदय ,मेरे 15FEB के लेख पर लोगो के विचार और प्रतिक्रिया नहीं आ रही है.लोगों ने इ-मेल से सूचित किया है.कृपया इसे ठीक कर दे….सधन्यवाद.

    Feedback के द्वारा
    March 1, 2016

    आदरणीय ओम दीक्षित जी, आपने ब्लॉग एडमिन पैनल में कमेंट बॉक्स को ऑफ कर रखा है. इस वजह से आपके ब्लॉग पर जो भी कमेंट किए जा रहे हैं वह दिख नहीं रहे हैं. साभार जंक्शन परिवार

एल.एस.बिष्ट् के द्वारा
January 22, 2016

आदरणीय महोदय, इधर एक सप्ताह पहले अपनी फोटो मे बदलाव किया था परंतु अभी तक यह बदली हुई फोटो कहीं पर भी प्रदर्शित नही हो रही है । कृपया देख लें शायद कोई तकनीकी कारण हो ।  सादर

    Feedback के द्वारा
    February 4, 2016

    आदरणीय एल.एस.बिष्ट् जी, आपकी समस्या का निदान कर दिया गया है. आपको अभी भी वह समस्या दिख रही है तो अपनी फोटो feedback@jagranjunction.com पर भेजें.

sadguruji के द्वारा
January 8, 2016

आदरणीय संपादक महोदय ! जागरण जंक्शन मंच ! हार्दिक अभिनन्दन ! मेरे ब्लॉग का स्पेस बढ़ाने के लिए हार्दिक आभार ! जागरण जंक्शन परिवार का सहयोग इस अनुपम मंच के ब्लॉगरों को सदैव यूँ ही मिलता रहे ! बहुत बहुत धन्यवाद !

sadguruji के द्वारा
January 6, 2016

आदरणीय संपादक महोदय ! जागरण जंक्शन मंच ! हार्दिक अभिनन्दन ! निवेदन है कि मेरे ब्लॉग लिखने हेतु दी गई स्पेस 100% ख़त्म हो चुकी है ! इसलिए मैं कोई भी नया ब्लॉग लिखने में असमर्थ हूँ ! कृपया शीघ्र से शीघ्र मेरे ब्लॉग की स्पेस बढ़ाने की कृपा करें, जिससे मेरा ब्लॉग लेखन जारी रह सके ! आपको बहुत बहुत धन्यवाद और नववर्ष की हार्दिक बधाई !

    Feedback के द्वारा
    January 8, 2016

    आदरणी राजेंद्र ऋषि जी आपके ब्लॉग का स्पेस बढ़ा दिया गया है, कृप्या जांच लें.

sadguruji के द्वारा
January 3, 2016

आदरणीय संपादक महोदय ! मेरे ब्लॉग लिखने हेतु दी गई स्पेस 99% ख़त्म हो चुकी है ! कृपया शीघ्र से शीघ्र स्पेस बढ़ने की कृपा करें, जिससे मेरा ब्लॉग लेखन जारी रह सके ! बहुत बहुत धन्यवाद और नववर्ष की हार्दिक बधाई !

एल.एस.बिष्ट् के द्वारा
January 1, 2016

इस मंच के समस्त आदरणीय संचालक मंडल के सदस्यों तथा सभी ब्लागरों मित्रों को नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं ।

सुधीर कुमार के द्वारा
November 22, 2015

महाशय प्रणाम बहुत ख़ुशी की बात है कि मैं इस माह के शुरूआती सप्ताह में बेस्ट ब्लॉगर ऑफ़ द वीक सम्मान से नवाजा गया.कॉलेज कि व्यस्तता कि वजह से मैंने यह छन साइट पर देख न सका.इसका मुझे बहुत दुःख है.महोदय से विनम्र निवेदन है कि यदि संभव हो तो वह फोटो मुझे उपलब्ध करने कि कृपा कि जाये जिसमे “बेस्ट ब्लॉगर ऑफ़ द वीक” के साथ फोटो लगी होती है.मैंने अन्य लेखको कि आज प्रतिक्रियां देखि तो मुझे ध्यान आया.महोदय एक बार फिर अनुरोध है कि मेरी यह इच्छा पूरी कर दी जाये..ऐसे छन मुश्किल से आते हैं..अन्यथा दिल में एक ख्वाइश अधूरी रह जाएगी.प्लीज mahashaya सुधीर कुमार sudhir2jnv@yahoo.com

    Feedback के द्वारा
    November 26, 2015

    आदरणीय सुधीर कुमार जी, आपके कहे मुताबिक जंगशन परिवार ने आपको “बेस्ट ब्लॉगर ऑफ द वीक” के साथ आपकी तस्वीर उपलब्ध कर दी है।

rameshagarwal के द्वारा
November 20, 2015

जय श्री राम आदरणीय जंक्शन मंडल, हमारे स्पेस ९१%इस्तेमाल  हो चुकी  यदि  बढा74Pने  का कस्ट करे तो आभारी हूगा.धन्यवाद.

    Feedback के द्वारा
    November 26, 2015

    आदरणीय रमेश जी, स्पेस बढ़ा दिया गया है, कृप्या जांच लें.

rameshagarwal के द्वारा
November 20, 2015

जय श्री राम हमारी एक पोस्ट ड्राफ्ट में है पब्लिश करते वक़्त आता बाबा”NOT ALLOWED इसके मायने क्या है कृपा बताये ४-५ दिन पहले भी पूंछा था

    Feedback के द्वारा
    November 26, 2015

    आदरणीय रमेश अग्रवाल जी, विलंब के लिए खेद है. बाबा से संबंधित फर्जी और अविश्वसनीय पोस्ट होने की वजह से ये कार्यवाही की गई थी. यह कुछ समय के लिए था. अब इसे हटा दिया गया है.

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
May 22, 2015

मुझे उपलब्ध कराई गई 10 एम.बी की स्पेस समाप्त हो गई है / अगर इसे बढा दें तो मेरा लेखन सुचारू रूप से चलता रहेगा अन्यथा मैं कोई पोस्ट न डाल सकूंगा / अत: आपसे निवेदन है कि स्पेस बढाने की कृपा करें । आपका आभारी रहूंगा ।

yogi sarswat के द्वारा
March 25, 2015

आदरणीय संपादक मंडल ! हार्दिक अभिनन्दन महोदय मैं जब अपनी पोस्ट लिख रहा हूँ तो पब्लिश होने पर वहां कुछ भी नहीं दिखाई दे रहा है ! क्या कारण है ? क्या आप मुझे मदद करेंगे जिससे मैं पुनः इस मंच पर लिख सकूँ ?

    Feedback के द्वारा
    March 31, 2015

    आदरणीय योगी सारस्वत जी, आपके ब्लॉगिंग पासवर्ड को बदल दिया गया है और आपके जीमेल आईडी पर नया पासवर्ड भेजा गया है. रही बात पोस्ट की तो उसमें किसी भी तरह की समस्या नहीं आ रही है. आप अपने ब्लॉग के एडमिन में जाकर फिर से पब्लिश करें.

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
March 16, 2015

आदरणीय , हार्दिक आभार । थोडा विलम्ब से ही सही आपने कृपापूर्वक ब्लाग लिखने के लिए अतिरिक्त स्पेस उपलब्ध करा दी है । आपके सहयोग के लिए आभारी हूं । सादर, सप्रेम ।

sadguruji के द्वारा
March 15, 2015

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय ये मंच बहुत अधिक अव्यवस्था और उपेक्षा का शिकार हो गया है ! काफी दिनों से न तो किसी ब्लॉग पर कमेंट जा रहा है और न ही फीडबैक पर किसी शिकायत का कोई उत्तर प्राप्त हो रहा है ! इधर कुछ दिनों से छद्म ब्लॉगर भी मंच पर हावी हैं ! न जाने उनका रजिस्ट्रेशन कैसे हो गया है ! हम सभी ब्लागरों के मन में इस मंच के प्रति गहरी आस्था है ! कृपया सबकी बातों को अनसुना कर सम्मानित ब्लागरों को निरुत्साहित मत कीजिये ! मंच पर कोई नया परिवर्तन न सही, परन्तु व्यवस्थित रूप से इसका सञ्चालन होता रहे, बस यही व्यवस्था कर दीजिये ! सादर शुभकामनाओं सहित- सद्गुरुजी !

    Feedback के द्वारा
    March 19, 2015

    आदरणीय सद्गुरु जी, निरंतर ब्लॉगिंग और सुझाव के लिए धन्यवाद. कमेंट संबंधित जो समस्या आपने बताए थे उसे दूर कर लिया गया है.

    jlsingh के द्वारा
    March 20, 2015

    और अभी पुन: वही समस्या आ रही है प्रतिक्रिया नहीं जा रही error unreadable capcha का सन्देश आ रहा है.

    jlsingh के द्वारा
    March 20, 2015

    सद्गुरु जी के आलेख पर प्रतिक्रिया देने के बजाय यही दे देता हूँ क्योंकि वहां तो सम्भव नहीं लग रही .. आदरणीय सद्गुरु जी, सादर अभिवादन! मुझे तो ऐसा लग रहा है की जिस दिन भारत किसी भी टीम के साथ क्रिकेट खेल रहा होता है उस दिन पूरा भारत और विश्व सिर्फ मैच ही देखता है ..उस दिन आतंकवादी भी मच देखने में ही मशगूल रहते हैं.. सीमा पर उस दिन हमला नहीं होता …कोई लूट-पाट और छेड़छाड़ की घटनाएँ उस दिन नहीं होती. बिहार में परीक्षा सञ्चालन करने वाले और सुरक्षा गार्ड सभी सिर्फ मैच ही देखते हैं और उस दिन परीक्षार्थियों और अभिभावकों को पूरी छूट होती है ताकि नौनिहाल सर्टिफिकेट पा सकें ..और तो और ट्रैन दुर्घटनाएं भी उस दिन ठहर जाती है और दूसरे दिन किसी जनता एक्सप्रेस की जनता को निशाना बनती है….दुनिया में दो ही नाम हैं एक मोदी और दूसरा धोनी …मेरी बातों को व्यंग्य में लीजियेगा आपकी क्रिकेट में रूचि और और उसपर आलेख काबिलेतारीफ है आप तो सर्वगुण संपन्न व्यक्ति हैं आखिर महात्मा संत ऐसे ही होते हैं… सादर!

jlsingh के द्वारा
March 13, 2015

इधर काफी दिनों से किसी भी ब्लॉग पर प्रतिक्रिया नहीं जा रही थी, नहीं प्रतिक्रिया का जवाब देना सम्भव हो रहा था. आपके फीडबैक में भी प्रतिक्रिया /शिकायत करना सम्भव नहीं हो रहा था. फलस्वरूप बहुत सारे लेखकों, पाठकों के बीच संपर्क होना मुश्किल था… सम्भवत: कुछ तकनीकी कारणों से ‘कॅप्चा एरर कुकी’ का सन्देश आता था. आज शायद यह गड़बड़ी ठीक हो गयी है. आपसे निवेदन है कृपया इस मंच को पूर्ण रूपेण क्रियाशील रहने के लिए तकनीकी समस्या के निदान की तरफ भी ध्यान देते रहें… सादर -जवाहर लाल सिंह

Feedback के द्वारा
March 13, 2015

निरंतर प्राप्त हुयी आपकी फीडबैक के लिये धन्यवाद. कतिपय कारणों से हम आपसे प्राप्त फीडबैक का जवाब नहीं दे पा रहे थे जिसका हमें खेद है. आगे से आपकी फीडबैक का जवाब देने में हमें खुशी होगी.

chaatak के द्वारा
February 8, 2015

श्रीमान, एक छद्म ब्लॉगर http://babaji969621.jagranjunction.com/2015/02/08/91-9680118734-black-magic-specialist-in-norway/ ने पूरा ‘अभी-अभी’ बक्सा रिज़र्व कर लिया है :) इस तरह के काला जादू सामग्री को देखकर जागरण जंक्शन पर लिखने का उत्साह धरा का धरा रह जाता है कृपया हम ब्लॉगर्स के लिए भी थोड़ी जगह बना दिया कीजिये| कृपया शिकायत पर गौर करें, धन्यवाद!

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
January 20, 2015

आदरणीय महोदय आपने हमे कंजूसी की आदत डलवा दी है । वैसे तो यह अच्छी आदत ही होती है । लेकिन लेखन मे कंजूसी करना ठीक नही । अपनी स्पेश बढाने के लिए पहले भी कई बार निवेदन कर चुका हूं । 90% का उपयोग हो गया है । कम स्पेस के कारण लेखों का प्रस्तुतीकरण भी मनचाह तरीके से संभव नही हो पा रहा है । निवेदन है कि थोडा समय निकाल कर स्पेस बढाने की कृपा करें । आभारी रहूंगा । -

    Feedback के द्वारा
    March 13, 2015

    आदरणीय एल.एस बिष्ट जी, निरंतर ब्लॉगिंग के लिए आपको धन्यवाद. हमें खेद है कि आपके ब्लॉग के स्पेस को बढ़ाने की कार्यवाही में समय लगा. जल्द ही आपकी इस समस्या को दूर कर लिया जाएगा.

    Feedback के द्वारा
    March 13, 2015

    आदरणीय एल.एस बिष्ट जी, आपके ब्लॉग के स्पेस की समस्या को दूर कर लिया गया है. कृप्या जांच लें. धन्यवाद

yamunapathak के द्वारा
January 10, 2015

आदरणीय संचालक महोदय जी सादर नमस्कार इस अनुपम मंच पर नए ब्लॉगर जुड़ रहे हैं बहुत अच्छा भी लिख रहे हैं पुराने ब्लोग्गेर्स अपनी उपस्थिति बनाये हुए हैं ऐसे में ब्लॉग साइट के होम पेज में नियमित परिवर्तन की कमी हमें बेहद खल रही है …आशा है यह पूर्व की तरह नियमित हो कर हम पाठकों /ब्लोग्गेर्स को प्रेरित करेगा सधन्यवाद

    yamunapathak के द्वारा
    January 17, 2015

    आदरणीय संचालक महोदय जी सादर नमस्कार होम पेज का नियमित परिवर्तन अधिकाधिक ब्लॉग तक जाना संभव बना देता है .लेखन के माध्यम से बहुत से ब्लॉगर अपने जीवन को नए सोच विचार में ले जाकर अनावश्यक अवसाद , विवाद , और असामाजिक गतिविधियों को रोक पाने में सक्षम हो जाते हैं .इस दिशा में हम सब को इस विशाल प्रतिष्ठित मंच का सशक्त माध्यम उपलब्ध करा कर आपने नए जागरण को मज़बूती दी है . आपका बहुत बहुत आभार .

sadguruji के द्वारा
January 2, 2015

जागरण जंक्शन मंच के संपादक एवं संपादक मंडल के सभी सदस्यों तथा इस मंच से जुड़े सभी ब्लॉगर मित्रों व कृपालु पाठकों को नए साल की बहुत बहुत बधाई ! नववर्ष सबके लिए सुखदायक एवं स्वास्थयप्रद सिद्ध हो ! सद्गुरुजी !

nishamittal के द्वारा
December 3, 2014

मान्यवर महोदय ,                                सादर अभिवादन ,                                                            जागरण मंच निश्चित रूप से लेखन प्रतिभा को विकसित करने का सुअवसर नवोदित प्रतिभाओं को प्रदान करता है. रीडर ब्लाग्स में आने वाली विज्ञापन पोस्ट के कारण पोस्ट्स इतने पीछे पहुँच जाती हैं कि किसी कारण वश फीचर न होने पर या कम देर फीचर्ड रहने पर उसको कोई नहीं पढता अतः लेखक या लेखिका का सम्पूर्ण श्रम और उत्साह निरर्थक रहता है.पूर्व में विज्ञापन पोस्ट्स हटा दी जाती थी परन्तु आज सुबह १२ बजे वाली पोस्ट्स उन पोस्ट्स के कारण ५ वे पृष्ठ पर पहुँच गयी ,कृपया व्यवस्था सुचारू करने का कष्ट करें जिससे लेखक लेखियें उत्साहपूर्वक सक्रिय रह सकें.धन्यवाद

sanjay kumar garg के द्वारा
November 17, 2014

आदरणीय संपादक महोदय! सादर नमन! निवेदन है, कि मेरे ब्लॉग पर आने वाले कॉमेंट्स की मुझे मेरी मेल पर जानकारी नहीं मिल पा रही है और ना ही मेरे ब्लॉग फीचर्ड हो रहें हैं. क्या कारण है! जागरण के सम्पादकीय पेज पर प्रकाशित होने वाले अपने ब्लॉग की मेल भी मुझे प्राप्त नहीं हो पाती है! कृपया मेरी समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने का कष्ट करें! धन्यवाद!

sadguruji के द्वारा
October 16, 2014

आदरणीय एल.एस. बिष्ट् जी ! मुझे फीडबैक से पता चला कि आपके ब्लॉग का स्पेस अभीतक नहीं बढ़ा है ! मेरा जागरण जंक्शन परिवार से आग्रह है कि आदरणीय एल.एस. बिष्ट् जी के ब्लॉग का स्पेस अतिशीघ्र बढ़ा दिया जाये ! मंच के फीडबैक की देखभाल के लिए कृपया किसी को नियुक्त करें ! यहांपर ब्लागरों की जल्दी कोई सुनवाई नहीं होती है ! ये बहुत अफ़सोस की बात है ! कृपया इस ओर ध्यान दें ! सादर धन्यवाद !

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
October 15, 2014

जागरण जंक्शन परिवार को सादर अभिवादन । पहले भी कई बार निवेदन कर चुका हूं । मुझे उपलब्ध कराई गई 10 एम.बी की स्पेस लगभग खत्म होने को है अगर इसे खत्म होने से पूर्व बढा दें तो मेरा लेखन सुचारू रूप से चलता रहेगा अन्यथा बहुत संभव है मैं कोई पोस्ट न डाल सकूं अत: निवेदन है कि पूर्णत: समाप्त होने से पूर्व स्पेस बढाने की कृपा करें । आपका आभारी रहूंगा ।

yamunapathak के द्वारा
October 10, 2014

आदरणीय संपादक महोदय जी सादर नमस्कार यह प्रतिष्ठित मंच लोगों को लेखन से जोड़ कर उन्हें नित्य नव विचार आचार व्यवहार से परिष्कृत कर रहा है यह एक थेरपी सा है.कई गृहणियां जो एक दूसरे से विचार साझा करती हैं ….लिंग भेद की सीमाओं से दूर …सुविचारों से पोषित हो पाती हैं वह अनजाने ही उन्हें सशक्त भी करता है और ज़िंदगी के मायने भी बताता है.एक अच्छा विचारही अच्छा कार्य भी बनता है….यह ज़रूर है कि इसे संचालित करने में वक़्त लगता है पर आपका यह नेक कार्य हिन्दी भाषा को एक अनोखा आयाम दे रहा है ….कईयों के लिए क्रोध,चिंता भटकाव से उबरने की दिशा में थेरपी का कार्य कर रहा है….बस इतनी विनती है कि इसकी नियमितता और बरकरार रहे. आपका अतिशय आभार

    Feedback के द्वारा
    March 13, 2015

    आदरणीया यमुना पाठक जी, निरंतर फीडबैक के लिए आपको आभार. आपके सभी सुझावों पर ध्यान दिया जाएगा.

s.p. singh के द्वारा
October 7, 2014

आदरणीय जागरण जंक्सन टीम : महोदय पिछले चार पांच या यूँ कहे की पहली अक्टूबर से मेरा ब्लॉग अस्त व्यस्त हो गया है न तो उस पर पोस्ट लिखी जा सकती है और अगर कही और से लिख कर पब्लिश करने की कोशिस की गई तो वह भी नहीं हो पा रहा है , अत आप से निवेदन है कि कृपया आप उचित कार्यवाही करके मुझे नियमित ब्लॉग लिखने कि सुविधा देंगे : धन्यवाद . एस पी सिंह,

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
September 17, 2014

जागरण जंक्शन परिवार  एवं संचालक महोदय से पुन: निवेदन है कि कृपया मेरे ब्लाग की स्पेस बढाने की कृपा करें 10 एम.बी. की स्पेस लगभग खत्म होने को है । इसके पूर्व भी आपसे निवेदन कर चुका हूं । कृपया समय निकाल कर हमारी छोटी छोटी समस्याओं और सुझावों को देखने की कृपा अवश्य करें ।

sadguruji के द्वारा
September 13, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! सादर हरिस्मरण ! महोदय आपसे निवेदन है कि हिंदी दिवस पर किसी प्रतियोगिता का आयोजन करें अथवा इससे संबंधित ब्लॉग लिखने के लिए ब्लागरों को आमंत्रित करें ! इस बार हिंदी दिवस पर आपने ब्लॉग लेखन का कोई आयोजन करने में में अबतक रूचि कोई नहीं ली है,ये बहुत दुखद है ! इस समय मोदी जी की हिंदी प्रेमी सरकार है ! ब्लागरों के अच्छे सुझाव उन तक पहुँचते तो शायद उनपर अमल भी होता ! आपसे एक बड़ी चूक हो रही है ! हिंदी दिवस पर देर से ही सही,परन्तु अब भी तत्काल किसी आयोजन की घोषणा करें ! आपसे एक और निवेदन है कि जागरण जंक्शन मंच के फीडबैक को प्रतिदिन देखने के लिए किसी को नियुक्त करें ! यहांपर ब्लागरों की समस्यायों को पढ़ने और जबाब देने वाला कोई नहीं है ! वरिष्ठ ब्लागरों को परेशान देखकर मुझे बहुत दुःख होता है ! वे लोग इस मंच की शोभा हैं ! इस मंच की बौद्धिक सम्पदा हैं ! ये मंच उन्ही के कारण प्रतिष्ठित और अनुपम बना हुआ है ! कृपया फीडबैक को सक्रीय करने की तरफ तुरंत ध्यान दें ! ह्रदय से आभार और धन्यवाद !

    Feedback के द्वारा
    March 13, 2015

    आदरणीय सद्गुरु जी विलंब के लिए खेद है, आपके इस सुझाव पर अमल किया जाएगा

yamunapathak के द्वारा
September 12, 2014

आदरणीय संचालक महोदय जी यमुना का सादर नमस्कार मान्यवर, पिछले कुछ दिनों से मैं जब भी ब्लॉग टाइप करने की कोशिश कर रही हूँ HTML पर क्लिक करने से कोई रिजल्ट नहीं मिलता और शब्द बिलकुल टाइप नहीं हो रहे हालांकि dash बोर्ड ओपन हो जाता है.आप को मालूम है अपने इस अनुपम मंच से दूर मैं ज्यादा देर नहीं रह सकती,ब्लॉग्स लिखने के लिए हिन्दी दिवस सा अवसर चूक ना जाऊं मेरे लिए यह भी एक अहम बात है ..कई विषयों पर विचार हैं ब्लॉग का ड्राफ्ट भी तैयार नहीं कर पा रही हूँ .आशा है आप इस दिशा में मेरी त्वरित मदद करेंगे.मैं कृतज्ञ हूँ कि हमें आपने एक ऐसा प्लेटफार्म दिया जो पूर्णतः निःशुल्क है और हम सब हिन्दी भाषा के बहुत ही अदने से ब्लोग्गेर्स को अपने विचार इतने प्रतिष्ठित माध्यम से साझा करने का सुअवसर दिया है .आप को पता है इस सम्मानीय मंच से जुड़ कर मुझे अब सिर्फ सामाजिक ,आर्थिक ,विषयों की तरफ रूझान के साथ साथ राजनीति जैसी कभी रुचिकर ना लगाने वाले विषय के प्रति भी रूझान हो गया है.जब किसी संस्था से हम इस तरह लाभान्वित होते हैं तो हमारी रूचि और सम्मान दोनों ही संस्था के प्रति दुगुनी रफ़्तार से बढ़ने लगती है. हिन्दी दिवस पर इस प्रतिष्ठित अनुपम मंच की वैचारिक दुनिया से जुड़े प्रत्येक सदस्य को बहुत सारी शुभकामना आपका अतिशय धन्यवाद.

    yamunapathak के द्वारा
    September 14, 2014

    आदरणीय संचालक महोदय जी सादर नमस्कार आज हिन्दी दिवस के अवसर पर मुझे अपने इस अनुपम मंच की तरफ से बहुत ही सुन्दर उपहार मिला आपको बताना चाहूंगी बहुत महीनों से मैं ब्लॉग्स पर तसवीरें attach नहीं कर पा रही थी और अब जबकि मैंने कम्प्यूटर में फोटो तकनीक भी थोड़ी बहुत सीख ली है ब्लॉग्स पर उसे शेयर नहीं कर पाने की यह असमर्थता खल रही थी पर आज तो मानो जादू सा ही लगा मैं जिन सभी तकनीक दिक्कतों का सामना कर रही थी सभी दूर हो गईं .अब मैं अपने पसंदीदा ब्लॉग मंच पर दोगुनी उत्साह के साथ अपना काम कर पाउंगी .आज के दिन इससे महत्वपूर्ण और अमूल्य उपहार और कोई हो ही नहीं सकता . आपका बहुत बहुत आभार अपनी राष्ट्रभाषा के प्रचार प्रसार में आप जैसे विशाल सागर की एक बूँद जैसे हैं हम सब हिन्दी भाषा की यह पावन गंगा अपने विशुद्ध रूप में जन जन को सिंचित करती रहे …मेरी यही शुभकामना है. यमुना

yamunapathak के द्वारा
September 11, 2014

आदरणीय संचालक महोदय जी सादर नमस्कार कुछ दिनों से मैं ब्लॉग टाइप करने में तकनीक कारणों से सफल नहीं हो पा रही हूँ साइट और पेज दोनों ओपन होते हैं पर HTML पर क्लिक करने से कोई रिजल्ट नहीं मिल पाता…आपसे सादर अनुरोध है कि इस दिशा में मेरी मदद करें .आपकी आभारी रहूंगी. आपका बहुत बहुत धन्यवाद

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
September 11, 2014

महोदय, चाहता हूं जागरण जंक्शन में मेरा लेखन सुचारू रूप से चलता रहे लेकिन इसके लिए जरूरी है कि स्पेस खत्म होने से पहले मेरी स्पेस बढा दी जाए । लेकिन शंका है कि ऐसा हो पायेगा । इस पेज पर भी निवेदन करने का अभी तक कोई परिणाम प्राप्त नहीं हुआ । आप कब देखेंगे पता नहीं । सादर

एल.एस.बिष्ट् के द्वारा
August 29, 2014

महोदय, जागरण जंक्शन से जुडना मेरे लिए सुखद अनुभव रहा है । वैसे भी जागरण से बतौर लेखक मेरा बहुत पुराना रिश्ता रहा है । 80 व 90 के द्शक मे मेरे सामयिक विषयों पर लेख साप्ताहिक परिशिष्ट मे नियमित प्रकाशित होते रहे । 2003 के बाद लेखन छूट सा गया था अब फिर नये सिरे से शुरूआत की है । समस्या यह है कि उपलब्ध कराई गई 10 एम.बी की स्पेस लगभग ख्त्म होने को है । ब्लाग मे नियमित लेखन जारी रखने के लिए कृपया स्पेस बढाने की कृपा करे। आभार

एल.एस. बिष्ट् के द्वारा
August 26, 2014

महोद्य, सादर अभिवाद्न । समस्या यह है कि मुझे उपलब्ध कराई गई 10 एम. बी की स्पेस अब लगभग ख्त्म होने को है अनुरोध है कि इसे बढाने की कृपा करें । आभार

sadguruji के द्वारा
August 26, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय सादर अभिनन्दन ! आपका जबाब पढ़कर ख़ुशी हुई कि अन्तोगत्वा जागरण जंक्शन परिवार की तरफ से जबाब मिला और मेरी समस्या का समाधान हुआ ! मेरे ब्लॉग का स्पेस 25MB बढ़ा दिया गया है,जो कि काफी समय तक के लिए पर्याप्त है ! स्पेस बढाने के लिए जागरण जंक्शन परिवार को बहुत बहुत धन्यवाद ! परन्तु मेरी एक शिकायत भी है कि कृपया आप अपने फीडबैक को चुस्त दुरुस्त कीजिये,क्योंकि वहांपर ब्लॉगर मित्रों की समस्याओं और सवालों की जल्दी कोई सुनवाई नहीं होती है ! कृपया आप इस बड़ी समस्या पर जरूर ध्यान दें !

sadguruji के द्वारा
August 25, 2014

स्पेस नहीं बढ़ने से मेरे ब्लॉग की अंतिम पोस्ट-सद्गुरुजी http://sadguruji.jagranjunction.com/2014/08/17/%E0%A4%9C%E0%A4%BE%E0%A4%97%E0%A4%B0%E0%A4%A3-%E0%A4%9C%E0%A4%82%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%B6%E0%A4%A8-%E0%A4%AE%E0%A4%82%E0%A4%9A-%E0%A4%A6%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%BE-%E0%A4%B8/

    Social Issues Blog के द्वारा
    August 25, 2014

    आदरणीय महोदय, हमें खेद है कि आपके ब्लॉग के स्पेस को बढ़ाने की कार्यवाही करने में थोड़ा समय लगा क्योंकि त्यौहारों के मौसम की वजह से काम काफी बाधित हो गया था परंतु अब आपकी परेशानी को हल कर दिया गया है। अब आप बिना किसी व्यवधान के अपने मौजूदा ब्लॉग का प्रयोग लेख लिखने के लिए कर सकते हैं। उम्मीद है कि आप मंच पर अपनी मौजूदगी पहले की ही तरह बरकरार रखेंगे। सहयोग के लिए धन्यवाद,  जागरण जंक्शन परिवार

sadguruji के द्वारा
August 25, 2014

मेरे पास लिखने को स्पेस शेष नहीं बची है.(20MB Space Allowed And 20MB (100%) Space Used).अब मुझे क्या करना चाहिए ! क्या आप स्पेस बढ़ाएंगे या नहीं ? क्या मुझे नया ब्लॉग बनाना चाहिए या नही ? मैं चाहता हूँ कि जागरण जंक्शन परिवार कुछ तो जबाब दे ! पिछले कई महीने से किसी भी ब्लॉगर के सवाल या समस्या का जबाब नहीं दे रहे हैं ! ये केवल ब्लॉगरों की ही नहीं बल्कि फीडबैक की भी तौहीन है ! ऐसे जबाब न देने वाले महत्वहीन फीडबैक का फायदा क्या है ?

RAMESH AGARWAL के द्वारा
August 20, 2014

                                                            जय श्री राम मान्यवर हमारा पासवर्ड मिस हो रहा है जब हम नए के लिए अप्लाई करते एक मैसेज आ जाती की इ-मेल नहीं पॉंच पा रहा जबकि एक २८ जुलाई को हमारे इ-मेल में मिल गया था पर एक्टिवटे नहीं हो पाया.हम बहुत परेशान है एक ब्लॉग तैयार है कृपा मार्गदर्शन करे.धन्यवाद. रमेश अग्रवाल,कानपूर          

sadguruji के द्वारा
August 18, 2014

आदरणीय सिंह साहब ! हार्दिक अभिनन्दन ! दिन मंगलमय हो ! सिंह साहब आप निश्चिन्त रहें,मैं मंच छोड़कर नहीं जा रहा हूँ ! समय और ईश्वर की इच्छा जबतक होगी,तबतक मैं मंच पर मौजूद रहूँगा ! मेरी निजी धारणा है कि किसी भी चीज को अपनी ओर से न पकड़ो और न छोडो ! समय ओर ईश्वर जब चाहेंगे तो जो छूटना होगा,वो अपने आप छूट जायेगा ! यदि मैं चाहता तो चुपचाप नया ब्लॉग बना लेता,परन्तु मैंने ऐसा नहीं किया ! अभी मैं नया ब्लॉग बनाने नहीं जा रहा हूँ ! मैं चाहता हूँ कि जागरण जंक्शन परिवार कुछ तो जबाब दे ! वे किसी भी ब्लॉगर के सवाल या समस्या का जबाब नहीं दे रहे हैं ! ये केवल ब्लॉगरों की ही नहीं बल्कि फीडबैक की भी तौहीन है ! ऐसे जबाब न देने वाले महत्वहीन फीडबैक का फायदा क्या है ? वो जबाब भी देंगे और स्पेस भी बढ़ाएंगे ! आपका सुझाव अच्छा लगा कि चित्रों का प्रयोग कम किया जाये ! आप निश्चिन्त रहिये मेरे भीतर के भगवान कृष्ण यही कहते हैं कि वो जबाब भी देंगे और स्पेस भी बढ़ाएंगे ! सहयोग और समर्थन के लिए ह्रदय से आभार !

PRADEEP KUSHWAHA के द्वारा
August 15, 2014

आदरणीय महोदय जी सादर आज दिनांक २८-४-२०१४ को मैने अपने ब्लॉग देखे . अंतिम ब्लॉग से आगे तक ब्लॉग दूसरे लेखक के ब्लॉग पर दिख रहे हैं. कृपया ठीक करने का कष्ट करें. सादर ये फीड बेक भी लावण्या विमोचन के ब्लॉग पर दिख रहा है ये निवेदन २८-४-१४ क० आपसे किया था , आज भी वही हालत है, मेरी पोस्ट पर सामग्री दूसरे लेखक की है. और मेरी गायब है. अब दुबारा कैसे उस रचना को रचा जाए. क्या मेरा निवेदन आपके संज्ञान में लेने हेतु पात्र नही है.  सादर उचित कार्यवाही  हेतु निवेदन है. 

sadguruji के द्वारा
August 11, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय सादर अभिनन्दन ! निवेदन है की मेरा ” 20MB space Allowed ” लगभग ख़त्म होने को है ! आपसे निवेदन है कि मेरा ” Space Allowed ” शीघ्र से शीघ्र बढ़ा दिया जाये,ताकि मुझे नए लेख लिखने में परेशानी न हो ! हार्दिक आभार ! निवेदक:-सद्गुरुजी

sadguruji के द्वारा
August 11, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय ! निवेदन है की मेरा ” 20MB space Allowed ” लगभग ख़त्म होने को है ! आपसे निवेदन है कि मेरा ” Space Allowed ” शीघ्र से शीघ्र बढ़ा दिया जाये,ताकि मुझे नए लेख लिखने में परेशानी न हो ! हार्दिक आभार ! निवेदक:-सद्गुरुजी

Manoj के द्वारा
August 8, 2014

जागरण जंक्शन मंच पर बहुत ही बडी समस्या आ गई है लगता है. मेरे ब्लॉग कई ब्लॉगों पर कंटेट किसी और का आ रहा है.. और मैं अपनी क्या कहूं अगर आप लोग ध्यान दें तो खुद फीडबैक का कंटेट बदल चुका है… Guys, this is a serious issue. कम से कम यूजरस को एक डिस्केलमर तो दे दो कि हां यह एक तकनीकी समस्या है. और सबसे पहले तो यह बताने का कष्ट करें कि मेरे ब्लॉग जो खो चुके हैं वह कैसे मिलेंगे .. उदाहरण के लिए यह आर्टिक्ल देखें http://manojkumarsah.jagranjunction.com/2010/04/27/%E0%A4%85%E0%A4%97%E0%A4%B0-%E0%A4%AF%E0%A4%B9%E0%A5%80-%E0%A4%9C%E0%A4%BF%E0%A4%A8%E0%A5%8D%E0%A4%A6%E0%A4%97%E0%A5%80-%E0%A4%B9%E0%A5%88-%E0%A4%A4%E0%A5%8B-%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%BE/

nishamittal के द्वारा
August 3, 2014

महोदय ,जागरण साईट पर डेशबोर्ड में मेरे कमेन्ट ये सन्देश लिखने के समय १३०४६ कमेन्ट हैं जबकि मेरे पेज पर केवल १२७६७ कृपया इतने बड़े अंतर को ठीक करने का कष्ट करें.धन्यवाद

Rajesh Dubey के द्वारा
August 2, 2014

संपादक जी नमस्कार मेरे ब्लॉग्स के बहुत सारे लेखों के जगह पर शेरो-शायरियां दिख रही है. किसी शरारती तत्व द्वारा इस तरह की हरक्कत सोचनीय और गंभीर है. कृप्या इस पर उचित कदम उठायें.

dineshaastik के द्वारा
July 28, 2014

आदरणीय सम्पादक महोदय जी, चमत्कार चमत्कार चमत्कार। जागरण जंक्शन में हो गई उथल पुथल।  मेरी पोस्ट ”ईश्वर, धर्म और विज्ञान” के स्थान पर प्रगट हो रही हैे शिव जी की आरती। मेरे पोस्ट पर किये गये लगभग 3000 कमेन्ट घटकर लगभग 2000 रह गये। या तो इसे चमत्कार घोषित करे   या फिर सुधार करें http://dineshaastik.jagranjunction.com/2012/04/30/%E0%A4%88%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%B0-%E0%A4%A7%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%AE-%E0%A4%94%E0%A4%B0-%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%9C%E0%A5%8D%E0%A4%9E%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A4%BE/

jlsingh के द्वारा
July 27, 2014

अच्छी कविता है जवाहर जी आजकल साइट पर टाइपिंग दिक्कत आ रही है सब पंक्तियाँ एक ही क्रम में हो जा रही हैं गद्य पद्य का अंतर नहीं बन पा रहा है. साभार jlsingh के द्वारा July 27, 2014 आदरणीय यमुना जी, सादर अभिवादन! यह तो मैंने अभी अभी देखा है. अब तक ऐसा टिप्पणियों में होता था अब ब्लॉग में भी होने लगा. जागरण जंक्सन खुलने में और एक्टिवटे होने में भी काफी समय लगता है. जागरण की तकनीकी टीम को ध्यान देना चाहिए …आपकी प्रतिक्रिया का आभार! काफी लोगो शिकायत कर चुके हैं उम्मीद है जागरण की तकनीकी टीम ध्यान देगी…

Santlal Karun के द्वारा
July 27, 2014

सम्पादक श्री,  जागरण जंक्शन, महोदय,        निवेदन है कि मेरी समस्त पोस्ट विशेष रूप से पद्य के पैराग्राफ पूरी तरह बिगड़ गए हैं और कविताएँ गद्य-जैसी दिखाई दे रही हैं | ऐसा क्यों और कैसे हुआ समझ में नहीं आता | कृपाकर इसे ठीक कीजिए या निदान हेतु उपाय बताइए | …सादर एवं सद्भावनाओं सहित !

sadguruji के द्वारा
July 26, 2014

आदरणीय संपादक महोदय ! सादर अभिनन्दन ! सबकी रचनाएँ डिस्टर्व दिखाई दे रही हैं ! पद्य गद्य बन गया है और लेखों के पैराग्राफ गायब हो गए हैं ! सब आपस में मिलकर खिचड़ी बन गया है ! कृपया रचनाओं को पूर्व की भांति व्यवस्थित करने का कोई उपाय करें ! इस बारे में कोई स्पष्टीकरण दें कि ऐसा क्यों हो रहा है ! ब्लॉगर साथियों को ये भ्रम हो रहा कि कहीं उनका कंप्यूटर या फिर इंटरनेट ब्राउसर तो नहीं खराब है ! कृपया इस तकनिकी समस्या का शीघ्र से शीघ्र निदान करें ! सादर धन्यवाद !

Ashish के द्वारा
July 16, 2014

http://datingtips.jagranjunction.com/2012/10/25/ladki-patane-ke-tarike is link par mera no daala gaya hai sonia roy ke naam se so plzz ise yaha se delete kar dijiye…balki saare no hata dijiye …..kripya jaldi se no hata dijiye warna mujhe cyber cell ke paas jana pdega so kindly plz do this favour 4 me

satish kumar के द्वारा
July 5, 2014

SAI BABA MERA PROBLEM KO SOLVE KARO

sadguruji के द्वारा
July 3, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय ! निवेदन है की मेरा ” 20MB space Allowed ” लगभग ख़त्म होने को है ! आपसे निवेदन है कि मेरा ” Space Allowed ” शीघ्र से शीघ्र बढ़ा दिया जाये,ताकि मुझे नए लेख लिखने में परेशानी न हो ! हार्दिक आभार ! निवेदक:-सद्गुरुजी (राजेंद्र ऋषि)

sadguruji के द्वारा
July 3, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय..निवेदन है कि ये वेबसाइट दिन में बारह बजे से लेकर शायं ६ बजे तक खुलती नहीं है या फिर बहुत लम्बे समय बाद खुलती भी है तो इतनी स्पीड स्लो रहती है कि कुछ लिखना संभव नहीं हो पता है ! कृपया इस तकनीकी समस्या को दूर कीजिये ! सादर धन्यवाद !

Nirmala Singh Gaur के द्वारा
July 1, 2014

आदरणीय सम्पादक ,जागरण जंक्शन ,सादर शुभ कामनाएं ,आपने जो सम्मान और प्रोत्साहन दिया उसके लिए आपकी हार्दिक आभारी हूँ ,दैनिक जागरण के ३० जून २०१४ के संस्करण में मेरी कविता “अहसास तो हो “का अंश प्रकाशित करने के लिए बहुत बहुत धन्यबाद ,लेकिन जो लिंक दिया है वो खुल नहीं रहा ,कृपया कोई त्रुटि हो तो देख ले ,या पुनह प्रकाशित करें ,आपके सहयोग के लिए अनुग्रहीत हूँ ,सादर

Nirmala Singh Gaur के द्वारा
July 1, 2014

आदरणीय सम्पादक ,जागरण जंक्शन ,सादर शुभ कामनाएं ,आपने जो सम्मान और प्रोत्साहन दिया उसके लिए आपकी हार्दिक आभारी हूँ ,दैनिक जागरण के ३० जून २०१४ के संस्करण में मेरी कविता का अंश प्रकाशित करने के लिए बहुत बहुत धन्यबाद ,लेकिन जो लिंक दिया है वो खुल नहीं रहा ,कृपया कोई त्रुटि हो तो देख ले ,या पुनह प्रकाशित करें ,आपके सहयोग के लिए अनुग्रहीत हूँ ,सादर

sadguruji के द्वारा
June 29, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! महोदय सादर अभिनन्दन ! निवेदन है की मेरा ” 20MB space Allowed ” लगभग ख़त्म होने को है ! आपसे निवेदन है कि मेरा ” Space Allowed ” शीघ्र से शीघ्र बढ़ा दिया जाये,ताकि मुझे नए लेख लिखने में परेशानी न हो ! हार्दिक आभार ! निवेदक:-सद्गुरुजी (राजेंद्र ऋषि)

Manoj के द्वारा
June 23, 2014

नमस्कार, http://manojkumarsah.jagranjunction.com/2014/06/23/manmohan-singh-image-after-election-2014/ आज मैंने काफी दिनों बाद जंक्शन पर एक ब्लॉग डाला.. तमाम कोशिशों के बाद भी मैं इस ब्लॉग की सही फॉर्मेटिंग नहीं कर सका जैसे एक ही लाइन में काफी लंबा कंटेट जा रही है? सही से जस्टिफाई नहीं हो पारी हैं लाइनें आदि कई समस्याएं है?   क्या यह समस्या मेरे सिस्टम से जुड़ी है या फिर बैकेंड से यह समस्या आ रही है। कृप्या मेरे मेल पर इस समस्या का समाधान बताएं :) धन्यवाद

sadguruji के द्वारा
June 21, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ! सादर अभिनन्दन ! महोदय..निवेदन है कि ये वेबसाइट दिन में बारह बजे से लेकर शायं ६ बजे तक खुलती नहीं है या फिर बहुत लम्बे समय बाद खुलती भी है तो इतनी स्पीड स्लो रहती है कि कुछ लिखना संभव नहीं हो पता है ! कृपया इस तकनीकी समस्या को दूर कीजिये ! सादर धन्यवाद !

Nitin Sharma के द्वारा
June 16, 2014

I’ve registered last night on jagranjunction with username nitinsharma but unfortunately till morning my account was suspended without any notice. Please do let me know the valid reason and do renew my account as soon as possible. Thanks nitinsharma.jagranjunction.com

sumedh के द्वारा
May 29, 2014

आत्मा एक अंधविश्वास है | 4. चौथा प्रयोग – विदेशी संस्कृति के कुछ दलाल सम्पूर्ण मनुष्य समाज को इस धारणा से भी दिग्भ्रमित करते हैं कि जब प्राणी मरता है , तो उसकी देह से आत्मा फुर्र निकल कर दूसरे शरीर में प्रवेश कर जाती है | यदि मरते समय किसी प्राणी को कांच के बॉक्स में बंद कर दिया जाता है , तो आत्मा कांच के बॉक्स को भी तोड़ कर निकल जाती है | आत्मा की उपस्थिति को सत्यापित करने के लिए कांच का एक बंद बॉक्स या पारदर्शी पोलीथीन लेते हैं | बॉक्स या पालीथीन में कुछ जहरीला पदार्थ रख देते हैं और बॉक्स या पालीथीन में कुछ केंचुए , मक्खी , कोकरोज या कुछ अन्य कीटाणु रख देते हैं और बॉक्स या पालीथीन को अच्छी प्रकार से सील कर देते हैं | थोड़ी देर बाद कांच के बॉक्स या पालीथीन में उपस्थित सभी जीव – जंतु मर जाते हैं | यदि उनके मरने पर बॉक्स या पालीथीन फट जाते हैं , तो निश्चित रूप से यह धारण प्रमाणित होगी कि आत्मा नाम की कोई वस्तु होती है | यदि बॉक्स या पालीथीन नहीं फटते हैं , तो यह सिद्ध होगा कि आत्मा नाम की कोई वस्तु नहीं होती है | महज मनुष्यों को दिग्भ्रमित करने के लिए यह एक कल्पना है , अंधविश्वास है | इस प्रयोग के प्रतिपादित करने पर न तो बॉक्स फटा , न ही पोलीथीन | इससे सिद्ध होता है कि आत्मा नाम की कोई वस्तु नहीं होती है | ज्यादा जानकारी के लिए पढ़ें – धर्म विज्ञान – 2 . यदि देश से अंधविश्वास को मिटाना है , तो ऐसे जनजागृति सन्देश जन जन तक पहुंचाना है , तभी हम हमारे देश को अंधविश्वास मुक्त बना सकते हैं |

sumedh के द्वारा
May 29, 2014

हम सब भारतवासी कौन हैं ? सम्पूर्ण भारतवासी एक माँ की सन्तान हैं , लेकिन विदेशी घुसपेठियों ने अपने देश में आकर भाईचारे की एकता को छिन्न –भिन्न कर दिया | तीनों विदेशी संस्कृतियों ने भारत में आकर ऐसे बीज बोए कि उनकी फसल आज तक भारतीय नागरिक काट रहे हैं और अपने कर्मों को कोस रहे हैं | भारत की एक माँ से उत्पन्न सभी संतानें तीनों विदेशी संस्कृतियों के गुमान में एक दूसरे की जान की दुश्मन बनी हुई हैं | तीनों संस्कृतियों के अंधविश्वास में आकर अब तक लाखों भारतीय आपस में लडकर जान गंवा बैठे हैं | सर्वप्रथम भारत में आर्य संस्कृति आर्यों द्वारा लाई गई , जिन्होंने भारतीय भाइयों के बीच ऐसी संस्कृति परोसी कि सबसे पहले वर्ण व्यवस्था के आधार पर सब भारतीय भाई चार भागों में विभक्त हुए और उसके बाद हजारों जातियों में विभक्त करके आर्यों ने भारतीय नागरिकों पर राज्य किया और भारतीय नागरिकों की एकता को छिन्न-भिन्न कर दिया | फिर मुग़ल आए और उन्होंने भारतीय राजनीति पर कब्जा कर यहाँ के नागरिकों को धर्मों की झूठी कल्पना के आधार विभाजित कर दिया | उसके बाद अँग्रेज आए और उन्होंने भारतीय राजनीति पर कब्जा कर अपनी संस्कृति को बढ़ाने के लिए भारतीय नागरिकों को गरीवी – अमीरी के आधार पर विभाजित कर दिया | तीनों संस्कृतियों द्वारा तरह – 2 के काल्पनिक भगवानों एवं ग्रन्थों की रचना करके अपनी संस्कृति को फैलाया | आर्यों ने अपनी संस्कृति को संस्कृत भाषा के माध्यम से फैलाया , मुगलों ने उर्दू के माध्यम से और अंग्रेजों ने अंग्रेजी के माध्यम से फैलाया , यह तीनों भाषाएँ विदेशी संस्कृतियों की देन हैं , जिनके सभी भारतीय नागरिक आज भी गुलाम बने हुए हैं और इन विदेशी संस्कृतियों के गुमान में आज भी भारतीय एक दूसरे के खून के प्यासे बने हुए हैं | क्या हम आर्य संस्कृति के वंशज हैं , बिल्कुल नही | क्या हम मुग़ल संस्कृति के वंशज हैं , बिल्कुल नही | क्या हम ईसाई संस्कृति के वंशज हैं , बिल्कुल नही | हम भारतीय हैं , हमारी भाषा हिंदी है और हम सम्पूर्ण भारतीय द्रविड़ वंशी हैं , जिनकी संस्कृति मानवतावादी रही है | जो सम्पूर्ण भारतीय भाइयों को समानता और एकता के सूत्र में बांधती है और ईश्वर – भगवानों के नाम पर फैला रखी अंधविश्वासी संस्कृतियों का विरोध करती है |

sanjay kumar garg के द्वारा
May 27, 2014

आदरणीय संपादक महोदय! सादर नमन! निवेदन है, कि मेरे ब्लॉग पर आने वाले कॉमेंट्स की मुझे मेरी मेल पर जानकारी नहीं मिल रही है, ना ही मेरे ब्लॉग फीचर्ड हो रहें हैं और ना ही मुझे जागरण के सम्पादकीय पेज पर प्रकाशित होने वाले अपने ब्लॉग की मेल प्राप्त हो पाती है! कृपया जल्द से जल्द मेरी समस्या का समाधान करने का कष्ट करें! धन्यवाद!

sanjay kumar garg के द्वारा
May 24, 2014

आदरणीय संपादक महोदय! सादर नमन! निवेदन है, कि मेरे ब्लॉग मे आने वाले कॉमेंट्स की मुझे मेरी मेल पर जानकारी नहीं मिल रही है, ना ही मेरे ब्लॉग फीचर्ड हो रहें हैं! कृपया इसका समाधान करने का कष्ट करें! धन्यवाद!

manjukatiyar के द्वारा
May 23, 2014

मैने दिनांक 23-5-2014 को सांय चार बजे पुनः अपना ब्लाग बनाया । आठ घंटे से अधिक व्यतीत हो  जाने के उपरांत इस बार भी मुझको अपने ईमेल बाक्स में अभी तक पासवर्ड प्राप्त नहीं हुआ है । मैने  अपना स्पैम बाक्स भी चैक कर लिया है । उसमें भी कोई ईमेल नहीं है । कृपया ब्लाग बनाने में मेरी  सहायता करें । 

manjukatiyar के द्वारा
May 22, 2014

I have registered myself for a new blog on 21-05-2014 , but i have yet not recived my password in my email inbox

    Feedback के द्वारा
    May 22, 2014

    आदरणीया मंजू जी, कृपया अपना स्पैम बॉक्स चेक करें. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

PRADEEP KUSHWAHA के द्वारा
April 28, 2014

आदरणीय महोदय जी सादर आज दिनांक २८-४-२०१४ को मैने अपने ब्लॉग देखे . अंतिम ब्लॉग से आगे तक ब्लॉग दूसरे लेखक के ब्लॉग पर दिख रहे हैं.  कृपया ठीक करने का कष्ट करें.  सादर ये फीड बेक भी लावण्या विमोचन के ब्लॉग पर दिख रहा है

rekhafbd के द्वारा
March 25, 2014

आदरणीय महोदय ,मेरा यह ब्लॉग फीचर नही हुआ ,कृपया देखें jagranjunction.com 1:45 PM (15 minutes ago) to me Dear User, Your फिर से खिलें गे फूल has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction Team

rekhafbd के द्वारा
March 12, 2014

आदरणीय महोदय ,मुझे जे जे से मेसेज मिला jagranjunction.com 12:02 PM (1 hour ago) to me Dear User, Your सफर has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम लेकिन यह फीचर नही हुआ है ,कृपया देखें ,आभार

nishamittal के द्वारा
March 12, 2014

मान्यवर महोदय, मेरी जागरण साईट पर प्राय ये समस्या रहती है कि अपडेट नहीं होती और कई दिन पुराणी पोस्ट ही दिखती रहती है,कृपया इसका समाधान कने का कष्ट करें

    sadguruji के द्वारा
    March 12, 2014

    आदरणीया निशा मित्तलजी,सादर अभिवादन ! ऐसी ही समस्या मेरे कम्प्यूटर में भी थी.ये आपके इंटरनेट ब्राउज़र की समस्या हैं.मैंने अपनी एक शिष्या स्नेहाजी से इस बारे में बात की थी,जो कि सॉफ्टवेयर इंजिनियर हैं.उन्होंने मुझे बताया कि firefox browser की history फिर clear recent history में जाकर clear aal history में Everything सेलेक्ट कर निचे clear now पर क्लीक कर दीजिये.अब ब्राउज़र क्लोज कर फिर से ओपन कीजियेगा तो जागरण ब्लॉग पर सबकुछ apdate मिलेगा.आप एक बार इसे प्रयोग कर देखिये.सफलता मिले तो स्नेहजी को धन्यवाद दीजियेगा और यदि ऐसा न हो तो मुझे क्षमा कीजियेगा.सादर.

rameshbajpai के द्वारा
March 11, 2014

महोदय मै कई दिन से अपनी पोस्ट को मंच पर भेजने का प्रयास कर रहा हु पर वह पहले कि तरह का आप्सन नहीं मिल रहा |all in one seo pack व word press में api key जैसा कुछ है यह आप कि तरफ से है या क्या , कृपया समाधान बताये ताकि कुछ लिख सकू

Sonam Saini के द्वारा
March 7, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन संचालक महोदय नमस्कार ……… महोदय मैंने 3 मार्च 2014 को एक ब्लॉग जागरण जंक्शन पर पोस्ट किया था जिसका लिंक मैं यहाँ दे रही हूँ, http://sainisoni.jagranjunction.com/2014/03/03/%E0%A4%B9%E0%A4%B0-%E0%A4%85%E0%A4%9A%E0%A5%8D%E0%A4%9B%E0%A5%87-%E0%A4%B6%E0%A4%AC%E0%A5%8D%E0%A4%A6-%E0%A4%B8%E0%A4%9A-%E0%A4%A8%E0%A4%B9%E0%A5%80-%E0%A4%B9%E0%A5%8B%E0%A4%A4%E0%A5%87/ ……. मेरी ये पोस्ट जे जे ने फीचर नही की ! क्या मैं इस पोस्ट को फीचर न करने का कारण जान सकती हूँ ? मैं लगभग एक सप्ताह के बाद ही अपनी कोई नही रचना जे जे पर पोस्ट करती हूँ फिर भी जे जे उसे फीचर नही करता ….क्यों ?????????

aasma के द्वारा
March 7, 2014

महोदय, मुझे आपकी मेल मिली है कि मेरी रचना “नर या नारी जाति है मनुष्य, पर कौन ज्यादा अत्याचारी” फीचर्ड हुई है ! लेकिन मैंने अभी तक फीचर्ड ब्लॉग में अपनी रचना नहीं देखी ! प्लीज देखें. लिंक है http://aasma.jagranjunction.com/2014/02/24/%E0%A4%A8%E0%A4%B0-%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%A8%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A5%80-%E0%A4%9C%E0%A4%BE%E0%A4%A4%E0%A4%BF-%E0%A4%B9%E0%A5%88-%E0%A4%AE%E0%A4%A8%E0%A5%81%E0%A4%B7%E0%A5%8D%E0%A4%AF-%E0%A4%AA/

R K KHURANA के द्वारा
February 27, 2014

महोदय, मुझे आपकी मेल मिली है कि मेरी रचना “मेरे प्रियतम जागरण जंक्शन” फीचर्ड हुई है ! लेकिन मैंने अभी तक फीचर्ड ब्लॉग में अपनी रचना नहीं देखी ! जब कि मेरी यह रचना “अधिक चर्चित” और “अधि मूल्यित” में दिखाई दे रही है ! कृपया देखे कि फीचर्ड ब्लॉग में क्यों नहीं आ रही ! धन्यवाद ! http://khuranarkk.jagranjunction.com/2014/02/18/%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%B0%E0%A5%87-%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%A4%E0%A4%AE-%E0%A4%9C%E0%A4%BE%E0%A4%97%E0%A4%B0%E0%A4%A3-%E0%A4%9C%E0%A4%82%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%B6/ राम कृष्ण खुराना

R K KHURANA के द्वारा
February 25, 2014

महोदय, मुझे आपकी मेल मिली है कि मेरी रचना “मेरे प्रियतम जागरण जंक्शन” फीचर्ड हुई है ! लेकिन मैंने अभी तक फीचर्ड ब्लॉग में अपनी रचना नहीं देखी ! जब कि मेरी यह रचना “अधिक चर्चित” और “अधि मूल्यित” में दिखाई दे रही है ! कृपया देखे कि फीचर्ड ब्लॉग में क्यों नहीं आ रही ! धन्यवाद ! राम कृष्ण खुराना

R K KHURANA के द्वारा
February 25, 2014

महोदय, मुझे आपकी मेल मिली है कि मेरी रचना “मेरे प्रियतम जागरण जंक्शन” फीचर्ड हुई है ! लेकिन मैंने अभी तक फीचर्ड ब्लॉग में अपनी रचना नहीं देखि ! कृपया देखे कि फीचर्ड ब्लॉग में क्यों नहीं आ रही ! धन्यवाद राम कृष्ण खुराना

sadguruji के द्वारा
February 17, 2014
rekhafbd के द्वारा
February 17, 2014

आदरणीय महोदय , jagranjunction.com 2:05 PM (1 hour ago) to me Dear User, Your ”इंतज़ार कुछ पल का ” has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम मेरी यह पोस्ट फीचर नही हुई ,प्लीज़ देखें

ajay kumar pandey के द्वारा
February 16, 2014

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार सप्रेम मेरी आपको एक शिकायत भी है और सुझाव भी मेरी इस साहित्य सरताज प्रतियोगिता के परिणाम से आपत्ति है मुझे यह चयन पूरी तरह अपारदर्शी लगता है में आपसे यह कहना चाहता हूँ कि आप अपने चयन में पारदर्शिता क्यों नहीं बरतते आपने मेरा चयन क्यों नहीं किया सिर्फ इसलिए क्योंकि मेरे समर्थन कम थे या फिर इसलिए कि मेरी रचना में कमी थी या इसलिए कि आपका निर्णायक मंडल अपने जान पहचान के ही लोगों को चुनता है मेरा सुझाव यह है कि आपने चयन में पारदर्शिता नहीं बरती अपने चयन में पारदर्शिता बरतिये नहीं तो इस अपारदर्शी चयन से किसी भी अच्छे लेखक को ठेस पहुच सकती है धन्यवाद सहित

February 11, 2014

आदरणीय एडमिन महोदय, मेरा विनम्र सुझाव है कि यदि यहाँ साइन इन यूजरों हेतु आपसी चैट की व्यवस्था हो जाए तो आपके मंच में एक और मोती जुड़ जाएगा। सादर।

rekhafbd के द्वारा
February 6, 2014

आदरणीय महोदय ,सादर मेरे एक मित्र से पता चला है कि मेरी पोस्ट पर कमेंट्स नही जा रहें ,कृपया देखिये ,हार्दिक धन्यवाद

rekhafbd के द्वारा
February 3, 2014

आदरणीय महोदय ,मेरी रचना आह फीचर नही हुई है कृपया देखें jagranjunction.com 11:32 AM (56 minutes ago) to me Dear User, Your आह– [कविता ]contest has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction Team

nishamittal के द्वारा
February 2, 2014

आदरनीय महोदय, जागरण की साईट मेरी ओर कुछ hanged है अतः ३ दिन पुरानी पोस्ट्स ही शो हो रही हैं पोस्ट जिसमें टॉप पर ***…….सीधी खरी बात…….*** RSS Feeds बेहतर प्रशासन बनाम न्यूनतम तैनाती आ रहा है कृपया इसको ठीक करने का कष्ट करें .

Dr S Shankar Singh के द्वारा
February 2, 2014

मेरा सुझाव है कि अगर आप उचित समझें तो लेखकों का संक्षिप्त परिचय भी छापा करें., धन्यवाद

nishamittal के द्वारा
February 1, 2014

मान्यवर महोदय जागरण का पेज खोलने पर मेरी ओर २ दिन पुराणी पोस्ट ही आ रही है ,जिसमें विनोद शुक्ल वाली टॉप पर दिख रही है जबकि होम पेज पर दूसरी हैं .शायद साईट कुछ HANGED है.कृपया ठीक करने का कष्ट करें

rekhafbd के द्वारा
January 31, 2014

आदरणीय महोदय मेरी पोस्ट फीचर्ड नही हुई प्लीज़ देखें jagranjunction.com 1:35 PM (3 hours ago) to me Dear User, Your अलादीन का जादुई चिराग–Contest has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction Team

nishamittal के द्वारा
January 30, 2014

आदरनीय  महोदय,                                     जागरण पर प्रकाशित मेरी लघु कथा  एक और एकलव्य पर मेरी हैं, साईट पर तीन कमेंट्स है जबकि रीडर ब्लॉग पर कमेन्ट शून्य दिखा रहा है,कृपया उसको ठीक करने का कष्ट करें

rekhafbd के द्वारा
January 27, 2014

आदरणीय महोदय ,मेरी यह लघु कथा फीचर नही हुई jagranjunction.com 10:56 AM (5 hours ago) to me Dear User, Your अपनापन[लघु कथा ]-Contest has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction Team

January 25, 2014

महोदय, लगता है कि आप जागरण जंक्शन को स्वयं नहीं पढ़ते. इस्मने रीडर्स ब्लॉग वाले भाग में प्राइवेट कंपनियों के विज्ञापन थोड़ी-थोड़ी देर बाद डाले जाते हैं. इस कारण जो गंभीर ब्लॉग लेखक हैं, उनकी पोस्ट बहुत पीछे चली जाती है और अगर कोई उस पर कमेंट करना भी चाहता है तो नहीं कर पाता. इसका कारण यह है कि जागरण जंक्शन में ब्लॉग पोस्ट करने पर कोई संख्यात्मक प्रतिबन्ध नहीं है. इसलिए मेरा सुझाव है कि आप प्रत्येक ब्लॉग लेखक पर प्रतिदिन अधिकतम एक या दो लेख डालने का नियम बना दें. इसके साथ ही विज्ञापन करने वाले ब्लोगों को पूरी तरह रोक दें. यदि आप ऐसा करेंगे तो अधिक लोग ब्लॉग से जुड़ेंगे और जागरण जंक्शन वास्तव में गंभीर चर्चा का मंच बन जायेगा. आशा है आप इस पर विचार करेंगे. धन्यवाद.

rekhafbd के द्वारा
January 22, 2014

आदरणीय महोदय ,जब मै अपनी पूर्व प्रकाशी रचना का लिंक पोस्ट करती हूँ तो वह पेस्ट हो जाता है और वहाँ क्लिक करने पर रचना नही खुल पाती ,कृपया समस्या का समाधान कीजिये ,आभार

rekhafbd के द्वारा
January 21, 2014

आदरणीय महोदय ,मैने अपनी कुछ लघु कथाएं पूर्व प्रकाशित वाली पोस्ट की है परन्तु उनकी शब्द सीमा 300 से कम है क्या वह कांटेस्ट में शामिल हो पायें गी ,कृपया स्पष्ट करें ,धन्यवाद

nishamittal के द्वारा
January 20, 2014

मान्यवर महोदय, पूर्व प्रकाशित पोस्ट या वर्त्तमान पोस्ट भी लोग आऊट करके पुनः लॉगिन करके भी मेरा लिंक नई वाली पोस्ट पर नहीं खुल पा रहा है कृपया मार्ग दर्शन दें

rekhafbd के द्वारा
January 18, 2014

आदरणीय महोदय ,मेरे पास यह मैसेज आया Dear User, Your ध्वजावरोहन समारोह वाघा बार्डर.. एक संस्मरण -contest has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम लेकिन मेरी पोस्ट फीचर्ड नही हुई ,कृपया देखिये ,धन्यवाद

anilkumar के द्वारा
January 16, 2014

प्रिय महोदय ,जब मै साहित्य सरताज की पोस्ट पर अपने आलेख का लिंक पोस्ट करता हूं , तो वह  काले रंग में प्रकट होता है , जब की अधिकांश के लिंक नीले रंग में प्रकट होते हैं , जिन पर क्लिक करते  ही ब्लाग आलेख खुल जाता है । जब कि काले रंग वाले लिंक पर ऐसा नहीं होता है । ऐसा क्यों है । नीले  रंग का लिंक लाने के लिये क्या करना चाहिये । इस विषय पर मार्गदर्शन करें तो अति कृपा होगी ।  धन्यवाद ।

nishamittal के द्वारा
January 14, 2014

मान्यवर महोदय, आलेख को आप आलोचना वाले वर्ग में सम्मिलित करेंगें क्या ? उनको सामजिक ,राजनैतिक आलोचना का नाम दिया जाय या उनको आप आलेख विधा लिखने पर भी स्वीकार करेंगें .कृपया उत्तर शीघ्र देने का कष्ठ करें

    Feedback के द्वारा
    January 14, 2014

    माननीय निशा मित्तल जी, साहित्य में लेख की विभिन्न शैलियों संस्मरण, सामान्य आलेख आदि की तरह ‘आलोचना’ भी एक विधा है। इसमें राजनीति, समाज, साहित्य, तकनीक या किसी भी विषय पर आप आलोचनात्मक शैली में आलेख लिखते हैं अर्थात संबधित विषय या मुद्दे के परिपेक्ष्य में उसके गुण-दोष, सार्थकता-निरर्थकता आदि पर चर्चा करते हुए आप अपनी सोच/भावनाओं को व्यक्त करते हैं। क्योंकि ‘साहित्य सरताज’ पूरी तरह साहित्य से जुड़ी प्रतियोगिता है इसलिए हमने साहित्य की अन्य महत्त्वपूर्ण शैलियों के साथ ‘आलोचनात्मक शैली’ को भी इसमें शामिल किया है। हमारी प्रतियोगिता शर्तों का ध्यान रखते हुए आप भी इस विधा में साहित्य, समाज और राजनीति पर आलोचनात्मक कृतियां शामिल कर सकती हैं।

    nishamittal के द्वारा
    January 14, 2014

    मान्यवर महोदय,                             सर्वप्रथम आभार ,त्वरित उत्तर हेतु. मेरा उद्देश्य ये जानना है कि यदि लिंक पोस्ट करते समय आलोचना के स्थान पर आलेख लिखा गया तो आप सम्मिलित करेंगें क्या प्रतियोगिता में.क्योंकि मैंने ऐसे २-३ आलेख आलोचना लिखने के स्थान पर आलेख लिख कर लिंक दे दिया.कृपया स्पष्ट करें

    Feedback के द्वारा
    January 15, 2014

    आदरणीया निशा मित्तल जी, नियमानुसार लिंक पेस्ट करते हुए अपने आलेख का वर्ग लिखकर फिर उसका लिंक पेस्ट करना होता है किंतु अगर आप अपने आलेख ऐसे डाल चुकी तो हैं तो कोई बात नहीं लेकिन आगे से कृपया आलेख वर्ग के साथ ही लिंक पेस्ट करें। अगर आप जंक्शन पर पूर्व में प्रकाशित किसी रचना को प्रतियोगिता में शामिल करना चाहती हैं तो प्रतियोगिता की अवधि के दौरान उस पोस्ट को ‘पुन: प्रकाशित’ कर इसमें शामिल कर सकती हैं किंतु पूर्व में प्रकाशित किसी रचना का ज्यों-का-त्यों पुराना लिंक पेस्ट करने पर प्रतियोगिता में शामिल नहीं किया जाएगा। आपके माध्यम से हम सभी पाठकों से अनुरोध करना चाहेंगे कि कि कृपया प्रतियोगिता के नियम एवं शर्तें दुबारा पढ़ लें।

JJ Blog के द्वारा
January 10, 2014

आदरणीय भगवान बाबू जी, आपकी समस्या दुरुस्त की जा चुकी है। अब आप किसी भी ब्लॉग पोस्ट पर अपने ब्लॉग से कमेंट कर सकते हैं। समस्या क्यों आ रही थी: चूंकि आपने अपने नाम में single quote ( ‘ ) का प्रयोग किया था इसलिए वर्ड प्रेस ने आपकी आईडी से जाने वाले कमेंट को स्पैम में अनुसूचित कर दिया था। कृपया आईडी में किसी संकेत चिन्ह का इस्तेमाल न करें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

jlsingh के द्वारा
January 9, 2014

मेरा भी जागरण जंक्सन टीम से अनुरोध है कि भगवान बाबु की समस्या का समाधान शीघ्रातिशीघ्र किया जाय और तकनीकी समस्या को दूर किया जाय! उन्होंने आज एक ब्लॉग माध्यम से अपनी समस्या बताई है.

anilkumar के द्वारा
January 5, 2014

आदर्णीय महोदय , साहित्य सरताज प्रतियोगिता में एक वर्ग आलोचना का है । क्या यह आलोचना  साहित्यिक आलोचना अर्थात साहित्यिक रचनाओं एवं रचनाकारो तक सिमित है , अथवा इसमें  राजनीतिक , समाजिक और धार्मिक आलोचनाएँ भी समाहित की जा सकती हैं । कृपया स्पष्ट करें  तो सुविधा होगी । धन्यवाद ।

    Feedback के द्वारा
    January 7, 2014

    आदरणीय अनिल कुमार जी, जैसा कि आपने पूछा है, आपके माध्यम से हम सभी पाठकों को बताना चाहेंगे कि आलोचना वर्ग में धार्मिक आलोचना व विवादित मुद्दों को छोड़कर किसी भी प्रकार की आलोचना शामिल की जा सकती है। पाठकों की सुविधा के लिए हम यहां तीन मुख्य आलोचना वर्ग प्रतियोगिता के लिए वर्गीकृत कर रहे हैं जो इस प्रकार होंगे – (i) साहित्यिक, (ii) राजनीतिक और (iii) सामाजिक आलोचना। किंतु किसी भी प्रकार के सामाजिक या धार्मिक भावनाओं को आहत करने आलेख मान्य नहीं होंगे। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

kulwant happy के द्वारा
January 3, 2014

Mera Blog Khul Nahin Raha.. Administration permission…. sharma.kulwant84@gmail.com

Piyush Aseeja के द्वारा
December 31, 2013

please update your wp-admin panel its so slow and old and provides very less features.

uday के द्वारा
December 20, 2013

मै बलग लिखना ऒर पैसॉ चाहता हू  कुपय़ा  मेल करे

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 14, 2013

resp. jj team, thanx for help. http://siddequi.jagranjunction.com

dineshaastik के द्वारा
December 11, 2013

आदरणीय महोदय मेरी के लगभग978 कमेंन्ट स्पैम में चले गये हैं। कृपया समस्या पर ध्यान दें।

Santosh Kumar के द्वारा
December 9, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,..सादर प्रणाम ………..कभी कभी पोस्ट लम्बी होने के कारण आपकी प्रणाली अस्वीकार करती है !….आज १६१० शब्दों की पोस्ट भी नहीं हो रही है ,..कृपया शब्द सीमा बताने का कष्ट करें ,…यदि यह कोई गड़बड़ी है तो कृपया शीघ्र ठीक करें ,… सादर आभार सहित

    Santosh Kumar के द्वारा
    December 10, 2013

    मान्यवर ,..सादर प्रणाम लगता है मूर्खों के लिए यहाँ के दरवाजे बंद हो रहे हैं ,….बहुत अच्छा है ,..खुलने की प्रतीक्षा रहेगी !….साभार

    December 10, 2013

    सम्पादक महोदय! आपसे विनती है कि आदरणीय संतोष जी की समस्याओं को गम्भीरता से लेते हुए सार्थक उपाय किया जाय……………….हम सभी ह्रदय से आभारी रहेंगे……..!

    Feedback के द्वारा
    December 10, 2013

    आदरणीय संतोष जी, आप मनचाही सीमा तक लंबी पोस्ट डाल सकते हैं। मंच ने कोई शब्द सीमा नहीं तय की है। आपके ब्लॉग में आई गड़बड़ी को शीघ्र ही दूर किया जाएगा। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    Santosh Kumar के द्वारा
    December 15, 2013

    आदरणीय जेजे परिवार ….सादर प्रणाम आपका हार्दिक आभार ….आदरणीय अनिल जी का हार्दिक आभार सादर

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 8, 2013

resp. jj team, when i log in following message flash: (You don’t have permission to view this blog. Please contact the system administrator.) kindly help me. http://siddequi.jagranjunction.com

    Feedback के द्वारा
    December 9, 2013

    आदरणीय तुफ़ैल जी, कृपया अपनी लॉग इन आई डी तथा पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर प्रेषित करें। आपके ब्लॉग की जांच कर समस्या को दूर किया जाएगा। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    Tufail A. Siddequi के द्वारा
    December 9, 2013

    res. jj team, i have sent user name and password. kindly do the needful. thanks

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 8, 2013

resp. jj team, when i log in following message flash: (You don’t have permission to view this blog. Please contact the system administrator.) kindly help me. http://siddequi.jagranjunction.com

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 8, 2013

resp. jj team, when i log in following message flash: (You don’t have permission to view this blog. Please contact the system administrator.) kindly help me. siddequi.jagranjunction.com

Sonam Saini के द्वारा
December 8, 2013

आदरणीय जागरण संचालक मंडल सादर नमस्कार …….. मेरी आपसे विन्रम विनती है कि आप आज ही मुझे बेस्ट ब्लॉगर से हटा दे और किसी और ब्लॉगर को बेस्ट ब्लॉगर के लिए सेलेक्ट कर लें ताकि मैं आज ही अपने ब्लॉग को यहाँ से डिलीट कर सकूँ ! अगर मैं चाहती तो बिना बताये भी अभी अपने ब्लॉग को डिलीट कर सकती थी लेकिन इससे जे जे का अपमान होता और साथ ही साथ बेस्ट ब्लॉगर कि पदवी का भी ! इसलिए मेरी आपसे विन्रम विनती है कि किसी और को बेस्ट ब्लॉगर के लिए सेलेक्ट करके मुझे अपना ब्लॉग डिलीट करने कि अनुमति दें ! धन्यवाद ….

    Feedback के द्वारा
    December 9, 2013

    आदरणीया सोनम जी, इस मंच पर व्यर्थ की टीका-टिप्पणी से किसी सम्मानित ब्लॉगर का निराश होना मंच के लिए तो चिंता जनक है ही साथ ही ऐसी लक्षित टिप्पणी मर्यादित आचरण के खिलाफ भी है। आप बिना किसी समस्या के बेबाक ब्लॉगिंग करें। हम आदरणीय अलीन जी से यह अपेक्षा करते हैं कि निंदात्मक टिप्पणी से बचें तथा अपनी बौद्धिक क्षमता का उपयोग सार्थक परिचर्चा में करें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 6, 2013

resp. jj team, when i log in following message flash: (You don’t have permission to view this blog. Please contact the system administrator.) kindly help me. siddequi.jagranjunction.com

Tufail A. Siddequi के द्वारा
December 5, 2013

resp. jj team, when i log in below message flash: You don’t have permission to view this blog. Please contact the system administrator. kindly help me. siddequi.jagranjunction.com

rekhafbd के द्वारा
December 4, 2013

आदरणीय ,मुझे यह मैसेज मिला jagranjunction.com 4:51 PM (2 hours ago) to me Dear User, Your आखिर क्यों आता है गुस्सा has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम लेकिन मेरी पोस्ट फीचर्ड नही हुई ,कृपया देखिये ,धन्यवाद

sadguruji के द्वारा
December 4, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय माननीय अनिल कुमार अलीन जी के ब्लॉग का सॉफ्टवेयर ठीक करने के लिए आप को बहुत बहुत धन्यवाद.इस समय उनका ब्लॉग ठीक ढंग से काम कर रहा है.धन्यवाद सहित,राजेंद्र ऋषि

December 4, 2013

आदरणीय संपादक महोदय एवं श्री राजेंद्र जी …………………….आप दोनों का आभार जिसके कारण ………मेरा ब्लाग दुरुस्त हो पाया. आप सभी का, हार्दिक आभार!

sadguruji के द्वारा
December 2, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय सादर हरि स्मरण ! आप लोगों ने इस मंच पर मुझे जो भी सम्मान दिया है,उसके लिए ह्रदय से धन्यवाद.मै आप लोगों से एक आग्रह करना चाहता हूँ कि इस मंच के ब्लॉगर आदरणीय अनिल कुमार “अलीन” जी के साफ्टवेयर को ठीक कर उन्हें बिना किसी बढ़ा के पुन:लिखने कि अनुमति दी जाये.बीच में जब उनका ब्लॉग पेज खुल रहा था,तब मैंने उनके लेख पढ़े थे.उनके लेख उच्च स्तर के हैं और पाठकों के लिए उपयोगी और शिक्षाप्रद हैं.इस समय पाठक उनके नए लेखों से वंचित हो रहे हैं.जीवन का कोई भरोसा नहीं है कि कौन कब तक जियेगा ? इसीलिए सच कहने वाले ऐसे विद्वान जब तक इस संसार में हैं,तब तक उनके विचार और अनुभव लोगों के बीच प्रसारित होना चाहिए और ये लोगों पर छोड़ दिया जाये की क्या वो पसंद करते हैं और क्या नहीं ? उनके किसी लेख में कोई आपत्तिजनक बात होगी तो जरुर आप से शिकायत करेंगे और आप कार्यवाही भी कीजियेगा,परन्तु फ़िलहाल अभी उन्हें ब्लॉग लिखने व् पोस्ट करने की अनुमति दी जाये.मै पहले की बातें नहीं जानता,परन्तु सच कहने वाले ऐसे विद्वान व्यक्ति से यदि जाने अनजाने कुछ गलतियां भी हुईं हैं तो उसे क्षमा करते हुए उन्हें पुन:ब्लॉग लिखने और पोस्ट करने की अनुमति प्रदान की जाये.इससे अनगिनत पाठकों को लाभ होगा.मेरी जानकारी के अनुसार उनके ब्लॉग के पाठक सबसे ज्यादा हैं.यदि आप लोग तत्काल अनिल कुमार अलीन जी के सॉफ्टवेयर को ठीक कर उन्हें लिखने और पोस्ट करने की सुविधा पुन:प्रदान करते हैं तो मुझे ही नहीं बल्कि इस मंच के सभी ब्लॉगरों को बहुत ख़ुशी होगी.सादर धन्यवाद और शुभकामनाओं सहित.

    December 2, 2013

    आदरणीय राजेन्द्र दरअसल आपके फीडबैक पर कुछ नहीं तो दस बार से भी अधिक अपनी समस्या लेकर आ चूका हूँ कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लॉग न खुलकर आपके जेजे का होम पेज खुलता है जिससे मेरा लेख मेरे पाठको तक नहीं पहुँच पा रहा है. आप द्वारा मुझे एक बार आश्वासन देने के बाद भी कोई करवाई नहीं की गयी. अतः आप से पुनः आग्रह करता हूँ कि इस गड़बड़ी को जल्द से जल्द दुरुस्त करने का कष्ट करें. साथ ही आदरणीय राजेंद्र जी द्वारा उठाये गए मेरी समस्या के लिए हार्दिक आभार व्यक्त करना चाहता हूँ …………….आप सभी का हार्दिक आभार अनिल कुमा ‘अलीन’

    December 2, 2013

    आदरणीय संपादक महोदय, दरअसल आपके फीडबैक पर कुछ नहीं तो दस बार से भी अधिक अपनी समस्या लेकर आ चूका हूँ कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लॉग न खुलकर आपके जेजे का होम पेज खुलता है जिससे मेरा लेख मेरे पाठको तक नहीं पहुँच पा रहा है. आप द्वारा मुझे एक बार आश्वासन देने के बाद भी कोई करवाई नहीं की गयी. अतः आप से पुनः आग्रह करता हूँ कि इस गड़बड़ी को जल्द से जल्द दुरुस्त करने का कष्ट करें. साथ ही आदरणीय राजेंद्र जी द्वारा उठाये गए मेरी समस्या के लिए हार्दिक आभार व्यक्त करना चाहता हूँ …………….आप सभी का हार्दिक आभार अनिल कुमा ‘अलीन’

lakshmi.V.P के द्वारा
December 1, 2013

I have a blog named Madhurima. I have lost my password. when Iam trying to retrive the password Iam getting ‘ check mail for confirmation’ but iam not getting any confirmation. Iam keenly interested to continue posting on my mail. Pl help me in this regard. lakshmi

yatindranathchaturvedi के द्वारा
November 22, 2013

सम्मानीय संपादक महोदय, जागरण जंक्शन परिवार, अभिवादन हमारे ब्लॉग के देश बोर्ड पर सबसे ऊपर यह पंक्ति लिखी हुवी प्रदर्शित हो रही है, जिसे मई समझ नहीं प् रहा हूँ। कृपया इन पंक्तियों का क्या आशय है स्पष्ट करने का कष्ट करे। [All in One SEO Pack must be configured. Go to the admin page to enable and configure the plugin. WordPress now has a canonical URL feature, however we recommend using the AIOSEOP advanced canonical URLs functionality we have had for the past year.] शुभकामनाओं सहित.सादर  यतीन्द्र नाथ चतुर्वेदी

sadguruji के द्वारा
November 20, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,सादर हरि स्मरण ! ब्लॉगिंग शिखर सम्मान प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए मैंने अपनी पसंद के १० लेखकों को चुना है और उन लेखकों का एक-एक लेख चुनकर प्रत्येक लेख के बारे में अपने कुछ विचार व्यक्त करने के साथ उनके लेख के साथ लिंक का विवरण भी दिया है.लिंक का विवरण देने के लिए लेख के नीचे दायीं तरफ tell & share में जाकर gmail दबाकर लिंक का विवरण ले लिया है.मै जानना चाहता हूँ कि प्रतियोगिता में भाग लेने का क्या ये सही तरीका है.इसमें कोई त्रुटि हो तो बताइये.आप के जबाब से बहुत से ब्लॉगरों को लाभ होगा जो प्रतियोगिता में भाग तो लेना चाहते है,परन्तु सही तरीके से कैसे भाग लें,ये समझ नहीं प् रहे हैं.अपने सादर प्रेम और शुभकामनाओं सहित.

sadguruji के द्वारा
November 19, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय आप से निवेदन है कि “श्रेष्ठता का चुनाव आपके हाथ” इस प्रतियोगिता की समयावधि १५ दिनों के लिए और बढ़ा दें,क्योंकि मुझे लगता है कि प्रतियोगिता को लोग ठीक से समझ नहीं पाये हैं.लोग शायद एक दूसरे का इंतजार कर रहे हैं कि पहले कोई भाग लेक्रर.प्रतियोगिता में भाग लेकर इस मंच की गरिमा को बनाये रखना हम सब की जिम्मेदारी है.मुझे पूरी उम्मीद है कि आप इस निवेदन पर विचार करेंगे.अपने सादर प्रेम और शुभकामनाओं सहित.

sadguruji के द्वारा
November 16, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,इतना सरल सेक्युरिटी कोड बनाने के लिए बहुत-बहुत बधाई.अब कमेंट आसानी से जा आ रहा है.आप का बहुत-बहुत धन्यवाद.

jlsingh के द्वारा
November 13, 2013

ERROR: Unreadable CAPTCHA token फ़ाइल कृपया CAPTCHA कोड में तकनीकी गड़बड़ी को ठीक करें कोई कॉमेंट नहीं जा रहा है

nishamittal के द्वारा
November 12, 2013

CAPCHA CODE APNEE SITE PR DALNE KEE KOSHISH KAR RAHI HUN PR WO CHANGE BHEE NAHI HO RAHA HAI AUR COMMENT NAHI JA RAHA HAI

Sufi Dhyan Muhammad के द्वारा
November 12, 2013

जी, मैं ने लेख को हटा दिया है..!! लेख की जगह अपर आपकी इस चेतावनी को दल दिया है | मैं ने सुना था चीन में मीडिया का मुंह बंद कर के रखा है जाता है अब ये भारत में भी हो रहा है ..ख़ुशी की बात…आपकी इस चेतावनी के जवाब में मैं अभी एक लेख पोस्ट करने जा रहा हूँ उसे ज़रूर पढियेगा…!!!

jlsingh के द्वारा
November 12, 2013

जागरण जंक्सन परिवार, सबसे पहले follyfawiseman , फिर sandeep kumar और अब Sufi, Dhyan Muhammad के नाम से संदीप नामक यह ‘सिरफिरा आदमी’ पहले जागरण जंक्सन पर सुनामी फैलाकर बहुत सारे सम्मानित ब्लोग्गर्स को मंच छोड़ने पर मजबूर कर चुका है. पुन: यह सद्गुरु जैसे सम्मानित व्यक्ति को अपमानित कर उन्हें भी मंच छोड़ने पर मजबूर कर रहा है. इसका उद्देश्य सिर्फ डिस्टर्ब करना होता है. आपलोग लगता है वह हादसा भूल चुके हैं जब आदरणीय राजकमल जिन्हें हम सब गुरुदेव के रूप में मानते थे, और आदरणीय शशिभूषण जी को भी काफी अपमानित कर चुका है. मेरा भी जागरण जंक्सन से अनुरोध है कि उचित कारर्वाई की जाय! अगर मंच को सुचारु ढंग से चलाया जाना चाहिए! विचारों का विरोध या मतान्तर होना लाजिमी है पर अभद्रता उचित नहीं है. ऐसा मेरा मानना है. पहले भी महिला अपमान पर विरोध हुआ है और अनुशासनहीनता पर भी कारर्वाई हुई है …. उम्मीद है जे जे के एडमिन ध्यान देंगे! आपका ही मंच एक ऐसा है जहाँ अनुचित पोस्ट और प्रतिक्रियाएं हटाई गयी है … आपको भी स्मरण होगा! आप सब विचार करेंगे! इसी आशा के साथ! आप इनके पहले के भी सारे पोस्ट्स और प्रतिक्रियाएं देख सकते हैं. जवाहर

sadguruji के द्वारा
November 12, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय आप से निवेदन है कि आप के द्वारा “बेस्ट ब्लागर ऑफ़ दी वीक चुने जाने का बाद मेरे नाम से ब्लॉग जारी कर मेरे ऊपर व्यक्तिगत हमले हो रहे हैं.आप इस ब्लॉग को देखें-”सद्गुरु श्री राजेंद्र ऋषि जी”,इस ब्लॉग के अनुसार मै अज्ञानी हूँ और मुझे सम्मानित करने वाले आप लोग अपराधी हैं.कृपया आप लोग स्वयं इस ब्लॉग को पढ़ें.आप से निवेदन है कि बलात्कार पीड़ित लड़कियों और महिलाओं का मजाक उड़ाने वाले इन लेखों को भी आप पढ़ें-”चमेली ने चमन का बलात्कार किया” और “ठीक तो है बलात्कार”.इन लेखों में समस्त नारी जाति का अपमान किया गया है.और बलात्कारियों का खुलकर समर्थन किया गया है.आप ऐसे लेखों का प्रचार-प्रसार कर रहे हैं,जिन पर महिला आयोग या किसी भी कोर्ट की नज़र पड़ने के बाद सम्मानित जागरण परिवार को भी परेशानी उठानी पड़ेगी.माननीय सुप्रिमकोर्ट के अनुसार किसी के भी विचारों को दण्डित किया जा सकता है,यदि वो सही नहीं हैं या समाज को क्षति पहुँचाने वाले हैं.यदि आप कोई कार्यवाही नहीं करते हैं और ऐसे विचारों का समर्थन और प्रचार-प्रसार करते हैं,जो मेरी ही नहीं बल्कि पूरे समाज और कानून की दृष्टि में भी गलत हैं.तो मुझे ऐसे मंच से हट जाना चाहिए.जिस देश में नारी की पूजा होती है और जिस देश में पहले से ही महिलाओं की हालत ख़राब है,वहाँ पर ऐसे विचार उनकी और दुर्दशा करेंगे.मुझे आप क्षमा करें,मै ये सब बर्दास्त नहीं कर सकता.जिस मंच पर स्त्री की इज्जत न हो,उसका मजाक उड़ाया जाता हो,वहाँ पर मुझे नहीं रहना चाहिए.मंच पर सम्मान और जगह देने के लिए आप लोगों का ह्रदय से धन्यवाद और यदि मैंने कोई गलती की हो और भूल से भी किसी का दिल दुखाया हो तो वो सब लोग मुझे क्षमा करें.सबके लिए सादर प्रेम और अपनी शुभ कामनाओं सहित.

    Jyoti Shukla के द्वारा
    November 12, 2013

    I do not agree with sadguru…anything that is mentioned on the blogs are a replica of complete freedom of speech. Just because someone has criticised you for something, it doesnt mean you do the same…it is all a matter of perception.I beleive one must have discussions on the topic and not who said it.The entire blog mentions a new concept that needs to be understood and nothing else.Also the point on women, i truly agree that it is a bit not to be digested but few things should be understood that are beyond your capacity to understand….कुछ चीज़ो को समाज और लोगो के आलावा देखना चाहिए.हर बात सही या गलत पे ख़तम नहीं होती.हर कोई व्यंग कर सकता है लेकिन सीधे से न तो कोई बोल पाया है और शायद ना बोल पाएगा.

sadguruji के द्वारा
November 11, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय आप से निवेदन है कि आप के द्वारा “बेस्ट ब्लागर ऑफ़ दी वीक चुने जाने का बाद मेरे नाम से ब्लॉग जारी मेरे ऊपर व्यक्तिगत हमले हो रहे हैं.आप इस ब्लॉग को देखें-”सद्गुरु श्री राजेंद्र ऋषि जी”,इस ब्लॉग के अनुसार मै अज्ञानी हूँ और मुझे सम्मानित करने वाले आप लोग अपराधी हैं.कृपया आप लोग स्वयं इस ब्लॉग को पढ़ें.आप से निवेदन है कि बलात्कार पीड़ित लड़कियों और महिलाओं का मजाक उड़ाने वाले इन लेखों को भी आप पढ़ें-”चमेली ने चमन का बलात्कार किया” और “ठीक तो है बलात्कार”.इन लेखों में समस्त नारी जाति का अपमान किया गया है.और बलात्कारियों का समर्थन किया गया है.जिस मंच पर स्त्री की इज्जत न हो,उसका मजाक उड़ाया जाता हो,वहाँ पर मुझे नहीं रहना चाहिए.मंच पर सम्मान और जगह देने के लिए आप लोगों का ह्रदय से धन्यवाद और यदि मैंने कोई गलती की हो और किसी का दिल दुखाया हो तो वो सब लोग मुझे क्षमा करें.अपनी शुभ कामनाओं सहित.

sadguruji के द्वारा
November 11, 2013

आदरणीय सूफी ध्यान मुहम्मद जी,दिन भर की व्यस्तता बाद अब मै खाली हुआ हूँ.मैंने आप का कमेंट पढ़ा है.अब मै गम्भीर हूँ,मेरा जबाब सुनकर बाद में ये मत कहना कि मैंने गहरा मजाक किया था.आप ने मेरी ही नहीं मेरे प्राणप्रिय गुरुओं की भी निंदा की है.ये मै बर्दास्त नहीं कर सकता.आप ने मेरे जबाब का इंतजार भी नहीं किया और मेरे नाम से ब्लॉग पोस्ट कर दिया.क्या है आप के पोस्ट और कमेंट में?केवल किताबी ज्ञान और ज्ञानी ध्यानी होने का झूठा अहंकार,आत्म सम्मोहित होकर बहुत बड़ी ग़लतफ़हमी में जी रहे हैं आप?आप ने अपने आप को सारे संतों से यहाँ तक की आचार्य रजनीश से भी बड़ा मान लिया है.मेरे ब्लॉग “उलटा कुआं गगन में,तिसमें जरै चिराग” की व्याख्या यदि गलत है तो सही व्याख्या करके जबाब देते.ये जबाब देने का सही तरीका था.आप जानते हैं कि ऐसा आप नहीं कर पाएंगे.आप को सम्मान देने का मतलब ये नहीं है कि आप हम सब को अपमानित करें.मैंने आप के लेख “चमेली ने चमन का बलात्कार किया” को पढ़ा,क्या ऐसे लेख लिखना स्वस्थ मानसिकता है?आप बलात्कार पीड़ित औरतों का मजाक उड़ाया है,जिसे मेरी बात पर विश्वास न हो वो ये लेख पढ़ के देखे.इसी लेख के एक कमेंट में आप ने आदरणीय सरिता सिन्हा जी को अपमानित किया है.आप ने पुरुष की तुलना शेर से और औरतों की तुलना गधा से की है.यही आप का ज्ञान और साक्षीभाव है?आप के मुताबिक मंच के सारे ब्लागर मुर्ख हैं और बस आप ही एक ज्ञानी हैं.आप ने जागरण परिवार को अपराधी कहा है,क्योंकि उसने मुझे “बेस्ट ब्लागर ऑफ़ दी वीक” चुना है.ये आप नहीं आप की ईर्ष्या और अहंकार बोल रही है.आप की ग़लतफ़हमी मै दूर कर करना चाहूंगा कि महोदय मै जीवन में इतने सम्मान और पद पा चूका हूँ कि मुझे अब कोई पद या सम्मान नहीं चाहिए.मैंने किसी से ये सम्मान माँगा था?मेरे बहुत से ब्लॉग पब्लिश हुए हैं.आप ने पहले कभी ये मुद्दा क्यों नहीं उठया?इसी समय क्यों ये मुद्दा यथाय है,जब “बेस्ट ब्लागर ऑफ़ दी वीक” चुना गया है?क्योंकि आप को अच्छा नहीं लग रहा है और ईर्ष्या हो रही है.आप ही ये पदवी ले लीजिये,मुझे नहीं चाहिए.अंत में जो सवाल आप ने पूछा है उसका जबाब दे रहा हूँ.“मन का एकाग्र हो जाना ध्यान है और मन का निर्विचार हो जाना समाधी है”आप ने कभी ध्यान समाधी लगाया है.लगाये होते तो ये सवाल खड़ा नहीं करते.गीता का अघ्याय छठा पहले दो तीन बार पढ़ लीजिये,फिर मुझसे इस विषय में बहस कीजियेगा.वैसे आप की जानकारी के लिए बता दूँ कि ध्यान-समाधी कई तरह की है.पता नहीं आप को उसका अनुभव है की नहीं,होता तो ये सवाल खड़ा नहीं करते.रत को सोते समय मन एकाग्र हो ध्यान में बदल जाता है और गहरी निद्रा,जिसमे मन निर्विचार हो जाता है,वो प्राकृतिक समाधी कहलाती है,जो प्राकृतिक रूप से सबको सुलभ है.इसका तो अनुभव आप को हुआ होगा?अंत में मौन होते हुए अपनी शुभकामनाओ सहित.

sadguruji के द्वारा
November 11, 2013

“उलटा कुआं गगन में,तिसमें जरै चिराग” संत पलटू साहिब का ये भजन है.अपने आध्यात्मिक अनुभव के आधार पर मैंने इस भजन की व्याख्या करने की कोशिश की है.हमारे आश्रम में कई बार संत पलटू साहिब के इस भजन पर ससंग-प्रवचन होचुका है.जागरण जंक्शन परिवार ने “बेस्ट ब्लागर ऑफ़ दी वीक” का जो सम्मान दिया है,वो वस्तुत: संत पलटू साहिब को ही दिया गया सम्मान है.मै तो सिर्फ निमित्त मात्र ही हूँ.मै बड़ी विनम्रता के साथ संत पलटू साहिब की इस वाणी को पढ़ने वाले सभी भाई-बहनो का,इस वाणी पर कमेंट करने वाले सभी ब्लागर मित्रों का और संत पलटू साहिब की इस वाणी को प्रकाशित और सम्मानित करने वाले जागरण जंक्शन परिवार का ह्रदय से आभार व्यक्त करता हूँ.भविष्य में भी ऐसे ही आप सब का सहयोग मिलता रहे,जिससे की और संतो की वाणियों को भी इस मंच पर एक जलते हुए दीपक की भांति प्रकाशित किया जा सके,जिससे ज्ञान की रौशनी दूर दूर तक जाये.आप सबके प्रति हार्दिक प्रेम,हार्दिक शुभकामनाओ और हार्दिक आभार सहित.

nishamittal के द्वारा
November 6, 2013

मान्यवर महोदय ,विज्ञापन अब दूसरा है पर शेष विज्ञापनों पर दिखने वाला क्रास का निशाँ मेरी साईट पर ऐसे स्थान पर है जो क्रास का निशाँ ऊपर है और वो हटता नहीं कृपया इसकी व्यवस्था ठीक कर दें

jlsingh के द्वारा
November 6, 2013

साधु ऐसा चाहिए, जैसा सूप सुभाय, सार-सार को गहि रहै,थोथा देई उड़ाय. सदर प्रणाम महोदय! बहुत सुन्दर उपयोगी उपदेश, व्यवहारिक ज्ञान का आभास करती रचना .. अल्प बुद्धि हे मूढ़ मन, समझ लीजिये आज, अंतर्ज्योति चिराग सम, परहित करिये काज!. यह प्रतिक्रिया सद्गुरु जी के उल्टा कुंआ गगन के लिए है जो वहाँ नहीं दीख रही दुबारा डालने से डुप्लीकेट कमेंट का मेसेज आता है…

nishamittal के द्वारा
November 5, 2013

मान्यवर महोदय, मेरे ब्लॉग पर सफोला आयल का विज्ञापन ऐसे स्थान पर आ रहा है कि मैं कमेंट का उत्तर नहीं दे पा रही हूँ.गत चार दिनों से ये समस्या है कृपया समाधान करें

jlsingh के द्वारा
November 4, 2013

प्रतिक्रिया कहाँ जा रही है, मालूम नहीं! मैंने ‘वो महिला श्रमिक’ पर तीन बार प्रतिक्रिया दी पर एक भी दिख नहीं रही!

shashikant के द्वारा
November 2, 2013

i want to register on this blog how? not send me password on this addres

sadguruji के द्वारा
November 2, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,मेरे ब्लॉग का स्पेस कोटा बढ़ाने हेतु आप का हार्दिक आभार.

sadguruji के द्वारा
November 1, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय मैंने दो दिन पूर्व आप से निवेदन किया था कि मेरे ब्लॉग का स्पेस कोटा 10MB पूरा 100 % फुल हो चूका है,मै कोई नया ब्लॉग अब नहीं लिख पा रहा हूँ,आप से निवेदन है कि मेरे ब्लॉग के स्पेस कोटा को शीघ्र बढ़ाएं,ताकि मै नया ब्लॉग लिख सकूँ.सादर धन्यवाद् सहित.

    Feedback के द्वारा
    November 2, 2013

    आदरणीय सदगुरुजी, आपके ब्लॉग का स्पेस कोटा बढ़ा दिया गया है अब आप बिना किसी परेशानी के ब्लॉगिंग कर सकते हैं. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

sadguruji के द्वारा
October 31, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार,महोदय,कृपया मुझे बताइये कि स्टोरेज स्पेस 10MB यानि 100 % USE हो गया है. मुझे और स्पेस पाने के लिए क्या करना चाहिए?क्या पुराने लेखों को DELETE किये बिना मै और लेख लिखकर पोस्ट कर सकता हूँ?यदि पुराने लेखों को DELETE करना पड़ेगा तो कैसे उन्हें SAVE करें?सादर धन्यवाद सहित उत्तर की प्रतीक्षा में-

ravi gupta के द्वारा
October 28, 2013

Frustrating experience on your blog….the Advertisment column flashing on the left side of your website is covering the starting of each line of the blogs….why you have put the ads like that…its really frustrating i tried to remove it but of no use…see still it is flashing on the left side while I am writing and is covering my comment too…we come to read blogs on your site and not see shit advertisment of changing girls clothes** Removed the ad column or place it as such it doesnot cover the blogs….who is the admin of your website fire the crap guy or the girl.

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
October 25, 2013

ज्यादा चर्चित में मेरी रचना ” लिंग-भेद (एक लघु कथा)” का जो लिंक दिखाया जा रहा है उस लिंक पर जाने पर मेरी रचना के जगह पर कोई और की रचनाएं दिखलाई पड़ती है / कृपया जल्द ठीक करे

sinsera के द्वारा
October 25, 2013

आदरणीय महोदय. मेरे ब्लॉग के 950 कमेंट्स अचानक स्पैम में चले गए हैं..ये महज़ कमेंट्स ही नहीं वरन मेरे अपने लोगों द्वारा भेजे गए स्नेह सन्देश थे. इनके गायब हो जाने से कुछ डिप्रेशन सा हो रहा है. कृपया मेरी भावनाओं को समझते हुए इन्हें फिर से एप्रूव्ड कमेंट्स में डालने की कृपा करें….अग्रिम धन्यवाद..

nishamittal के द्वारा
October 21, 2013

मान्यवर महोदय,मेरे डेशबोर्ड पर सेव ड्राफ्ट और पब्लिश का आप्शन नहीं आ रहा है जिसके कारण पोस्ट पब्लिश नहीं हो पा रही है.कृपया उसको अविलम्ब ठीक कर दें मुझको सामयिक पोस्ट डालनी है .

    Feedback के द्वारा
    October 21, 2013

    आदरणीया निशा मित्तल जी, जब आप अपने ब्लॉग में लॉग इन करें तो डैश बोर्ड में दाहिनी ओर Screen Options लिखा नजर आता है। आप इस पर क्लिक करें तो Screen Layout नजर आता है। यहां पर Number of Columns को ‘2′ सलेक्ट कर लीजिए ताकि आपको पब्लिश, कैटेगरी एवं टैग्स ऑप्शंस दिखें। यदि फिर भी आपकी समस्या नहीं दुरुस्त हो तो कृपया अपनी ब्लॉग आईडी और पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर भेज दें। हम आपके ब्लॉग की जांच कर समस्या को दुरुस्त करेंगे। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

neerusriv के द्वारा
October 15, 2013

‘ब्लॉग शिरोमणि’ प्रतियोगिता,रचनाकरों को प्रोत्साहित करने का अवसर देता है.मैं समस्त जागरण जंक्शन परिवार को धन्यवाद देना चाहती हूँ.भविष्य में भी यह बनी रहे यही हमारी शुभकामना है.

Santlal Karun के द्वारा
October 12, 2013

विजेता के रूप में ‘ब्लॉग शिरोमणि’ पुरस्कार प्रदान करने के लिए ‘दैनिक जागरण जंक्शन परिवार’ के प्रति हार्दिक आभार | विजेता सर्वश्री यमुना पाठक जी, मनोरंजन ठाकुर जी, संकल्प दुबे जी, अकबर महफ़ूज आलम रिज़वी जी, राजेश कश्यप जी, डॉ. कुमारेन्द्र सिंह सेंगर जी, सरिता सिन्हा जी, उषा तनेजा ‘उत्सव’ जी, दीपक तिवारी जी, राजेश त्रिपाठी जी, सीमा सचदेव जी और जवाहर लाल सिंह जी को ढेरों सादर साधुवाद एवं बधाईयाँ ! अन्य सभी प्रतिभागियों को बहुत-बहुत स्नेह, आदर और सम्मान ! ‘जागरण जंक्शन’ के इस वैचारिक अनुष्ठान में तत्पर दृष्टि के साथ जुड़े समस्त सुधी पाठकों को हृदयपूर्वक धन्यवाद !

rekhafbd के द्वारा
October 11, 2013

आदरणीय महोदय ,मुझे मेल मिली Dear User, Your अधूरी है ईश्वर पूजा अगर हम कन्या भ्रूण हत्या नही रोक पाते has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम लेकिन मेरी पोस्ट फीचर नही हुई ,कृपया देखिये ,आभार

yogi sarswat के द्वारा
October 7, 2013

महोदय नमस्कार ! मैंने आदरणीय निशा जी मित्तल और अन्य लोगों के सन्देश देखे , जो समस्या इन सम्मानित लोगों को आ रही है वाही समस्या मुझे भी आ रही है ! मैं जब आपके द्वारा दी गयी id पर अपना डिटेल भेजने की कोशिश कर रहा हूँ तो फेलियर नोटिस आ रहा है ! कृपया समस्या का समाधान करें ! धन्यवाद

    Feedback के द्वारा
    October 9, 2013

    आदरणीय योगी जी, आपका डिटेल मेल हमें प्राप्त हो चुका है। ऐसे ही अन्य कई शॉर्टलिस्टेड सदस्यों के मेल भी हमें प्राप्त हो चुके हैं। अतः आप को दुबारा मेल भेजने की आवश्यकता नहीं हैं। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

TUFAIL A. SIDDEQUI के द्वारा
October 7, 2013

महोदय ,ब्लॉग शिरोमणि प्रतियोगिता हेतु आपने जो विवरण प्रेषित करने को कहा था contest@jagranjunction.कॉम प्रेषित नहीं हो रहा है ,वह ये मेस आ रहा है maildir delivery failed: Sorry, the user’s maildir has overdrawn his diskspace quota, please try again later. कई बार प्रयास करने पर भी नहीं जा सका ,कृपया सूचना दें कि इसको किस आई डी पर भेजना है ,धन्यवाद

nishamittal के द्वारा
October 7, 2013

मान्यवर महोदय ,ब्लॉग शिरोमणि प्रतियोगिता हेतु आपने जो विवरण प्रेषित करने को कहा था contest@jagranjunction.कॉम प्रेषित नहीं हो रहा है ,वह ये मेस आ रहा है maildir delivery failed: Sorry, the user’s maildir has overdrawn his diskspace quota, please try again later. कई बार प्रयास करने पर भी नहीं जा सका ,कृपया सूचना दें कि इसको किस आई डी पर भेजना है ,धन्यवाद

jyotsnasingh के द्वारा
October 3, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन फीड बैक , कल मेरे ब्लॉग पर ६४० से अधिक कमेंट थे जिनमे से ५६८ को स्पैम में डाल दिया गया और जब मैंने उन्हें ठीक करने की कोशिश की तो वो डिलीट ही होगये क्या मेरी पोस्ट्स पर आये हुए पूरे कमेंट रिस्टोर हो सकते हैं?? ज्योत्स्ना सिंह.

rekhafbd के द्वारा
October 3, 2013

आदरणीय महोदय ,”ज्यादा चर्चित ज्यादा पठित अधिक मूल्यित ”के अंतर्गत मेरी पोस्ट ‘भारत की शान है हिंदी कांटेस्ट’ पर क्लिक करने से मेरा ब्लाग नही आ रहा ,कुछ अन्य ही खुल रहा है ,कृपया देखिये ,आभार

Santlal Karun के द्वारा
September 28, 2013

श्रीयुत सम्पादक जी , ‘जागरण जंक्शन’     प्रथम यह कि ‘लेफ्ट साइड बार’ और ‘शीर्ष पट्टी’ में ब्लॉगरों की सूची कभी कई दिनों तक नहीं बदलती और कभी तेज़ी से बदल दी जाती है, आखिर ऐसा क्यों होता है ? द्वीतीय यह कि ‘Jagranjuction.com’ पृष्ठ पर लेफ्ट साइड बार ‘फीचर्ड रीडर ब्लॉग’ में तथा ‘readerblog/’ पृष्ठ पर ‘शीर्ष पट्टी’ में मेरे श्रमपूर्वक लिखे गए दो आलेखों — पहला, “contest हिन्दी ब्लॉगिंग : नए दौर में सोशल नेट्वर्किंग की आलेखमुखी विधा Posted On: 22 Sep, 2013” और दूसरा “contest हिन्दी ब्लॉगिंग और हिंग्लिश Posted On: 24 Sep, 2013” को चयन से वंचित कर दिया गया, आखिर ऐसा क्यों किया गया ?  कम्प्युटरीकृत अथवा मानवीय दोनों व्यवस्थाओं में उपर्युक्त परिवर्तन-क्रम और चयन-प्रक्रिया की न्याय-संगति का क्या आधार है ? स्पष्टकर अनुगृहीत करें |

sajay के द्वारा
September 27, 2013

महोदय आपको सूचित करना चाहता हूँ कि http://www.cyke.in को खोल कर देखें। जागरण जंक्शन की हुबहू वेबसाइट खुल रही है और मेरा ब्लॉग भी हैक हो चूका है. कृपया त्वरित कार्रवाई करें …..

    Feedback के द्वारा
    September 27, 2013

    आदरणीय संजय जी, घबराने की कोई बात नहीं है। कहीं कोई हैकिंग नहीं हुई है। आप जागरण जंक्शन मंच की टेस्टिंग साइट पर पहुंच गए जहां पर मंच की तकनीकी खामी को दुरुस्त किया गया है। इसलिए वहां पर आपको पुराने कंटेंट दिखाई दे रहे हैं। हालांकि मंच आपकी जागरुकता और त्वरित सूचना के लिए आभार प्रकट करता है। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

akshatsinha के द्वारा
September 25, 2013

मेरे ब्लाक में कमेंट के नीचे रिप्लाई का आप्शन नहीं आ रहा तो प्लीज कृपा करके कमेंट के नीचे रिप्लाई करने का आप्शन देने की कृपा करें ……………………………………………………

    Feedback के द्वारा
    September 27, 2013

    आदरणीय अक्षत जी, आपकी समस्या का शीघ्र समाधान किया जाएगा। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    sinsera के द्वारा
    September 28, 2013

    आदरणीय महोदय , मैं अक्षत सिन्हा, अपनी माँ के प्रोफाइल से शिकायत दर्ज करा रहा हूँ..अब तो मेरा ब्लॉग खुल ही नहीं रहा है..बार बार incorrect password लिख के आ रहा है और नया पासवर्ड मांगने पर gmail पर आया हुआ लिंक वापस लॉग इन पर पंहुचा दे रहा है..कृपया जल्दी ठीक करवाने की कृपा करें…

    akshatsinha के द्वारा
    October 1, 2013

    आदरणीय संपादक महोदय, आपने मेरे शिकायत पर ध्यान दे कर नया पासवर्ड दिया अब मेरा ब्लॉग खुलने लगा है .आपका बहुत बहुत धन्यवाद् .

anilkumar के द्वारा
September 24, 2013

आदर्णीय महोदय , मेरे ब्लाग पर कमेन्टस और कमेन्टस के उत्तर  पोस्ट नहीं हो पा रहे हैं । captcha में सही कोड डालने पर भी invalid code के सन्देश प्राप्त हो रहे हैं । कृपया त्रुटि  का निराकरण कर अनुग्रहित करे । धन्यवाद ।

akshatsinha के द्वारा
September 21, 2013

आदरणीय महोदय, मैं ने अभी अभी अपना ब्लॉग बनाया है लेकिन मेरे ब्लॉग पर किसी के द्वारा किया गया कमेन्ट नहीं आ पा रहा है. कृपया सेटिंग ठीक करने की कृपा करें.धन्यवाद..

Anuj Diwakar के द्वारा
September 19, 2013

यह मेरा ब्लॉग एड्रेस है http://anujdiwakar26.jagranjunction.com/ मैं इसका पासवर्ड भूल गया हूँ जब फॉरगॉट पासवर्ड पर क्लिक करो तो ईमेल आइडी मांगता है जिसपे उसे न्यू पासवर्ड भेजना होता है। मैं आइडी डाल देता हूँ लेकिन फिर भी कोई मेल या पासवर्ड नहीं आता आइडी पर।मै यह बहुत बार कर चुका हूँ। लेकिन कुछ नहीं होता कृपया मेरी समस्या सुलझाइए।

yogi sarswat के द्वारा
September 19, 2013

महोदय , सादर नमस्कार ! कुछ समस्या है मेरे ब्लॉग पर ! एक तो ये की मेरे पोस्ट की संख्या करीब ६०,००० दिखा रहा है और कमेन्ट २२४००० के आसपास ! दूसरी समस्या ये है की मैं अपनी पोस्ट को किसी को शेयर या मेल नहीं कर पा रहा हूँ ! जब भी मैं शेयर करने की कोशिश करता हूँ मेरा कोटा फुल हो गया है ऐसा आ जाता है ! कृपया कुछ सुधार करें ताकि मैं निर्बाध रूप से लिख सकूँ ! धन्यवाद

Feedback के द्वारा
September 18, 2013

आदरणीया ज्योत्सना जी, महोदया, जब आप अपने ब्लॉग में लॉग इन करें तो डैश बोर्ड में दाहिनी ओर Screen Options लिखा नजर आता है। आप इस पर क्लिक करें तो Screen Layout नजर आता है। यहां पर Number of Columns को 2 सलेक्ट कर लीजिए ताकि आपको पब्लिश, कैटेगरी एवं टैग्स ऑप्शंस दिखेंगे। यदि Number of Columns 1 सलेक्टेड है तो यही ऑप्शंस नीचे नजर आते हैं। आपके ब्लॉग में कोई तकनीकी खराबी नहीं है इसलिए आप बिना किसी बाधा के ब्लॉगिंग कर सकती हैं। सुरक्षा के लिहाज से आप Your Profile में जाकर अपना मनचाहा पासवर्ड प्राप्त कर लीजिए। यह सूचना आपके ब्लॉग में लॉग इन करके भी जारी की गई है। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

nishamittal के द्वारा
September 18, 2013

आदरनीय महोदय ,किसी भी तकनीकी समस्या के कारण जागरण जंक्शन पर चल रही अनियमितताओं में कुछ सुधार हो गया है.परन्तु अभी भी कुछ समस्याएं  हैं,जो मेरे साथ अन्य लोगों की भी है कृपया इनको भी ठीक करने का कष्ट करें .टोटल कमेंट्स में अंतर डेशबोर्ड और साईट पर  डेशबोर्ड पर जहाँ कमेंट्स १२४०१ हैं ,वहाँ साईट पर १२१७१ ही शो हो रहे हैं. ,और कुछ लोगों के कमेन्ट न आ पाना उनकी सूचना मेल पर है पर न स्पैम में हैं न साईट पर. आभार

Santlal Karun के द्वारा
September 10, 2013

श्रीयुत सम्पादक जी , ‘जागरण जंक्शन’ ‘ज्यादा चर्चित-ज्यादा पठित-अधि मूल्यित’ के चयन के कुछ-न-कुछ चेक प्वाइंट तो होंगे या नेट वर्क बैंकिंग की तरह चयन स्वत: निपट जाया करता है ? या फिर इसके के लिए ‘मैं ये करूँ या वो करूँ मेरी मर्ज़ी’ की आत्म-मुग्धावस्था कार्यरत है ! इन कॉलमों को कई बार चेक करने पर चयन में साफ़-साफ़ स्तरहीनता और अमान्यता दिखाई देती है | अन्यथा उदाहरण के लिए आज दिनांक 10-09-2013 का अपराह्न 4.45 से 5.15 बजे तक की इन कॉलमों स्थिति की न्याय-संगतता स्पष्ट करने का कष्ट करें; अनुगृहीत होऊँगा |

    Feedback के द्वारा
    September 12, 2013

    आदरणीय करुण जी, आपके द्वारा चिन्हित तीनों कॉलम पूरी तरह कंप्यूटर निर्देशित हैं। इसीलिए इनका मूल्यांकन आलेखों को मिले हिट्स, कमेंट्स की संख्या तथा रेटिंग पर आधारित है। संपादक मंडल का इस कॉलम में आलेखों के चयन के लिए कोई हस्तक्षेप नहीं है। इसमें शामिल आलेख गुणवत्ता की बजाय ज्यादा हिट्स, कमेंट्स की संख्या तथा रेटिंग के आधार पर स्वयं यहां उपस्थित हो जाते हैं। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    Santlal Karun के द्वारा
    September 12, 2013

    आदरणीय महोदय, ‘जागरण जंक्शन’ चयन-प्रक्रिया के विषय में जानकारी देने के लिए हार्दिक आभार !

jyotsna singh के द्वारा
September 8, 2013

आदेर्निय पिछले एक महीने से मैं अपनी नई रचना पोस्ट नहीं कर पा रही हूँ,क्योंकि उस पर पब्लिश का आप्शन नहीं आरहा है ,अब तक मैं ४ ड्राफ्ट्स बना चुकी हूँ पर पोस्ट नहीं कर पा रही इससे पहले मेरे दो ब्लॉग आपने पसंद(फीचर्ड) करने के बाद भी स्क्रॉल पर नहीं चला जबकि उसकी इनफार्मेशन मेरे ईमेल पर आयी थी .कृपया इस समस्या का शीघ्र समाधान करें.पहले भी मैं इस बारे में दो पत्र लिख चुकी हूँ आपको.

    Feedback के द्वारा
    September 12, 2013

    आदरणीया ज्योत्सना जी, एड्मिन से आपके ब्लॉग की जांच करने पर उसमें पब्लिश ऑप्शन दिखाई दे रहा है। आप अपना यूजर नेम और पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर भेजें ताकि समस्या का अविलंब निवारण किया जा सके। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

jyotsnasingh के द्वारा
September 2, 2013

जागरण जंक्शन पर मेरे ब्लॉग “poems and write ups ” पर पब्लिश का आप्शन नहीं आरहा है जिसकी वजह से मैं अपनी रचनाए पोस्ट नहीं कर पा रही हूँ जिस साईट से न्यू पोस्ट भेजते हैं उसके टॉप पर लिखा है प्रेस एपीआई key या रिमूव प्लग इन मुझे इस मतलब समझ नहीं आरहा है कृपया मेरी मदद करें. ज्योत्स्ना सिंह (JYOTSNA SIGH).

jlsingh के द्वारा
August 31, 2013

वाह सुमित जी! आपने मर है नहले पे दहला क्या अभी तक जागरण जंक्सन को पता नहीं चला वो जो है ‘कांच की चूड़िया’ जागरण जंक्सन के मुख्य पृष्ठ यानी होम पेज पर सुशोभित अमरसिं के नाम से अंकित जागरण जंक्सन टीम, कृपया ध्यान दीजिये वरना कल होकर रामायण महाभारत को भी अपने नाम से छाप लेंगे गोस्वामी जी और वेदव्यास को भी जलाकर ताप लेंगे.. इसके पहले अलका गुप्ता जी द्वारा आपत्ति दर्ज की जा चुकी है … उम्मीद है आप संज्ञान में लेंगे!

alkargupta1 के द्वारा
August 29, 2013

मान्यवर महोदय , आपके संज्ञान हेतु यह बताना चाहती हूँ `कांच की चूडियाँ ‘ रचना जोकि टॉप ब्लॉग में आई है यह ब्लॉगर महाशय द्वारा चोरी की गयी है इसका वास्तविक शीर्षक “गुलाबी चूडियाँ ” है और कवि नागार्जुन इसके रचयिता हैं ब्लॉगर महाशय ने कहीं भी कवि नागार्जुन का नाम अंकित नहीं किया है बल्कि अपने नाम से ही पोस्ट कर दी है जोकि ठीक नहीं है यदि इस रचना को इन्हें पोस्ट करना था तो कम से कम कवि के नाम से साझा कर सकते थे तब कोई बात नहीं थी लेकिन अपने नाम से पोस्ट करना उचित नहीं है | कृपया ध्यान दें| साभार

Rajesh Kumar Srivastav के द्वारा
August 23, 2013

मान्यवर मेरी पोस्ट “खंडित भारत माँ का क्रन्दन (अखंड भारत दिवस पर)” पर मेरे पास जी मेल में message आया हैseemakanwal प्रीती श्रीवास्तव जी और योगी सारस्वत जी की प्रतिक्रिया का और प्रतिक्रिया वहाँ से गायब है कमेन्ट न मेरे डेशबोर्ड पर है न पोस्ट पर इसका क्या कारण हो सकता है ,कृपया बताने का कष्ट करें

rekhafbd के द्वारा
August 20, 2013

आदरणीय मुझे आज यह मेसेज मिला jagranjunction.com 12:27 PM (3 hours ago) to me Dear User, Your क्या भारत में फिर से राम राज्य स्थापित हो पाएगा? has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : Zindagi Zindagi Thanks! JagranJunction टीम लेकिन यह फीचर्ड नही हुआ है ,कृपया देखे ,आभार

jyotsnasingh के द्वारा
August 19, 2013

जागरण जंक्शन के सम्पादकीय दल द्वारा मेरी दो रचनाओं “हाँ माँ तो हूँ मैं -तुम्हारी और ” स्वप्न इक देखा हैमैने ऐय वतन तेरे लिए ” को फीचर्ड ब्लॉग में रखा गया है लेकिन पहले वाला ब्लॉग और ये ब्लॉग दोनों ही स्क्रोल पर नहीं चले और नाही उस पर कोई प्रतिक्रिया आई प्रथम दिन की दो प्रतिक्रियाओं के अतिरिक्त कृपया इस समस्या का निराकरण करें ज्योत्स्ना सिंह.

nishamittal के द्वारा
August 19, 2013

मान्यवर मेरी पोस्ट निराशा ही निराशा प्रधानमंत्री जी पर मेरे पास जी मेल में मेस आया है प्रीती श्रीवास्तव जी और योगी सारस्वत जी की प्रतिक्रिया का और दोनों की प्रतिक्रिया वहाँ से गायब है हमेशा की तरह पठनीय और सराहनीय आलेख …हार्दिक बधाई! निशा जी , आपने बहुत कुछ कह दिया आदरणीय निशा जी मित्तल ! कितने हैं जो जिन्होंने मनमोहन सिंह का भाषण देखा होगा सुना होगा ? स्पष्ट कहता हूँ वहां जितने थे उसके अलावा बस १-२ हजार ने लेकिन नरेन्द्र मोदी , एक मुख्यमंत्री का भाषण पूरा दीखता है , हर कोई देखता है ! मैं तारीफ नहीं कर रहा हूँ नरेन्द्र मोदी की , करता हूँ लेकिन उचित जगह और उचित मंच पर ! आप मनमोहन सिंह से क्या उम्मीद लगाया बैठे हैं , वो जिनके चरणों की धुल लेकर इस पद पर बैठे हैं उनके गीत गायेंगे वर्ना क्या शास्त्री जी इस लायक नहीं की उनको याद किया जा सके ? क्या ताल जी इस लायक नहीं की उनका नाम लिया जा सके ! मन मोहन ये भूल जाते हैं की वो भारत के प्रधानमंत्री हैं , याद बस एक परिवार रहता है ! हमेशा की तरह सशक्त आलेख दोनों ही कमेन्ट न मेरे डेशबोर्ड पर है न पोस्ट पर इसका क्या कारण हो सकता है ,कृपया बताने का कष्ट करें

Santosh Kumar के द्वारा
August 7, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,..सादर अभिवादन नयी पोस्ट करने पर इंट्री तू लार्ज का सन्देश आ रहा है ,….पोस्ट नहीं कर पा रहा हूँ ,… एक पोस्ट को दो हिस्से में बांटकर भी नहीं कर पा रहा हूँ ,…लागिन पेज पर किसी ए पी आई कोड की मांग दिख रही है ,….कृपा समाधान करने की कृपा करें ….अग्रिम आभार सहित ..सादर

nishamittal के द्वारा
July 30, 2013

मान्यवर महोदय,आपका सन्देश आया की पोस्ट फीचर हुई है वहाँ देखा तो परसों वाले लोगों की ही पोस्ट्स ज्यों की त्यों है और पेज भी जो शो हो रहा है वो कल वाला ही है.पोस्ट पर कमेन्ट ५- ६है रीडर ब्लॉग में शून्य है ,यदि स्थिति स्पष्ट हो तो भ्रम दूर हो

sinsera के द्वारा
July 28, 2013

आदरणीय महोदय, ऐसा प्रतीत होता है कि जागरण जंक्शन की साईट रिफ्रेश नहीं हो पा रही है,क्योंकि होम पेज पर लगभग दस दिन से पुराने लेख , स्तम्भ ,फीचर्ड ब्लॉग और पिछले हफ्ते के बेस्ट ब्लॉगर ही दिखाई दे रहे हैं, जिसके कारण मैं नए आलेख पढने से वंचित रह जा रही हूँ. इस समस्या का कोई कारण मेरी समझ में नहीं आ रहा है. कृपया उत्तर देने व निराकरण करने का कष्ट करें ताकि जागरण जंक्शन खोलने पर निराशा का सामना न करना पड़े….अग्रिम धन्यवाद..

alkargupta1 के द्वारा
July 25, 2013

मान्यवर महोदय , visit site पर क्लिक करने पर अंग्रेजी में यही लिखा हुआ आरहा है The page isn’t redirecting properly Firefox has detected that the server is redirecting the request for this address in a way that will never complete. This problem can sometimes be caused by disabling or refusing to accept cookies. कृपया समाधान करने का कष्ट करें साभार अलका

alkargupta1 के द्वारा
July 24, 2013

मान्यवर महोदय , मैंने 22july को अपनी साईट सम्बन्धी समस्या लिखी थी लेकिन पता नहीं वह कहाँ गयी इसलिए आज पुनः आपको अवगत करा रही हूँ मेरे ब्लॉग का नाम `साहित्य कृति’ है जब visit site पर क्लिक करती हूँ तो वह पेज नहीं खुल पा रहा है और दस से पंद्रह मिनट में जब खुलता है तो ऊपर बार पर sahity kriti- part 1 लिख कर आता है वहां प्रारंभ में ही मेरे केवल दस ही पोस्ट दिखाई दे रहीं हैं और शेष न जाने कौन सी व किसी और की पोस्ट हैं और उनमें से किसी भी पोस्ट पर क्लिक करती हूँ तो मेरी बार-बार `तू महान बन..तू महान बन ‘एक ही खुलती है जबकि मेरे द्वारा लिखी गयी 74 पोस्ट हैं | मुझे तकनीकी जानकारी नहीं है इसलिए समस्या का सामना करना पड रहा है कृपया समाधान करें | साभार

nishamittal के द्वारा
July 21, 2013

मान्यवर महोदय , कुछ समय पूर्व आपकी साईट पर सन्देश था कि साईट को ठीक किया जा रहा है अतः पोस्ट या कमेन्ट न डालें .क्या आपका कार्य पूर्ण हो चुका है ? आज बहुत \दिन बाद देखा था तो ज्ञात हुआ कि बहुत पूर्व की पोस्ट अधिक चर्चित वाली श्रेणी में विद्यमान है.कैसे ज्ञात हो की कार्य पूर्ण हुआ या नहीं.जब कार्य पूर्ण हो जाय तो कृपया सही होने का सन्देश भी देने का कष्ट करें .

SHAKTI PRAKASH के द्वारा
July 17, 2013

माननीय पिछले पुनर्निवेश के बाद देख रहा हूँ, आधे comment thread के details दिख रहे हैं अब, settings में general section की त्रुटियाँ भी आज दूर हुयी नज़र आयीं.लेकिन नया post या एक पुराना post अब भी publish नहीं कर पा रहा हूँ. publish का सुन्दर नीला बटन मेरे new post वाले पन्ने पर नज़र ही नहीं आता. निवारण करें.

dineshaastik के द्वारा
July 17, 2013

आदरणीय संम्पादक साहब, मेरी पोस्ट की प्रतिक्रियायें कहाँ हो गई गायब?? बिना सूचना दिये प्रतिक्रियायें विलुप्त करना क्या है ठीक? या जागरण जंक्शन की खराब हो गई है तकनीक?? कृपया उत्तर दें, क्यों हैं आप खामोश? कृपया बातायें मेरा दोष!

dineshaastik के द्वारा
July 15, 2013

महोदय मेरी समझ नहीं आ रहा ये क्या हो रहा है।मेरी पोस्ट पर मुझको किये गये कमेन्ट गायब हो गये कमेन्ट किसी दूसरी की पोस्ट के आ रहे हैं।क्या यह मेरा दृष्टि भ्रम है या कोई तकनीकी प्रोब्लम… उत्तर की प्रतीक्षा में…

s.p. singh के द्वारा
July 1, 2013

आदरणीय टीम जागरण, महोदय मैंने एक जून २०१३ को एक रिक्वेस्ट डाली थी जिसके निवारण में मेरे ब्लॉग पर स्पेस १० एम् बी से २० एम् बी तो कर दिया गया है लेकिन अब लगभग से मेरी कोई पोस्ट पब्लिश नहीं हो रही है मैंने अपने लैप टाप/कंप्यूटर पर सारे आप्शन दुरुस्त कर लिए है फिर भी मेरी समस्या का निदान नहीं हुआ है. कृपया कुछ ध्यान इधर में दीजिये .

anoymous के द्वारा
June 29, 2013

महोदय आप लोगों की इस पोर्टल का मैं लंबे समय से पाठक हूं.. पर आज पहली बार कमेंट करने का दिल चाहा. आप लोग लाइफस्टाइल और सोशल इश्यो में मसाला कंटेट तो अच्छा डालते हैं लेकिन प्रमोशन सिर्फ लाइफ स्टाइल का करते हैओं.. हाल ही में मैंने एक ऐसा ब्लॉग देखा जो शायद इस मंच का सबसे बढिया और्त शानदार लेख हो सकता था जिसे विशेष रूप से प्रकाशित और प्रायोजित किया जाना चाहिए था नाम है “्ोी्ोदर्द होता है तो दूसरों का दर्द समझते क्यों नहीं, सोशल इश्यू का है लेकिन आप लोगों ने जो पेज पर बैनर चलाएं है वह चालू और मसाला चीजों है ऐसे लड़कियों की सेक्र्ट बातें आदि.. भला समाज का इन बातों से क्या वास्ता लेकिन सोशल इश्यू के इस ब्लॉग से समाज को बदलने मॆं जरूर मदद मिलगी.. मैंने इसे अपने फेसबुक पर भी डाला है.. आप लोग भी चाहे त्रो अपने ब्लोग को होम पेज पर अच्छी तरह दिखा अपनी छवि बदलने की कोशिश कर सकते हैं सीक्रेत बातें और पुरुषों का शोषण जैसे टॉपिक हॉट और मजेदार है लेकिन समाज बदलने जैसी बात इनमॆं एक भी नहीं है.. कृप्या मेरी बाथ पर ध्यान दें ..  ”

sudhir awasthi के द्वारा
June 29, 2013

हमारा ब्लाग ग्रामीण पत्रकार के नाम से था| जिसका पिन और पासवर्ड खो जाने के बाद से नहीं चल रहा है| इसमें हमारी मदद करने का कष्ट करें| धन्यवाद| हमारा पता है —- sudhirandmani@gmail.com

omdikshit के द्वारा
June 16, 2013

महोदय , धन्यबाद,सब ठीक हो गया.

omdikshit के द्वारा
June 15, 2013

महोदय ,कृपया ……जाम खुलवाएं ताकि नए लेखों को बेस्ट ब्लाग ,फीचर्ड ब्लाग,टॉप ब्लाग और रीडर ब्लाग में स्थान मिल सके.क्योंकि पिछले पांच दिनों से वही लेख,वही चेहरे रोज़ दिखाई पड़ रहें हैं,पीछे काफी लोग प्रतीक्षा में हैं.

nishamittal के द्वारा
June 12, 2013

मान्यवर ,कल भी आप से अनुरोध किया था ,मेरी ओर तो जागरण की साईट शायद hanged है,गत सप्ताह से इस लिंक पर न पोस्ट चेंज हुई न फीचर्ड .कृपया इसको ठीक करने का कष्ट करें

    Feedback के द्वारा
    June 13, 2013

    आदरणीया निशा मित्तल जी, महोदया, जागरण जंक्शन पर प्रतिदिन पोस्ट फीचर हो रहे हैं। आपकी समस्या निम्नलिखित कारणों से हो सकती है यथा: ब्राउजर इश्यू, हिस्ट्री, कुकीज आदि का डिलीट न होना आदि। इसके निवारण के लिए आप सबसे पहले रिसेंट हिस्ट्री तथा कुकीज और टेम्परेरी फाइल्स डिलीट करें। इसके बाद भी समस्या नहीं सुधरती तो फिर ब्राउजर बदल कर देखें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

nishamittal के द्वारा
June 11, 2013

मान्यवर महोदय ,जागरण की साईट पर गत ५ दिन से वही पेज है,न ब्लोग्स चेंज हो रहे हैं,न फोटो .ये टेक्नीकल समस्या है या मेरी ओर कुछ विशेष समस्या .,कृपया बताएं इसीलिये नई पोस्ट नहीं डाली गई

s.p. singh के द्वारा
June 1, 2013

आदरणीय टीम जागरण, महोदय, जो समस्या आदरणीय निशा मित्तल की है वाही समस्या मेरी भी है, मेरे ब्लॉग पर संख्या १०१ के बाद कई पोस्ट पब्लिश करने के बाद भी पब्लिश नहीं हुई फिर एकाएक ५ पोस्टें पब्लिश हो गई उसके बाद फिर व्ही समस्या मेरे सामने है मैंने एक पोस्ट अभी अभी रिलीज की है जो यह दर्शा रही है है ९.५८ पर पब्लिश हो गई है पर पब्लिश हुई नहीं है, कृपया ध्यान देवे आपकी कृपा होगी.धन्यवाद. एस पी सिंह./ मेरठ

nishamittal के द्वारा
May 28, 2013

मान्यवर महोदय ,एक सुझाव के रूप में मुझको कुछ निवेदन करना है.मुझको जागरण जंक्शन से जुड़े हुए लंबा समय हो चुका है.प्रारम्भ में रचनाएँ दिन में तीन बार फीचर होती थी.एक प्रतीक्षा रहती थी.क्योंकि यहाँ लिखने वालेबहुत ब्लागर लोग मेरे जैसे नौसिखिए भी हैं.निश्चित रूप से इससे पहचान मिली,लिखने की प्रेरणा भी.                                           गत लंबे समय से पोस्ट चेंज होने में बहुत समस्या आ रही है,पहले केवल अवकाश के दिन ऐसा होता था अब तो ये आम है.कल ३ दिन बाद पोस्ट चेंज हुई जिसमें वही समस्या कि कुछ पोस्ट इस श्रेणी में पडी रहती हैं,बाकी १०- १० मिनिट के लिए फीचर हो कर गोल हो जाती हैं आज फिर २४ घंटे बाद भी पोस्ट चेंज न होने के कारण वही स्थिति है.अभी मेरी पोस्ट फीचर होने का सन्देश ४ ४७ पर आपके द्वारा प्रेषित मुझको मिला और ४ ५२ पर देखा था तो मुख पृष्ठ से वो पोस्ट बदल चुकी थी . अतः मेरा तथा अन्य बहुत से जागरण जंक्शन प्रेमी ब्लोगर्स का ये विनम्र सुझाव है कि मंच की उत्कृष्टता बनी रहे ,नव ब्लोगर्स जुड़ें,पुराने लोगों का उत्साह बना रहे ,इस दृष्टि से विचार कर कुछ व्यवस्था निर्माण हो सके तो सबको सुखद लगेगा.

    Feedback के द्वारा
    May 28, 2013

    आदरणीया निशा मित्तल जी, महोदया, आपकी पोस्ट फीचर श्रेणी में ही मौजूद हैं जिसे आप लॉग इन करने के बाद होम पेज पर जाकर देख सकती हैं. यदि आप बिना लॉग इन किए होम पेज देखेंगी तो आपको पुरानी पोस्टें फीचर श्रेणी में मिलेंगी जिससे यह भ्रम पैदा हुआ कि आपकी पोस्ट को समय नहीं मिल सका. वस्तुतः अन्य पाठकों को भी इसी बाधा से गुजरना पड़ रहा है जिसका हमें हार्दिक खेद है. कुछ तकनीकी समस्याओं के कारण ऐसा हो रहा है जिसे शीघ्र ही दूर कर दिया जाएगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

omdikshit के द्वारा
May 27, 2013

सम्पादक /प्रबंधक ,महोदय ,जागरण जंक्शन. यह देखने में आया है कि….विगत 16 अप्रैल से अब तक आप द्वारा …फीड-बैक …पर कोई ध्यान नहीं दिया गया है.18 मार्च के बाद ,अब तक केवल एक बार आप द्वारा लोगों कि प्रतिक्रियाओं पर उत्तर दिया गया है.यदि यह …शीर्षक उपेक्षित है,तो कृपया इसे हटा दें अथवा कोई अन्य …पता या मेल दें जिससे अपनी जिज्ञासा अथवा समस्या से आप को अवगत कराया जा सके.मुझे पिछले,27 अप्रैल का कोई उत्तर नहीं मिला.आप से पुनः निवेदन करना है कि ….ज्यादा चर्चित,ज्यादा पठित और अधिमूल्यित ..शीर्षक के अंतर्गत आने वाले ब्लाग ….साप्ताहिक.पाक्षिक ,मासिक या अन्य अवधि में बदले जाते हैं या कोई अन्य तरीका है?क्योंकि कुछ ब्लाग एक सप्ताह में हटा दिए जाते हैं ,कुछ बीस-बीस दिन से ज्यादा अवधि तक बने रहते हैं ,जबकि हटाये गए ब्लाग पर ज्यादा स्टार या ज्यादा कमेंट्स होते हैं?ज्यादा पठित वाले ब्लाग के सामने …पाठकों की संख्या का भी उल्लेख होना चाहिए ताकि पारदर्शिता बनी रहे.आशा है आप …फीड-बैक ..शीर्षक पर यदि रोज़ नहीं ,तो साप्ताहिक ध्यान अवश्य देंगे….सादर.

    Feedback के द्वारा
    May 28, 2013

    आदरणीय ओम दीक्षित जी, ज्यादा चर्चित, ज्यादा पठित और अधिमूल्यित श्रेणियों में ब्लॉग पोस्ट 10 दिन की अवधि के पश्चात स्वतः परिवर्तित हो जाते हैं. उदाहरण के तौर पर यदि रचना आज प्रकाशित हुई और अगले 3 दिनों में उसको 500 लोगों द्वारा पढ़े जाने के कारण वह सूची में शामिल होने योग्य हो चुकी है तो अंतिम रूप में उस पोस्ट को सूची में अगले 7 दिनों तक ही जगह मिलेगी. किंतु यदि उस अवधि में अन्य रचनाएं उससे ज्यादा पढ़ी गई हैं तो वह स्वतः सूची से बाहर हो जाएगी. इसी प्रकार कमेंट की संख्या के आधार पर ज्यादा चर्चित श्रेणी में और रेटिंग के आधार पर अधिमूल्यित श्रेणी में भी रचनाएं शामिल और बाहर होती हैं. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    omdikshit के द्वारा
    May 29, 2013

    आदरणीय महोदय. ध्यान देने और नियमों से भिज्ञ करने के लिए धन्यबाद.

yamunapathak के द्वारा
May 17, 2013

आदरणीय संचालक महोदय इस सम्मानित अनुपम मंच से यमुना का सादर नमस्कार मेरे ब्लॉग संकलन ‘आत्माभिव्यक्ति’के ब्लॉग नो.७४ ‘वह एक बीज’को टॉप ब्लॉग में स्थान देने के लिए आपका बहुत-बहुत आभार. मुझे अपने ब्लॉगर साथियों से यह विदित हुआ कि ब्लॉग (वह एक बीज)पर प्रतिक्रियाएं सबमिट नहीं हो पा रही हैं.वैसे तो इस पोस्ट को आप के द्वारा recognised और टॉप ब्लॉग के रूप में चयन करने से मुझे सकारात्मक प्रेरणा मिल गई है जो मुझे नित समाज हित में लिखने को प्रेरणा देती रहेगी पर फिर भी अपने ब्लॉगर साथियों की प्रतिक्रिया और मार्गदर्शन की अपेक्षा की भी आशा रखते हुए आपसे निवेदन करती हूँ कि मेरे पोस्ट पर सफलता पूर्वक कमेंट सबमिट ना होने की समस्या का समुचित निदान निकालने की कृपा करें.आपका यह सहयोग मेरे लिए अमूल्य रहेगा. धन्यवाद

alkargupta1 के द्वारा
May 10, 2013

मान्यवर संपादक महोदय /महोदय रचना की फीचर्ड श्रेणी के विषय मे कुछ मनोगत भाव आपको अवगत कराना चाहती हूँ वैसे तो मेरी सारी रचनाएँ फीचर्ड होती ही हैं लेकिन कई बार देखा है रचना केवल एक दो मिनट के लिए ही इस श्रेणी में आती है इस मंच पर मातृदिवस के लिए `उर की बंजर भूमि पर संस्कृति के अंकुर माँ ‘ रचना 7 मई को पोस्ट की थी आज दिन तक वह फीचर्ड की श्रेणी में नहीं देख पाई और न हीअधिक पाठक इस रचना से लाभान्वित हो सके | उसके बाद वाली सभी रचनाएँ देख पा रही हूँ जबकि उससे पहले सभी रचनाएँ तीन दिनों तक फीचर्ड की श्रेणी में स्थिर थीं और आज अकस्मात् ही सभी रचनाएँ फीचर कर दी गयी और बहुत ही शीघ्रता से उस श्रेणी में आ जा रही हैं लेकिन अथक परिश्रम से लिखी गयी मेरी रचना नहीं आई |इतनी मेहनत करके लिखी गयी रचना यदि अधिकाँश पाठक नहीं पढ़ पायें तो यहाँ लेखन व्यर्थ ही होगा कृपया अवगत कराएँ क्या आपके मानदंडों पर खरी नहीं उतरी या फिर अन्य कारण था उसके फीचर श्रेणी में दिखाई न देने का | मैं आशा करती हूँ आप मेरे मनोगत भावों का संतोषजनक उत्तर देंगे ….. धन्यवाद

    alkargupta1 के द्वारा
    May 10, 2013

    मान्यवर सम्पादक महोदय /महोदया आपके द्वारा रचना को त्वरित ही फीचर्ड श्रेणी में देख कर मुझे मेरे मनोगत भावों का संतोषजनक उत्तर मिला | हार्दिक आभार व्यक्त करती हूँ सधन्यवाद

Kapil Lomeo के द्वारा
May 10, 2013

सबको नमस्कार, कृपा कर जागरण जंक्शन या इस ब्लॉग का अन्य कोई सम्मानित सदस्य मुझे बताये की किसी ब्लॉग को हिंदी में टाइप करने के लिए क्या करना पड़ेगा? या MS-word में क्या हिंदी में टाइप कर के जागरण जंक्शन के लिए ब्लॉग में पेस्ट कर सकते है? अभी तो में फ़िलहाल या तो ब्लॉग के टाइपिंग बॉक्स में इंग्लिश में टाइप करता हो जो हिंदी में अनुवादित हो जाता लेकिन ये काफी समय लेने वाला आप्शन है. कृपया कोई ऊपर बताये हुए कोई आप्शन का सुझाव दे, यदि है तो. ध्यनावाद

May 8, 2013

महोदय, मेरे ब्लॉग का स्पेस ९४ प्रतिशत फुल हो गया है। कृपया स्पेस आवंटित करने का कष्ट करें। धन्यवाद

May 8, 2013

अनिल कुमार ‘अलीन’ के द्वारा January 14, 2013 “आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ पते है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद…………………………….. …………………………….. Feedback के द्वारा January 17, 2013 आदरणीय अनिल कुमार ‘अलीन’ जी, आपकी समस्या जल्द ही दूर कर दी जाएगी. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार” महोदय आप द्वारा त्वरित करवाई का आश्वासन दिए जाने के उपरान भी मेरी समस्या का समाधान अभी तक नहीं हुआ.कृपया इस समस्या के समाधान के लिए अपना बेशकीमती समय देने का कष्ट करें. धन्यवाद. ..

May 8, 2013

अनिल कुमार ‘अलीन’ के द्वारा January 14, 2013 “आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ पते है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद…………………………….. …………………………….. Feedback के द्वारा January 17, 2013 आदरणीय अनिल कुमार ‘अलीन’ जी, आपकी समस्या जल्द ही दूर कर दी जाएगी. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार” महोदय आप द्वारा त्वरित करवाई का आश्वासन दिए जाने के उपरान भी मेरी समस्या का समाधान अभी तक नहीं हुआ.कृपया इस समस्या के समाधान के लिए अपना बेशकीमती समय देने का कष्ट करें. धन्यवाद.

s.p. singh के द्वारा
April 27, 2013

आदरणीय टीम जागरण, महोदय मैं पिछले ६ माह से अपनी ब्लॉग पर कोई भी टिप्पणी और लेख पोस्ट नहीं कर पर रहा हूँ. लेख लिखा जाता है परन्तु पब्लिश नहीं हो पता ? अगर कोई तकनिकी खराबी है तो वह तो आप ही सही कर सकते हैं कृपया उचित कार्यवाही करें १ धन्यावा. एस० पी० सिंह, sohan.p.singh@gmail.com

omdikshit के द्वारा
April 27, 2013

जे जे संपादक महोदय, मेरा लेख ………क्योंकि रोज़ भूख लगती है…..मेरे द्वारा 16 APRIL को पोस्ट किया गया था,लेकिन यह पोस्ट कहाँ रुक गया था,कुछ समझ में नहीं आया,जब कि स्टेटस…..PUBLISHED दिखा रहा था.यू.एस.आने के पहले जब मैंने साईट खोला तो मेरे ब्लाग में तो पोस्टेड दिखा रहा था,लेकिन रीडर-ब्लाग में 16 से 21 तक कहीं दिखाई नहीं पड़ा.एडिट करने के बाद जब फिर देखा तो ….अभी -अभी में दिखने लगा.लेकिन यह …..16 अप्रैल के पोस्ट में चला गया.संभवतः इसीलिए न तो यह आप की निगाह में आया और न हि किसी पाठक के,क्योंकि यह ….फीचर्ड भी नहीं हुआ और इसका कोई मेल आज-तक नहीं आया .कृपया इसका कारण और निवारण बताएं ताकि भविष्य में यह गलती न हो सके.

अजंलि चोपड़ा के द्वारा
April 25, 2013

संपादक महोदय से मेरा एक बडा प्रश्न है: मैं इस मंच को पिछले दो से लगातार पढ रही हूं. महिलाओं के लिए आपका महिला सशक्तिकरण, अनिता जी, निशा मित्तल, जैसी लेखिकाओं का ब्लोग हमेशा पढ़ती हू. जोक्स ,कभी कभी राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर आपकी पकड़ का कोई जवाब नहीं. यह मंच दैनिक जागरण जैसे सम्मानित अखबार का जिसके मेरे दादा-नाना बड़े प्रशंसक थे, का एक भाग है. यूं तो कई बार यहां बासी लेख, चुराए हुए लेखों को भी मैंने जागरण ब्लॉग में देखा लेकिन कभी ही शायद कोई गलत चीज पढी हो जिसपर मुझे गुस्सा आया हो लेकिन आज के आपके लेख को पढ ना जानें क्यूं मैं आवेश में आई.. आपका यह लेख था “बहुत प्यार करता था मैं अपनी बेटी से पर वो……” इस लेख में आज मैंने पाया कि मीडिया जरा सी रीडिंग के लिए कितंना गिर गया है.. हालांकि मैं आप पर ककोई भी आरोप लगाने से पहले यह जानना चाहती हूं कि इस लेख में जो चीजे आपने बोल्ड की हैं वह कहां लिखी गई हैं और इसका प्रुफ क्या है? मैरा इस मंच से मोह ना छुटे इसलिए मैने कई जगह सर्च किया पर नहीं मिला हो सकता है जिस लेखक ने लिखा हो या जिस एडिटर ने एडिट किया हो उसे पता हो सच्चाई का.. लिंक दें ताकि मुझे भी सच्चाई का पता चले.. अन्यथा इस लेख को जल्द से जल्द बदलें

    अजंलि चोपड़ा के द्वारा
    April 25, 2013

    एक सम्मानिय और प्रतिष्टित मंच की पहचान. आपका आभार और आपकी चुस्ती, फुर्ती और तेजी को मेरा लाखों सलाम. आपने जिस तेजी से कार्य किया वह कमाल है और वकाई अविश्वसनीय है.. लेख अभी नहीं दिख रहा है पर उम्मीद है जब दिखेगा तो सही होगा.. ऐसी चीजों का भविष्य में ध्यान रखें.. एक और चीज मैं इस मंच को सिर्फ अकेले पढ़ पाती हूं चार लोग बैठे हो तो खोलने की हिम्मत नहीं होती वजह है आपके बोल्ड कंटेंट.. यह अश्लील तो नहीं है लेकिन अश्लीलता की सीमाओं को छुते जरूर है. मसलन लाइफस्टाइल में आज ” औरत की बांहों में जाने के लिए तैयार रहते हैं पुरुष” क्या लाइफ स्टाइल में लड़की पटाने के अलावा कैसे रहना चाहिए कैसे कसरत करना चाहिए नही जा सकता.. क्या ऐसा कोई उपाय है जिससे मैं यहा ब्लॉग बना कर अपने परिजनों को प्रफुल्लित और बिना संकोच किए खोल कर दिखाई.. मेरा भी मन हिअ कि मैरा ब्लॉग दैनिक जागरण के अखबार में छपे. और यह अखबार तो मेरे घर भी आता है.. मुझे बहुत अच्छा लगेगा लेकिन जब होम पेज पर ही अंतर्वासना वाली चीजें हो तो बडी बुरी लगतीहैं.. धन्यवाद.. यह सिर्फ सुझाव था मैं तो हमेशा इसकी पाठक रहुंगी और इस तेजी को शायद मरते दम तक ना भूलूं.

yamunapathak के द्वारा
April 24, 2013

आदरणीय संचालक महोदय नमस्कार कुछ दिनों से मेरी प्रोफाइल पिक्चर (बदलने के उपरान्त )फीचर्ड पोस्ट पर नहीं दिखाई दे रही है और वह पूर्णतः blank ho जा रही है.हालांकि अवतार अपडेटेड में वह दिखाई पड़ रहा है.क्या आप कृपा कर इसका हल कर सकते हैं. साभार

    yamunapathak के द्वारा
    May 17, 2013

    मेरी समस्या के त्वरित समाधान के लिए सम्मानित मंच के आदरणीय संचालक महोदय का बहुत-बहुत आभार प्रकट करती हूँ .अपने इस प्रिय मंच के अनुसाषण और कार्य शैली से सदैव प्रभावित होती हूँ. साभार यमुना

bhagwanbabu के द्वारा
April 17, 2013

आदरणीय संपादक मंडल, इस मंच पर संभवतः यह मेरी पहली शिकायत है. मेरी सभी रचनाओं को अभी तक आप फीचर्ड ब्लॉग की श्रेणी में रखते आये हैं,जिससे अधिकाधिक पाठक उसे पढ़ सकते हैं.. हम इसका तहे दिल से धन्यवाद करना चाहते है… साथ ही साथ हम ये जानना चाहते है.. कि दैनिक जागरण के संपादकीय पृष्ठ पर जो जागरण जंक्शन के 2 लेख आप प्रकाशित करते है वो किस आधार पर होता है… क्या उसके लिए अलग से अनुरोध करनी होती है  या कुछ और… क्या करना होगा अगर मुझे अपनी कोई लेख दैनिक जागरण के संपादकीय पृष्ठ पर ज़ागरण जंक्शन कॉलम मे प्रकाशित करवाना हो…. कृप्या सुझाव दे… धन्यवाद…

sinsera के द्वारा
April 16, 2013

आदरणीय संपादक मंडल, इस मंच पर संभवतः यह मेरी पहली शिकायत है. मेरी सभी रचनाओं को अभी तक आप फीचर्ड ब्लॉग की श्रेणी में रखते आये हैं,जिससे अधिकाधिक पाठक उसे पढ़ सकते हैं. किन्तु पिछले १० अप्रैल की रचना “अच्छा तो हम चलते हैं” को अपने फीचर्ड श्रेणी में स्थान नहीं दिया…मेहनत से लिखी रचना का ये हश्र देख कर दुःख होता है..क्या मैं इस पक्षपात/उपेक्षा पूर्ण कारवाई का कारण जान सकती हूँ….?? कृपया अविलम्ब बताने का कष्ट करें…

    Feedback के द्वारा
    April 16, 2013

    आदरणीया सरिता सिन्हा जी, आपके ब्लॉग पोस्ट “अच्छा तो हम चलते हैं” को 11 अप्रैल को फीचर्ड श्रेणी प्रदान की गई थी जो 12 अप्रैल को दोपहर 12 बजे तक इसी श्रेणी में शामिल होकर मुख्य पृष्ठ पर मौजूद था। शायद किसी कारणवश यह आपके सामने आने से वंचित रह गया जिससे आपको समस्या हुई। आपकी रचनाएं उच्च कोटि की होती हैं जिनकी उपेक्षा का सवाल ही नहीं उठता। मंच आपके योगदान की प्रशंसा करता है। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    sinsera के द्वारा
    April 17, 2013

    आदरणीय संपादक मंडल , त्वरित उत्तर के लिए धन्यवाद … रचना के फीचर्ड होने के सम्बन्ध में मुझे मेल नहीं मिली , शायद इसीलिए मुझे उपेक्षा का भ्रम हुआ . आपको कष्ट देने के लिए क्षमा चाहती हूँ …

Rachna Varma के द्वारा
April 10, 2013

j j टीम , आज मैंने जागरण जंक्शन फोरम के लिए ब्लाग लिखा था ‘ कुंठित मानसिकता प्रेरित करती है दुराचार के लिए ‘ मगर इस समय मुझे अपनी पोस्ट मिल नहीं रही है क्या कारण है कृपया स्पष्ट कीजिये | धन्यवाद |

Rajesh Dubey के द्वारा
March 15, 2013

महोदय, साथियों ने बताया कि मेरे आज के पोस्ट “गुरु-शिष्य की मर्यादा-Jagran Junction Forum” पर कमेन्ट पोस्ट नहीं हो रहा है, कृप्या ठीक करें.

    Feedback के द्वारा
    March 18, 2013

    आदरणीय राजेश दुबे जी, महोदय, किसी कारणवश आपके ब्लॉग में कमेंट विकल्प बंद था जिसे अब दुरुस्त कर दिया गया है. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

yogi sarswat के द्वारा
March 14, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन संपादक मंडल , मैंने श्री वासुदेव त्रिपाठी और परम आदरणीय निशा जी मित्तल के विचार इस मंच पर देखे ! मैं उनकी बात से सहमत हूँ और उनके विचारों और उनके अनुरोध का समर्थन करता हूँ ! वास्तव में निशा जी मित्तल ने बात उठाई है वो न केवल गौर करने लायक है वरन उस पर जितना जल्दी संभव हो , अमल भी किया जाना चाहिए ! आशा है आप हम ब्लोगर्स के विचारों को वरीयता देंगे ! धन्यवाद

    Feedback के द्वारा
    March 14, 2013

    आदरणीय योगी सारस्वत जी, महोदय आप सहित अन्य सम्मानित सदस्यों के सुझाव काबिलेगौर हैं. हालांकि मंच का यही प्रयास रहता है कि प्रकाशित आलेखों को फीचर्ड श्रेणी के उपयुक्त पाए जाने पर अविलंब फीचर किया जाए किंतु जब आलेखों की संख्या अधिक होती है तो प्रत्येक फीचर ब्लॉग को समय देने के उद्देश्य से अन्य ब्लॉगों को क्रमानुसार बाद में फीचर के लिए अनुमोदित किया जाता है. फिर भी इस क्रम को और भी अधिक व्यवस्थित बनाने की कोशिश की जाएगी जिससे सदस्यों का उत्साह ज्यादा बढ़े. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

nishamittal के द्वारा
March 12, 2013

मान्यवर महोदय मेरी आज की पोस्ट एकाकीपन का दंश………पर चार कमेंट्स है पर रीडर ब्लॉग जीरो शो कर रहा है कृपया उसको ठीक करने का कष्ट करें

nishamittal के द्वारा
March 12, 2013

मान्यवर महोदय,जागरण जंक्शन एक प्रतिष्ठित साईट है जो ब्लोगर्स को (अनुभवी ,नए) अपने विचार व्यक्त करने का अवसर देती है.,जिससे जुडकर सबको सुखद लगता है. वासुदेव जी के सुझाव के रूप में लिखे इस सन्देश से मेरी भी सहमती है.मान्यवर प्राय पोस्ट जब पब्लिश करते हैं तो कुछ पोस्ट्स किसी दिवस विशेष ,जयंती या अन्य अवसर से सम्बन्धित होती है परन्तु वो अवसर निकल जाने पर जब तक वो फीचर होती है वह अवसर निकल जाता है और उत्साह भी ठंडा पड़ जाता है,यही बात आपके द्वारा पोस्ट का अंश दैनिक जागरण में देने के संबंध में है, आपके विचार से उपयुक्त पोस्ट यदि समय पर फीचर हो जाय या दैनिक जागरण में उसका अंश हो तो उत्साह द्विगुणित हो जायेगा. बहुत सारे ब्लोगर्स का सुझाव है कि कभी तो फीचर्ड पोस्ट २ या ३ दिन भी चेंज नहीं हो पाती और कभी १५ मिनिट में ही फीचर्ड पोस्ट गायब हो जाती है ,कृपया सुझाव पर ध्यान देने का कष्ट करें जिससे अधिकाधिक लोगों का जुड़ाव हो और जुड़े हुए सदस्य और सक्रिय हों धन्यवाद

vasudev tripathi के द्वारा
March 8, 2013

आदरणीय जागरण जंक्शन टीम, मैं आपके इस प्रतिष्ठित लेखन मंच का एक कनिष्ठ लेखक हूँ किन्तु अपने शब्द लिखने से पहले मैं पूरी स्पष्टता से ज़ोर देकर कहना चाहता हूँ कि ये आग्रह व शिकायत मात्र मेरी शिकायत नहीं बल्कि इस मंच के कई वरिष्ठ लेखकों की समूहिक समस्या है। कुछ ज्येष्ठ लेखकों द्वारा फेसबुक आदि पर मुझसे बार बार चर्चा व मुझे शिकायत दर्ज कराने के निर्देश के बाद मैं स्वयं को शिकायतकर्ता के रूप में यहाँ प्रस्तुत कर रहा हूँ अतः इसे मात्र एक अकेले अदने लेखक की शिकायत न समझा जाए। जिस प्रकार से एक लंबे समय से लेखों को फीचर्ड करने का क्रम अनियमित, अस्त-व्यस्त व अव्यवस्थित है, जिस प्रकार से कुछ फीचर्ड लेख कई दिन तक लटके रहते हैं व नए लेख नेपथ्य में पहुँचते जाते हैं जिनका कि नंबर ही नहीं आता, उससे लेखकों को न सिर्फ असुविधा होती है वरन कई बार लेखों का, जोकि किसी ज्वलंत तात्कालिक विषय पर लिखे गए होते हैं, औचित्य ही समाप्त हो जाता है.!! इस बात पर पुनः बल देना चाहूँगा क्योंकि इससे एक ओर लेखक का प्रयास व समय व्यर्थ हो जाता है, वहीं दूसरी ओर जागरण मंच के पाठकों को भी सामयिक लेख व विचार समय पर नहीं मिल पाते, परिणाम में इससे जो इस मंच को द्विदिशीय छति होती है मुझे नहीं लगता इसके वरिष्ठ संचालक इससे अनभिज्ञ होंगे.!! थोड़ा व्यवसायिक भाषा में, प्रतिस्पर्धा के इस युग में जो दिखता है वो बिकता है, ऐसे में यदि जागरण पर स्तरीय लेख दिखना ही बंद हो जाएंगे तो…. :) फीचर्ड श्रेणी ही जागरण को ब्लॉगस्पॉट अथवा वर्ल्डप्रैस से भिन्न बनाती है व लेखकों को अधिक पाठक उपलब्ध कराने का आश्वासन देती है। अतः गुणवत्तापूर्ण लेखों के साथ न्याय करते हुए इस कमी को सुधारा जाएगा, व इसके लिए उत्तरदाई टीम इसे गंभीरतापूर्वक लेगी, ऐसी मुझे आशा है।

Santlal Karun के द्वारा
February 27, 2013

27 फरवरी, 2013 सम्पादकश्री जागरण जंकशन मान्यवर, निवेदन है कि एक बार 12 नवम्बर 2012 को मेरे द्वारा पोस्ट लेख ‘माटी का दीया, जीवन-सा जिया’ और फिर दूसरी बार अभी पिछले हफ्ते 17 फरवरी 2013 को पोस्ट कविता ‘पहचानो मैं कौन हूँ !’ को फीचर वर्ग में रखने के उपरान्त भी जागरण जंक्शन के होम पेज पर बाईं तरफ प्रदर्शित ‘फ़ीचर्ड रीडर ब्लॉग’ वाली कॉलम पट्टी में नहीं दर्शाया गया और साथ ही रीडर ब्लॉग पेज पर शीर्ष-पट्टी से भी वंचित किया गया | आखिर ऐसा क्यों किया गया ? इससे मेरा दोनों लेखन पर्याप्त पाठकों तक न पहुँच सका और उसे अनायास इस सुविधा से वंचित होना पड़ा | क्षमा करें, ऐसा दुबारा जब 13 फरवरी वाली पोस्ट ‘पहचानो मैं कौन हूँ !’ के साथ भी हुआ, तब लिखने की धृष्टता कर रहा हूँ ! अतएव महोदय, कृपा कर औचित्य बताएँ और यदि मैं किसी भ्रम में हूँ तो भी स्पष्ट कर अनुगृहीत करें| उक्त सम्बन्ध में ई-मेल भी कर चुका हूँ, पर कोई उत्तर न मिला | आप उपर्युक्त दोनों पोस्टों का मूल सन्दर्भ आसानी से पा सकें, इसलिए उनका लिंक भी दे रहा हूँ – (1) माटी का दीया, जीवन-सा जिया http://karunsantlal.jagranjunction.com/2012/11/12/%E0%A4%AE%E0%A4%BE%E0%A4%9F%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A4%BE-%E0%A4%A6%E0%A5%80%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%9C%E0%A5%80%E0%A4%B5%E0%A4%A8-%E0%A4%B8%E0%A4%BE-%E0%A4%9C%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE/ (2) पहचानो मैं कौन हूँ! http://karunsantlal.jagranjunction.com/2013/02/17/%E0%A4%AA%E0%A4%B9%E0%A4%9A%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A5%8B-%E0%A4%AE%E0%A5%88%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%8C%E0%A4%A8-%E0%A4%B9%E0%A5%82%E0%A4%81/ औचित्य की जानकारी के लिए अतिशय आभार मानूँगा |

Patrizia Patti के द्वारा
February 27, 2013

Dear AKANKSHA SAXENA, This picture round bleu, posted on 21 november 2012, is my work. She is protected to the copyright. Please, add my name or delete it. If you prefere, I will send you a similar photo, with my name, for your page. Please, give me your e-mail. Thank you very much. Best regards Patrizia Patti

kpsinghorai के द्वारा
February 25, 2013

महोदय, मेरे ब्लॉग का स्पेस 99 प्रतिशत फुल हो गया है। कृपया स्पेस आवंटित करने का कष्ट करें।

neerusriv के द्वारा
February 24, 2013

दैनिक जागरण समाचार पत्र में कुछ वर्ष पहले ‘वर्ग पहेली’प्रकाशित हुआ करता था .क्या भविष्य में उम्मीद कर सकतीं हूँ कि आप इस कमी को पूरी करेंगे ?कृपया जवाब जरुर दें.

ANAND SHARMA के द्वारा
February 22, 2013

स्वर्ग कोई परदे की दुनिया नहीं है, यह तो एक जनरल मीनिंग है, एक हकीकत है..!! ‘स्व’ यानि अपना, और ‘वर्ग’ यानि समूह या समूदाय..!! जहाँ सभी अपने हों, और पराया कोई ना हो, वही तो स्व+वर्ग है..!! इंसान का ‘रूप’ और गौरब ‘गरिमा’ कितनी ही बड़ी हो, अपनी ‘तीजारत’ पर ‘३२’ को कभी ‘अभिमान’ नहीं होता..!!

shashibhushan1959 के द्वारा
February 14, 2013

आदरणीय तकनिकी टीम, जागरण जंक्शन परिवार ! मेरे ब्लॉग में कमेन्ट का प्रत्युत्तर देने हेतु जो रिप्लाई आप्शन आता है, वह नहीं आ रहा है, जिससे असुविधा का अनुभव हो रहा है ! हो सकता है, मेरी नासमझी से ऐसा हो गया हो ! एक और परेशानी है – मैंने अपने कवि मित्र श्री रामजी पाण्डेय “अकेला” के नाम से एक ब्लॉग अपने ही कम्प्यूटर से उनके लिए बनाया, पर वह मेरे ही ब्लॉग में दिखाता है, उसे कई बार मैंने डिलीट भी किया, पर वह डिलीट नहीं हुआ ! थक हार कर मैंने एक नया ब्लॉग भी बनाया, पर उसमें भी रिप्लाई का आप्शन नहीं आ रहा है ! अगर मेरा पुराना ब्लॉग जो “अग्निपुष्प” के नाम से है, वह दुरुस्त हो जाय तो बहुत अच्छा हो ! मेरे ब्लॉग से श्री रामजी पाण्डेय “अकेला” के नाम से जो ब्लॉग है वह भी हटा दें ! मैं अपना पासवर्ड और यूजर नाम आपको feedback@jagranjunction.कॉम पर भेज रहा हूँ ! उम्मीद है मेरी परेशानी पर आप सभी ध्यान देंगे, और मेरा पुराना ब्लॉग “अग्निपुष्प” ठीक कर देंगे ! मैं केवल इसी ब्लॉग को रखना भी चाहता हूँ ! सधन्यवाद !

chaatak के द्वारा
February 14, 2013

स्नेही जागरण जंक्शन, पिछले कुछ दिनों से फीचर्ड ब्लॉग का कॉलम बहुत ही ठिठका सा प्रतीत होता है नए ब्लॉगस लगातार आ रहे है लेकिन पुराने ब्लॉग जगह छोड़ने को तैयार नहीं दीखते यदि ये तकनीकी समस्या है तो कृपया ध्यान दें|

Rachna Varma के द्वारा
February 14, 2013

मेरे द्वारा लिखा गया पोस्ट ‘परिवर्तन की ओर बढ़ता भारत ‘ आपके समाचारपत्र में प्रकाशित हुआ इस सम्मान के लिए आपका तथा जागरण मंच का हार्दिक आभार | धन्यवाद

Govind के द्वारा
February 2, 2013

नमस्ते mera नाम गोविन्द त्रिपाठी है मैंने कुछ din पहले अपना ब्लॉग डिलीट कर दिया था lekin ab main punah अपना ब्लॉग बनाना chahta hun lekin meri मेल ईद जागरण जंक्शन par dobara se upyog nhi ho pa rhi है मुझे क्या करना chahiye

Dr S Shankar Singh के द्वारा
January 30, 2013

महोदय, मेरी 21 और 23 जनवरी की प्रतिक्रिया के अनुसार मेरे डैश बोर्ड से 86 नंबर से लेकर 96 नंबर पोस्ट गायब हो चुकी हैं. कृपया इस पर ध्यान दें

Dr S Shankar Singh के द्वारा
January 23, 2013

कृपया मेरी 21 जनवरी की प्रतिक्रिया पर ध्यान दें. उचित कार्रवाई करें. अत्यंत आभारी रहूँगा .

nishamittal के द्वारा
January 22, 2013

मान्यवर महोदय मेरी पोस्ट कैसा मज़ाक क़ानून एक पक्षीय …….. पर३० कमेन्ट होने पर भी वो अभी पठित की श्रेणी में नहीं पहुंची कृपया उसको ठीक करने का कष्ट करें

    Feedback के द्वारा
    January 22, 2013

    आदरणीया निशा मित्तल जी, महोदया, आपकी ब्लॉग पोस्ट “कैसा मजाक ! क़ानून एक पक्षीय क्यों?” ज्यादा चर्चित कॉलम में मौजूद है। आपको विदित हो कि ज्यादा पठित की श्रेणी में आने के लिए ब्लॉग पोस्ट की कुल रीडिंग महत्वपूर्ण होती है जबकि ज्यादा चर्चित की श्रेणी के लिए कुल प्रतिक्रियाओं की संख्या गिनी जाती है. अभी आपकी पोस्ट पर कमेंट अधिक होने के कारण वह ज्यादा चर्चित श्रेणी में है. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

Dr S Shankar Singh के द्वारा
January 21, 2013

महोदय, मेरे ब्लॉग के खोलने पर जो प्रथम पृष्ठ आता है उसमें लिस्ट में केवल 86 पोस्ट दिखाई पड़ती हैं जबकि अबतक 96 पोस्ट छप चुकी हैं. बीच की 10 पोस्ट गायब हो गई हैं. कृपया देख लें.

yogi sarswat के द्वारा
January 16, 2013

सम्मानित सम्पादकीय मंडल जागरण जंक्शन , अभी मैंने फीडबैक में परम आदरणीय और इस मंच की सर्व सम्मानित सदस्य आदरणीय निशा जी मित्तल का एक सुझाव देखा ! उत्साहित हूँ उनका सुझाव देखकर ! मैं भी कुछ ऐसा सोचता हूँ की आज के समय में जागरण जंक्शन जब इतना बेहतर चल रहा है तब उससे ये उम्मीद और भी बढ़ जाती है की वो देश विदेश में लोगों को हिंदी और उसके लेखन के प्रति ज्यादा जागरूक करे ! ऐसे में ब्लोगर्स का आपस में मेल जोल और परिचय इस बात को और भी महत्व दे पायेगा ! ये सब आप ही कर सकते हैं , हम सिर्फ आपको सुझाव मात्र दे सकते हैं ! एक सुझाव देना चाहूँगा , अगर आपको पसंद आये तो ! आप ब्लोग्गर्स मीट आयोजित करें और उसमें अपनी साईट के कुछ विशिष्ट सदस्यों को सम्मानित करें तो शायद लोगों का रुझान इस ओर , कुछ और भी ज्यादा बढे ! आशा है मेरी और आदरणीय निशा जी मित्तल की बात संपदक मंडल के पास तक अवश्य पहुंचेगी और कुछ न कुछ गौर किया जाएगा ! धन्यवाद

    Feedback के द्वारा
    January 17, 2013

    आदरणीय योगी सारस्वत जी, ब्लॉगर सम्मेलन का प्रस्ताव प्रशंसनीय है जिस पर विचार किया जाएगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

nishamittal के द्वारा
January 15, 2013

आदरनीय महोदय ,कृपया मेरी कुछ समस्याओं पर विचार करने का कष्ट करें. जागरण जंक्शन पर कुछ व्यवसायिक पोस्ट लगभग ७-८ पेज पर रीपीट हो रही हैं,जिनके कारण आज १० बजे प्रकाशित मेरी पोस्ट इतने पीछे पहुँचगई की शायद किसी को चेक करने में भी बोरियत आएगी कृपया ऐसी अतिरिक्त पोस्ट्स पर कुछ नियंत्रण लगासकें तो उत्तम होगा. मेरा स्पेस समाप्त प्राय है कृपया स्पेस आवंटित करने की कृपा करें. जागरण के अधिकांश सदस्यों की इच्छा है,की एक ब्लोगर सम्मेलन जागरण द्वारा बुलाया जाय कुछ समय प्रदान करते हुए जिससे सब परस्पर परिचित हो सकें.आशा है,आप समस्याओं व सुझाव पर विचार करेंगें धन्यवाद

    Feedback के द्वारा
    January 17, 2013

    आदरणीय निशा मित्तल जी, आपका स्पेस कोटा बढ़ा दिया गया है. व्यवसायिक पोस्टों को निरंतर प्रतिबंधित किया जा रहा है ताकि किसी भी ब्लॉगर को बिना वजह समस्या का सामना न करना पड़े. ब्लॉगर सम्मेलन का प्रस्ताव प्रशंसनीय है जिस पर विचार किया जाएगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

January 15, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ पते है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद……………………………..

January 14, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ पते है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद…………………………….. ……………………………..

    Feedback के द्वारा
    January 17, 2013

    आदरणीय अनिल कुमार ‘अलीन’ जी, आपकी समस्या जल्द ही दूर कर दी जाएगी. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

s.p.singh के द्वारा
January 14, 2013

आदरणीय टीम जागरण जंक्शन, महोदय मैं किसी निजी व्यस्तता के कारण जागरण मंच से दूर रहा या यों कहे की पार्टिसिपेट नहीं कर पाया परन्तु अब जब मैंने जनवरी माह में एक लेख पोस्ट करना चाहा तो वह पोस्ट पब्लिश नहीं हुई जिस कारण मैं ऐसा समझा की शायद मेरा अकाउंट बंद कर दिया गया है अगर ऐसा है तो उसे पुन चालु कर दे अगर कोई और तकनीकी बाधा है तो उसे भी दूर करने की कृपा करे, धन्यवाद.

    Feedback के द्वारा
    January 17, 2013

    आदरणीय एसपी सिंह जी, आप अपनी ब्लॉग यूजर आईडी तथा पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर भेजें ताकि आपके एकाउंट की जांच की जा सके. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

Dr S Shankar Singh के द्वारा
January 13, 2013

अभी हालमें मैनें कुछ आलेखों पर टिप्पणीयाँ भेजी थीं. वे सब गायब हो गई. कृपया देख लें .

    Feedback के द्वारा
    January 17, 2013

    आदरणीय एस. शंकर जी, आपकी समस्या पर बहुत शीघ्र ही दृष्टिपात किया जाएगा ताकि आपको पुनः ऐसी समस्या से दो-चार न होना पड़े. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

January 10, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद…………………………….. http://merisada.jagranjunction.com/author/anilkumaraline/ ……………………………..

January 10, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकालकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद……………………………..http://merisada.jagranjunction.com/author/anilkumaraline/ ……………………………..

January 10, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचने में असमर्थ है. इस समस्या से पहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकलकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद……………………………..http://merisada.jagranjunction.com/author/anilkumaraline/

January 10, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , अवगत कराना है कि मेरे नाम पर क्लिक करने पर मेरा ब्लाग न खुलकर आपका होम पेज खुलता है जिससे मेरे साथीगण मेरे ब्लाग तक पहुँचाने में असमर्थ है. इस समस्या से पाहिले भी आपको अवगत कराया गया था पर आपकी कृपा दृष्टि न होने के कारण आज भी यह अपने मूल रूप में हैं. अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि अपना अति बहुमूल्य समय निकलकर इस समस्या का समाधान करना चाहें……………….. धन्यवाद……………………………..http://merisada.jagranjunction.com/author/anilkumaraline/

pawansrivastava के द्वारा
January 5, 2013

आदरणीय संपादक महोदय , मेरी कलम आपके मंच पे कुछ लिखने के लिए कुलबुला रही है और आप मुझे बार बार हतोत्साहित किये जा रहे हैं ….अब तक मेरी समस्या पे आपका निदानयुक्त जबाब अपेक्षित है ….कहीं ऐसा तो नहीं कि – देख मुकुट निज मुंड का ,राजा ऐसो बौराय प्रजा त्राहि त्राहि करे ,राजा त्रानार्थ न आय इस उम्मीद के साथ राजा जी आपके सामने अपनी निम्न समस्या रख रहा हूँ कि आप इसका जल्द से जल्द निवारण करेंगे : Dear Sir/Madam I have been trying to post my Poem but it is just the title which is getting published …My content Under Title’क़यामत आने वाली है’ is missing ..I have revisted your good sight after a long gap but the erratic service is discouraging me to continue.Owing to hectic enagagement I can not really afford to keep trying posting my Blog to no avail.Hence please fix it kindly asap. Thanks & Regards Pawan Srivastava/kumar_pawansrv@yahoo.com

    Feedback के द्वारा
    January 7, 2013

    आदरणीय पवन जी, आपके डैशबोर्ड में आई त्रुटि को दुरुस्त करने के लिए हमें आपके ब्लॉग आई डी तथा पासवर्ड की आवश्यकता हैं। कृपया अपनी आई डी और पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर भेजने का कष्ट करें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

pawansrivastava के द्वारा
January 3, 2013

Dear Sir/Madam I have been trying to post my Poem but it is just the title which is getting published …My content Under Title’क़यामत आने वाली है’ is missing ..I have revisted your good sight after a long gap but the erratic service is discouraging me to continue.Owing to hectic enagagement I can not really afford to keep trying posting my Blog to no avail.Hence please fix it kindly asap. Thanks & Regards Pawan Srivastava/kumar_pawansrv@yahoo.com

Feedback के द्वारा
December 31, 2012

आदरणीय चर्चित चित्रांश जी, महोदय, आपकी समस्या का कारण आपके डैशबोर्ड में आ गई आकस्मिक तकनीकी बाधा है। आप हमें अपनी यूजर आई डी और पासवर्ड feedback@jagranjunction.com पर प्रेषित करें ताकि आपके डैशबोर्ड की जांच करके उसे दुरुस्त किया जा सके। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    Charchit Chittransh के द्वारा
    January 1, 2013

    प्रत्युत्तर का बहुत बहुत धन्यवाद्! एक बार डेशबोर्ड जांचकर देखता हूँ अन्यथा उप नाम एवं कू शब्द प्रेषित करता हूँ!

Charchit Chittransh के द्वारा
December 30, 2012

‘जाज’ पर पुनर्निवेश की शुरुआअत से अभी तक ब्लोगरों की समस्या और उनपर हुए समाधान की समयावधि देखते हुए लगता है ‘जाज’ सप्ताह -दो सप्ताह में कभी कभार पुनर्निवेश पर दृष्टिपात की कृपा करता है फिर निराकरण …. मंच पर सदस्यता निःशुल्क होने से भी मंच का उत्तरदायित्व कम नहीं हो जाता ! वर्तमान स्थिति किसी दूरस्थ गाँव के सरकारी दवाखाने जैसी है जिसमें जब कभी डाक्टर आया इलाज हो जाएगा अन्यथा …… सुधार की आवश्यकता है !

Charchit Chittransh के द्वारा
December 29, 2012

अति आक्रोश था सुबह, कल भी , परसों भी पिछले १३ दिनों से आक्रोशित ही हूँ …. सहज नहीं हो पा रहा हूँ … वैसे तो आक्रोश मेरे स्वभाव में है किन्तु विगत १२ माह में जितने मुद्दों पर आवाज उठाते हुए बखेड़े खड़े नहीं किये उनसे अधिक पिछले १२ दिनों में किये! दामिनी की मृत्यु पर…. अंततः जी भरके रो लेने के बाद … कुछ सहज सा हूँ शायद! किन्तु विगत दो दिनों से पुनर्निवेश में प्रविष्ट समस्या पर कोई सुनवाई नहीं हुई …. इसका दुःख है …. क्योंकि मेरी पोस्ट इस घटना के सन्दर्भ में ही थी …. शायद जब तक कोई ‘जाज’ प्रतिनिधि पुनर्निवेश पर समस्या को देखेगा वह कालातीत हो चुकी होगी! शायद विगत १ वर्ष में ‘जाज’ मुझे भूल चुका हो तो याद दिलाना चाहूंगा कि मंच पर इस लेखक द्वारा लिखित ७०-८०% पोस्ट टॉप टेन में रही हैं ! किन्तु मेरी ही अंतर-राष्ट्रीय अवार्ड के लिए नामांकित पोस्ट फीचर तक नहीं हो पाई थी ! तब अन्य लेखकों द्वारा उनके पोस्ट कि वकालत करते देख अनुचित लगता था इसीलिये कई महत्वपूर्ण पोस्ट के अनदेखे रहने पर भी कभी प्रश्न नहीं उठाया …. किन्तु इस बार समस्या अलग है … पोस्ट फीचर तो हुई ही नहीं …और लिंक दिख रहा है किन्तु खुल नहीं रहा ! मेरे लेखों में कबीर का सा भाव रहता है कभी एक पक्षीय दृष्टांत रखना मुझसे नहीं हो पाता…. यदि समालोचकों का मंच पर कोई स्थान ना रखना मंच की नीति है तो कोई बात नहीं … आपको उत्तर देने की भी आवश्यकता नहीं है …कल रविवार शाम तक हल नहीं निकला तो मैं अपना ब्लॉग पूरी तरह डिलीट कर लूंगा….जिस तरह १९८८ में अनैतिकता के विरुद्ध असहायता प्रदर्शित करने वाले आपके प्रतिद्वंदी समाचार समूह के कारण प्रेस से नाता तोड़ लिया था उसी तरह …. शायद यही हरी इच्छा है … यही सतगुरु का आदेश ! सतगुरु के संदेशों के प्रसारण का समय दूर है अभी ….

Charchit Chittransh के द्वारा
December 28, 2012

कहीं आज तडके एक सुझाव और पहले भी सुझाव देते रहने की भूल के कारण तो “जाज” द्वारा मेरे आज के (एवं पूर्ववर्ती भी) सामयिक ब्लॉग पोस्ट http://swasasan.jagranjunction.com/wp-admin/post.php?action=edit&post=५४७ को अनदेखा नहीं किया जा रहा है ! यदि ऐसा है तो ….खोने को मुझ से अनाम लेखक के पास कुछ नहीं…. किन्तु मंच अवश्य एक तटस्थ लेखक की क्षति करने उद्यत है !

Charchit Chittransh के द्वारा
December 28, 2012

बहुत लम्बे अंतराल के बाद वापस मंच पर आ सका हूँ! फीडबैक लिंक खुल गया है तो सुझाव दिए बिना नहीं रह पा रहा हूँ ! मंच हिन्दी के प्रोत्साहन के लिए हिन्दी में प्रयोगों को प्रोत्साहित करे तो उत्तम होगा ! हिन्दी की क्लिष्टता उसकी विशेषता तो है किन्तु निर्बलता का कारण भी ! मैं मंच से जुड़ने से लेकर आज तक ‘जे जे’ के स्थान पर ‘जाज’ शब्द को प्रयोग करता आया हूँ ! क्या हिन्दी संक्षेपीकरण को हिन्दी के सर्वश्रेष्ठ ब्लोगर मंच पर मान्यता मिलना जरूरी नहीं ? क्या अंग्रेजी के अनुकरण में संक्षेपीकरण की महत्वपूर्ण भूमिका नहीं ?

nishamittal के द्वारा
December 27, 2012

मान्यवर किसी विकाश ओबरा ने मेरा प्रकाशित लेटेस्ट लेख फैशन बनता बलात्कार इसी शीर्षक के साथ ज्यों का त्यों पोस्ट किया है ,कृपया उचित कार्यवाही करें

pranavtheleader के द्वारा
December 23, 2012

“जागरण रीडर ब्लॉग” और “जागरण फीचर ब्लॉग ” इन दोनों में क्या अंतर है क्या अप यह भी बताने का कष्ट करेंगे ?

yamunapathak के द्वारा
December 19, 2012

आदरणीय संचालक महोदय जी सदर नमस्कार इस अनुपम मंच के माध्यम से मैं प्रतिष्ठित अखबार ‘दैनिक जागरण’से सम्बंधित अपनी व्यक्तिगत असुविधा को साझा करना चाहती हूँ.कृपया आप उचित मार्ग निर्देशन करें. पिछले कुछ दिनों से मैं मध्य प्रदेश के कटनी स्थान पर थी.यहाँ मैंने अपने पसंदीदा अखबार ‘दैनिक जागरण’का रीवा संस्करण देखा और पढ़ा पर यह पाठकों को आसनसोल या रांची संस्करण के उच्च स्तर की तुलना में संतुष्ट नहीं करता.इसका प्रत्येक पृष्ठ अलग-अलग स्थान की घटनाओं को समेटे था.रीवा संस्करण में ब्लॉग से सम्बंधित कॉलम भी प्रकाशित नहीं था.इसके पृष्ठ संख्या ४ पर ‘आइना सरोकारों का’शीर्षक से प्रकाशित विषय सामग्री को पढ़कर अन्य स्थानों से प्रकाशित अखबार (दैनिक जागरण)के मध्य पृष्ठ की कमी बेहद खल गयी. आपसे निवेदन है की इस स्थान और आस-पास के लोगों को रांची ,आसनसोल इत्यादि स्थानों से प्रकाशित जागरण की विषय वस्तु उपलब्ध करा सकें. धन्यवाद.

ajaykr के द्वारा
December 16, 2012

आदरणीय महोदय , मेरा स्पेस खत्म हों चूका हैं कृपया बढाने का कष्ट कीजिये | डॉ अजय aiims

ajaykr के द्वारा
December 12, 2012

आदरणीय महोदय , मेरा स्पेस खत्म हों चुका हैं ,कृपया मुझे और स्पेस उपलब्ध कराने का कष्ट कीजिये |जागरण जक्सन पर क्या स्वयंविकास से सम्बंधित लेख इग्नोर किये जाते हैं ….??पर ऐसा भी नही हैं ..आपने कुछ इस तरह के लेखो को ज्यादा पठित श्रेणी में रखा हैं |गर्त में जाती चरित्र हींन राजनीति और सेक्स को इतना महत्व दिया जाना समझ से परे हैं …..???? एडिटोरिअल बोर्ड से अनुरोध हैं कि मेरा स्पेस बढ़ाने का कष्ट करें ,बहुत कृतग्य रहूँगा |

    ajaykr के द्वारा
    December 20, 2012

    महोदय, स्पेस बढ़ाकर आपने जो सम्मान दिया हैं ,उसके प्रति हम आपका शुक्रिया अदा करते हैं ,हम आपके प्रति कृतग्य हैं | अजय http://avchetnmn.jagranjunction.com/

Santosh Kumar के द्वारा
December 8, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,..सादर प्रणाम बहुत दिनों बाद एक विनती लेकर आया हूँ ,…आदरणीय साथियों की पुरानी उत्सुकताएं प्रतीक्षारत हैं ,..निवेदन है कि थोड़ा समय दिया कीजिये … समस्या यह है कि ब्लॉग अवतार बदलकर नया चित्र लगाने का प्रयास किया था ,..नयी लगी नहीं ,.. पुरानी चली गयी ,….विनती करता हूँ कि आप पुराना चित्र ही लगाने की कृपा करें ,…अथवा उचित तरीका बताएं जिससे मैं पुराना ला सकूं या नया लगा सकूं ,….अग्रिम आभार सहित पुनः प्रणाम

div81 के द्वारा
December 6, 2012

आदरणीय संपादक मंडल , सादर नमस्कार ! पहली बार मैं कोई शिकायत लिख रही हूँ | मैंने ४ दिसम्बर को अपनी कविता “तलाश” पोस्ट कि थी | आज सुबह मुझे मेरी मेल आईडी में मेल मिला की वो फीचर्ड हुई है मगर जेजे के मुख्य पृष्ठ में मुझे वो दिख नहीं रही है | आप कई बार फीचर्ड लिस्ट को दो-दो दिन तक नहीं बदलते और कभी पांच मिनट में ही बदल देते हो | कृप्या इस शिकायत को दूर करे | धन्यवाद

yogi sarswat के द्वारा
December 3, 2012

आदरणीय संपादक मंडल , सादर नमस्कार ! आज आपको बहुत दिनों के बाद लिख रहा हूँ ! मैं इस मंच पर करीब एक डेढ़ साल से हूँ और आज पहली बार मेरा ब्लॉग फीचर्ड नहीं हुआ है ! मैंने २९ नवम्बर को ” खण्ड खण्ड होता लोकतंत्र ” के नाम से एक ब्लॉग लिखा था लेकिन आज देख रहा हूँ की मुझसे बाद में लिखे गए ब्लॉग फीचर्ड हो चुके हैं किन्तु मेरा ब्लॉग फीचर्ड नहीं हुआ है ! क्या मैं कारण जान सकता हूँ ? मुझे आशा है आप मेरी समस्या को समझेंगे ! धन्यवाद

अजय यादव के द्वारा
November 27, 2012

५०००० से भी ज्यादा ब्लोग्स वाले जक्सन पर हर पोस्ट नही  पढ़ी जा सकती न ….फिर भी कुछ  नियमित और अच्छे लेखकों को महत्व देते रहना चाहिए ताकि इस मंच कि गरिमा शिखर को छुवे

ashishgonda के द्वारा
November 20, 2012

श्री जागरण जी! आज पहली बार आपसे सहायता लेने आया हूँ. मैं इस मंच पर पिछले कई महीनों से आपसे जुड़ा हूँ. मैं “ashishgonda” के से ब्लोगिंग करता हूँ. पिछले कई पोस्ट में लाइन स्पेस नहीं दिखाई दे रहा है, जबकि लिखते समय पर्याप्त जगह छोड़ता हूँ. कृपया समाधान बताएँ. आपकी अति महान दया होगी.

Lahar के द्वारा
November 19, 2012

प्रिय जागरण जंक्शन मेरा एक ब्लॉग है “लहर” नाम से … मैंने अपना एक पोस्ट डिलीट कर दिया है मै उसको फिर से रिकवर करना चाहता हूँ कैसे करू ?? कृपया मदद करिए !

Lahar के द्वारा
November 19, 2012

प्रिय जागरण जंक्शन मेरा एक ब्लॉग है “लहर” नाम से … मैंने अपना एक पोस्ट डिलीट कर दिया है मई उसको फिर से रिकवर करना चाहता हूँ कैसे करू ?? कृपया मदद करिए !

balbirsingh के द्वारा
November 6, 2012

whenever i publish any new post a message comes saying ‘wordpress -error’ though the post is visible on my site but i am getting comments on my e mail instead of the blog . and i am not gatting any response from the jagran team regarding any selection for the forum etc . KINDLY LOOK INTO MY PROBLEM .I WOULD BE THANKFUL TO YOU. WAITING FOR THE SOLUTION.

balbirsingh के द्वारा
November 4, 2012

पिछले एक हफ्ते से मेरे बल्ोग पर एक भी comment नहीँ अाया है ।जबकि पहले कोई कमी नहीँ थी।जानना चाहती हूँ कि किसी तकनीकी गलती के कारण तो ऐसा नहीँ हो रहा? धन्यवाद

अजय यादव के द्वारा
November 3, 2012

महोदय , जागरण जक्सन का इस ओर ध्यान दीलाना चाहता हूँ ,की कुछ समय से मेरे ब्ब्लाग्स को इग्नोर किया जा रहां हैं … कृपया उसे पूरा पढ़िए ….

kpsinghorai के द्वारा
October 26, 2012

महोदय, मेरे ब्लॉग पर ९६ प्रतिशत स्पेस फुल बता रहा है। कृपया समस्या का समाधान करने का कष्ट करें।

ANAND PRAVIN के द्वारा
October 25, 2012

आदरणीय जे जे परिवार से निवेदन है की मेरे ब्लॉग पर आपके द्वारा दिया हुआ स्पेस लगभग खत्म होने पर है इसलिए आप यदि उसके कोटे को बढ़ा दे तो मैं आपका आभारी रहूंगा धन्यवाद

pitamberthakwani के द्वारा
October 9, 2012

महोदय ,मजबूरी है सो फिर अनुरोध किया जा रहा है की करीब दस दिनों से आगरा के जागरण अंक के पाठकनामा के पत्र ‘हाई लाईट’ नहीं हो पा रहे हैं और उसके बिना वे पढ़े नहीं जा सकते? क्या अब भी कोई आशा न करू की कुछ हो सकेगा??

अमित वर्मा के द्वारा
October 6, 2012

आदरणीय संपादक महोदय , मैं अपने ब्लॉग में प्रोफाइल पिक्चर नहीं बदल पा रहा हूँ …….मैंने दोनों आप्सन का प्रयोग करके देख लिया है …..पिक्चर का साइज़ भी बड़ा नहीं है ……..यह दिक्कत पिछले १ माह ये यथावत है …….क्रप्या इसका समाधान करने कि क्रपा करे …..धन्यवाद !!!

drbhupendra के द्वारा
September 29, 2012

आदरणीय सम्पादक मंडल , महोदय कुछ लोग एक ही दिन में पांच पांच पोस्ट डालते रहते है , अब ऐसे लोग किस स्तर का लेख लिखते है आप लोगो को पता ही होगा , इसलिए मंच पर कुछ ज्यादा ही भीड़ हो जा रही है वो भी घटिया और स्तरहीन लेखो की , जिसके कारण जिन ब्लॉगर मित्रो के लेख अच्छे होते है पर फीचर्ड ब्लॉग में नहीं आते है ,उन पर लोगो की निगाह भी नहीं पहुच पाती कुछ तो ऐसे विचित्र प्राणी है जो लेख के नाम में ही सारा मैटर लिख देते है , अतः उसमे भी शब्द सीमा निर्धारित कर दीजिये , कुछ लोग ऐसे भी है जो बिना कुछ लिखे ही ब्लॉग पोस्ट कर देते है केवल शीर्षक डालकर अतः मंच की सुन्दरता घाट जा रही है और स्तरहीन लेख बढ़ाते जा रहे है . अतः आप सर्वप्रथम इस समस्या पर तो अवश्य ध्यान दे की एक ही व्यक्ति दिन भर में १० पोस्ट न डाल दे. डॉ.भूपेंद्र , लखनऊ ,उत्तर प्रदेश

rajuahuja के द्वारा
September 28, 2012

आदरणीय जे ,जे महोदय , नमस्कार ! आज मैंने अपने ब्लॉग से हुबहू मिलते जुलते नाम aahwan नामक ब्लाग देखा कुछ आश्चर्य हुआ ! क्या यह संभव है ? कृपया अवगत कराएँगे ! धन्यवाद् !

drbhupendra के द्वारा
September 28, 2012

आदरणीय सम्पादक मंडल . अत्यधिक आभार (धन्यवाद देने की जरुरत मैं नहीं समझता क्योकि आप लोग इस लेखन परिवार के अभीभावक के जैसे है ) लेख को उचित महत्त्व देने से अब शोध लेख लिखने की दिशा में मैं और तेज़ी से अग्रसर होऊंगा …. आप लोगो ने मेरे प्रार्थना पर ध्यान दिया ,और शोध लेखो को भी उचित महत्त्व देकर बता दिया है की इस मंच पर मनोरंजन के साथ साथ ज्ञान को भी उचित महत्त्व मिलता है … एक बार पुनः आभार … आपका अपना- डॉ भूपेंद्र सिंह

Abdul Rashid के द्वारा
September 27, 2012

i am unable to post article. singrauli.jagranjunction.com

drbhupendra के द्वारा
September 27, 2012

आदरणीय संपादक महोदय , श्री मान मैंने एक शोधपरक लेख ” आत्मा से देह तक – भारतीय नारी विकासक्रम (भाग-१)” लिखा , जिसमे मैंने तमाम ऐतिहासिक अध्ययनों को लोगो के सामने रखा , यह लेख महोदय मैंने महीनो मेहनत करके तैयार कर पाया , और जिन भी मित्रो की प्रतिक्रिया आई है सबने इसे अत्यधिक शोध परक लेख माना है , पहले भी आप ने मेरे लेखो को महत्त्व देकर फीचर्ड ब्लॉग में लगाया है , पर इस बार का लेख जो की सबसे ज्यादा शोध परक और जानकारी भरा है उसको आप लोगो ने कोई भी महत्त्व नहीं दिया है, मेरा ऐसा मानना है की संभवतः आप लोगो की निगाह उस लेख पर नहीं पहुची है या फिर पहुची है तो आप लोगो ने उसका गहन अध्ययन नहीं किया है है, महोदय करबद्ध निवेदन है की एक बार उस लेख को अवश्य पढ़े , फिर यदि आपको स्तरीय न लगे तो बेशक आप उसे महत्त्व न दे , पर एक बार उस पर अवश्य निगाह डालिए , यदि मंच की ये निति ही हो की शोध लेखो को कोई विशेष महत्त्व नहीं दिया जायेगा तो कृपया इस बात को भी सूचित कर दे , वरना महीनो के मेहनत के बाद तैयार लेख के बदले मैं कुछ घंटो में तैयार व्यंग विधा ही लिखा करू. क्योकि इतनी मेहनत के बाद यदि अत्यधिक कम पाठक मिले तो निश्चित ही निराशा होती है , आशा है की आप लोग मेरी बातो पर अवश्य ध्यान देंगे, और मेरी समस्या का निराकरण करेंगे… हार्दिक धन्यवाद आपका अपना मित्र – डॉ. भूपेंद्र सिंह (MBBS ) KGMC LKO भारत माता की जय

vandana Baranwal के द्वारा
September 27, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार एवं समस्त सम्मानित लेखकों एवं पाठकों, मुझे मेरे ब्लाग “आम आदमी के प्रहरी” के लिए सप्ताह की सर्वश्रेष्ठ ब्लागर बनाने के लिए आप सभी का कोटिशः धन्यवाद. मैं अपने इस धन्यवाद में एक आम की ख़ुशी को महसूस कर सकती हूँ.

Malik Parveen के द्वारा
September 25, 2012

testing

seema के द्वारा
September 23, 2012

सम्पादक महोदय मैं पहले भी आग्रह कर चुकी हूँ की मैं कोइ ब्लॉग पोस्ट नहीं कर पा रही हूँ , लेकिन आपकी तरफ से कोइ कारवाई न होने पर निराशा हुई | आशा है आप मेरी समस्या का समाधान जल्द ही करेंगे | धन्यवाद सीमा सचदेव

R K KHURANA के द्वारा
September 17, 2012

महोदय, मेरी एक रचना “मैडम मोरी मैं नहीं कोयला खायो” प्रकाशित हुई है ! अब मैं उसमें एडिट करके एक फोटो लगाना चाहता हूँ ! लेकिन एडिट करने पर भी फोटो उसमें नहीं लग रही है ! कृपया इसका समाधान बताएं ! राम कृष्ण खुराना

seema के द्वारा
September 14, 2012

सम्पादक महोदय मैं कल से अपना ब्लॉग पोस्ट करने की कोशिश कर रही हूँ लेकिन पोस्ट करने पर मेरे द्वारा संजोया गया अन्य ड्राफ्ट प्रकाशित पोस्ट में दिखाई दे रहा है जबकि वास्तविक सामग्री नहीं दिख रही है | हिन्दी में पोस्ट नहीं कर पा रही हूँ | कृपया सहायता करें | सीमा सचदेव

yamunapathak के द्वारा
September 13, 2012

आदरणीय संचालक महोदय नमस्कार आप से एक विशेष विनती है की इस अनुपम मंच के होम पेज पर विज्ञापन”महिलाएं किन दिनों……..चाहती हैं”को कृपया हटा दें .ब्लॉग का लिंक देने पर साइड में यह विज्ञापन आने से असहजता महसूस होती है और अन्यत्र यह विज्ञापन अप्रासंगिक सा लगता है. आशा है आप मेरी इस गुजारिश पर त्वरित कार्यवाही करेंगे. wishing all d best to dis beautiful,unique forum. आपका अतिशय धन्यवाद. yamuna pathak

    September 20, 2012

    आप द्वारा उठाये गयी समस्या का समर्थन…………………..

    Santosh Kumar के द्वारा
    September 25, 2012

    पूर्ण समर्थन ,….उत्कृष्ट सामजिक ब्लॉग मंच गिरावट का शिकार हो रहा है ,..क्या सम्पादक मंडल सिर्फ अधिकाधिक हिट्स ही चाहता है ,…पिछले दिनों डॉ. भूपेन्द्र जी के तीखे सवाल सर्वथा उचित हैं ,…सादर निवेदन है की कृपया उचित कार्यवाही करें और कुछ नियम भी बनायें जिससे की इस प्रकार की खिन्नता न उपजे ,..सादर आभार सहित

    yamunapathak के द्वारा
    September 28, 2012

    आदरणीय संचालक महोदय सादर नमस्कार आपके द्वारा त्वरित कार्यवाई के लिए अतिशय धन्यवाद.विलम्ब से शुक्रिया अदा करने का मुझे खेद है. इस अनुपम मंच के माध्यम से आपने आम जनता की आवाज़ को न सिर्फ techno -savvy समूह तक बल्कि प्रतिष्ठित समाचार पत्र”दैनिक जागरण’के मध्य पृष्ठ पर स्थान देकर देश-दुनिया तक पहुँचाने की जो खुबसूरत पहल की है,उसके लिए हम सभी ब्लोग्गेर्स आपके अति आभारी हैं. मेरी दिली तम्मन्ना है कि सम्मानीय ‘जागरण समूह’ प्रत्येक सुबह हम सबकी ज़िंदगी को अपने खुबसूरत logo के सूर्य रश्मियों के चटकीले वर्णों की तरह नयी उमंग,नए उत्साह,नई रोशनी ,नई ऊर्जा और नई उमंग से भरता रहे और हम सभी अपने विचार ,अलफ़ाज़,लब्ज़ और संवेदनाओं में उगते सूर्य सी चमक प्राप्त कर जग को प्रकाशित करने की छोटी सी पहल हमेशा करते रहने की कोशिश करते रहे. पुनः आपका बहुत-बहुत आभार.

DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
September 13, 2012

महोदय ,यदि आपके पास पुनर्निवेश में समस्याओं के समाधान का समाया नहीं है, तो क्यों न इसे बंद कर दिया जाता? हम इसकी आस ही न करें यही अछा होगा ! समाधान के लिए प्रार्थना है !

DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
September 13, 2012

महोदय, १७ अगस्त का सवाल फिर उठाने की विवशता है :- पाठकनामा आगरा के कालम में अपना पत्र छपवाने के लिए शीर्षक के बाद पाठकनामा,आगरा , लिख कर भेजता हूँ! क्या यह सही है? बताने का कष्ट करें!!

September 13, 2012

आदरणीय संपादक महोदय, मेरे द्वारा किये गए किसी पोस्ट पे कमेन्ट से मेरे नाम पर क्लिक करने से मेरा ब्लॉग न खुलकर जागरण जन्शन पेज खुल रहा है जिसके कारण मेरे नवागंतुक ब्लॉगर भाई मेरे ब्लॉग तक नहीं पहुँच पा रहे हैं. इस प्रकार मैं अपने विचारों को अधिक से अधिक लोगों तक नहीं पहुंचा पा रहा हूँ! अतः श्रीमान जी से निवेदन है कि इस समस्या का समाधान निकालने का कष्ट करें……………… धन्यवाद. अनिल कुमार ‘अलीन’

pardeep neel के द्वारा
September 10, 2012

प्रिय जागरण जंक्शन , यहाँ आए मुझे महज़ १५ दिन हुए हैं . कुछ सवालों के जवाब साथी ब्लोगेर्स ने दे दिए सिर्फ एक बचा है , यह आप दे पाएंगे. क्या प्रदीप नील की कोई रचना ब्लॉग से उठा कर आप अखबार में प्रकाशित करते हैं ? यदि नहीं तो जवाब मिल गया. यदि हाँ तो मुझे कैसे पता चले कि मेरी किस रचना का कब, कहाँ, क्या सदुपयोग हुआ ? ब्लॉग पर तो मेरे लघु-व्यंग्य आ रहे हैं.अन्य रचनाएं सपारिश्रमिक आप जो प्रकाशित करते हैं उसका ईमेल पता क्या रहेगा ? अपने अति-व्यस्त समय से चार पल मुझे देंगे, इस आशा सहित, प्रदीप नील

bebakvichar, KP Singh (Bhind) के द्वारा
September 8, 2012

महोदय, मेरे ब्लॉग पर योर अवतार में इमेज चेंज नहीं हो रही है। कृपया समस्या का समाधान करने का कष्ट करें।  धन्यवाद

nishamittal के द्वारा
September 8, 2012

मान्यवर महोदय,कुछ सदस्यों को कमेन्ट देने में समस्या आ रही है यहाँ तक कि फीडबैक पर भी समस्या नहीं पोस्ट कर पा रहे हैं साथी प्रवीन मालिक,रीता सिंह,सोनम सैनी बहुत परेशां हैं,उन्होंने मुझसे समस्या रखने को कहा है अतः कृपया समाधान करें

drbhupendra के द्वारा
September 6, 2012

महोदय मेरे प्रश्न का उत्तर अभी तक नहीं मिला … मेरे प्रश्नों का जबाब देने की कृपा करे ….

अन्जानी- अनिल के द्वारा
September 5, 2012

आदरणीय संपादक महोदय! यह आपकी महानता और बड़प्पन है कि आप मेरी भावनाओं और मेरे साथियों की विनती को ध्यान रखते हुए मेरे ब्लॉग को प्रतिबन्ध मुक्त किये जिसके लिए हम सभी शुक्रगुजार है. निश्चय ही आपका यह कदम आपकी दरिया दिली और हम ब्लागरों के प्रति स्नेह के लिए याद किया जायेगा. हम सभी की कोशिश होगी कि अनुशासन और मर्यादा को कायम रखते हुए कलम का सदुपयोग कर कर सके ताकि एक खुबसूरत समाज का निर्माण हो सके…………. पुनः आपका हार्दिक आभार…………….! धन्यवाद अनिल कुमार ‘अलीन’ एवं सभी साथी ब्लॉगरगण

drbhupendra के द्वारा
September 5, 2012

व्यंग क्यों ? सेक्स पर लिखो न! बड़ी समस्या है , देश के बारे में सोचो तो रोज़ रोज़ हो रहे घपले घोटाले को सुनकर अपना ही खून जलता है, यदि न सोचो तो भारतमाता के साथ गद्दारी हो जाएगी .. इससे अच्छा है की इन घोटालो पर चुटकुला बनाकर दिनभर हंस ही लिया जाय.. मज़बूरी की हंसी … इसमे ”हसी तो फसी” का सिद्धांत काम नहीं करता , यहाँ ”फसी तो हसी” का नया सिद्धांत काम करता है… इसीलिए बुद्धिमान बनकर अपने धैर्य का आत्महत्या करने से अच्छा बकलोल बनकर बकलोली ही कर ली जाय… कभी कभी लोग बीमार होकर पागल नहीं बनते, वे स्थायी पागल न बने इसलिए थोड़े देर के लिए पागल बन जाते है. इसलिए हर पागल को पागल समझना भी कभी कभी पागलपन हो सकता है.. लेकिन हमारा ये महान बुद्धिमान (सभी लोग अपने को बेहद बुद्धिमान ही मानते है चाहे वो इसे व्यक्त करे या न करे ) दिमाग पागल को बुद्धिमान कैसे मान ले , ये भी बड़ी समस्या है ,समस्या की जड़ में अपने आप को बुद्धिमान मानने वाले व्यक्ति की मुर्खता जुडी है . क्योकि स्वयं को बुद्धिमान मानना अहम् को प्रदर्शित करता है. इसलिए सारे स्वयंभू बुद्धिमान जड़ से जड़ ही हैं… तो क्या मैं बकलोली करता हूँ तो मैं वास्तव में बकलोल हूँ?? या फिर खून जलाने से बचना चाह रहा हूँ.? हसते हसते भी अपनी बात पंहुचा सकता हूँ आप लोगो तक और चिल्ला चिल्ला कर , गरिया कर , उत्तेजित होकर भी.. पर मैं अपनी सुविधा देखकर बकलोली कर रहा हूँ.. की मैं वास्तव में बकलोल हूँ.. ये मेरी समझ के बाहर हैं.. पर चिल्लाने के लिए यदि मै तैयार भी हो गया तो क्या आप सुनेंगे ? हसने के लिए गाव में मदारी आता है जोर जोर से डमरू बजाता गाव वाले जुट जाते हैं.. उस हँसी के बदले कोई एक किलो आटा दे जाता है तो कोई एक किलो दाल ,तो कोई बच्चा लेमनचूस खाने वाले पैसे से काटकर ,जीभ पर लात मारकर एक रूपया भी दे देता है ?? शायद व्यंग लिखने वालो को ये एक किलो आटा , दाल और एक रूपया भी नसीब नहीं , क्योकि व्यंग में केवल हसी कहा है जनाब , साथ में गुस्सा भी तो छिपा है … व्यंग लिखने वाला घोषित हो गया बेवकूफ सेक्स पर लिखने वाला हो गया वैज्ञानिक , भले ही चिकित्सा शास्त्र का ज्ञान शून्य हो पर बनेंगे लव गुरु ही.. . सेक्स पर कितना भी गिरकर लिखो सेक्स एजुकेसन कह दिया जाएगा , पर व्यंग लिखने वाले जरा सा भी गिरे तो बेहूदा कह दिए जायेंगे..लोगो को चाहिए चटपटा ,मस्त , बिना गुस्से की लेखनी… इसीलिए जागरणजंक्शन की साईट पर ज्यादा पठित ब्लॉग में निम्न ब्लॉग शामिल है … १- लड़की को पटाने का सुपर हिट तरीका २- सोनू को हुआ टीचर से प्यार ३ – संता की मजेदार शायरी ४ – पप्पू की इंग्लिश ५ – हमबिस्तर होने में जल्दी या देरी ६ – संता का खतरनाक गुस्सा ७ – पत्नी की तीसरी शादी ८ – बरसात में लड़की पटाने के तरीके ९ – पैसे लेकर कराती थी सेक्स – सर्लिन चोपड़ा इन सब लेखो के बीच परम आदरणीय डॉ. सर्वपल्ली राधा कृष्णन का एक लेख पड़ा है , मुझे तो लग रहा है की ये इतने आदरणीय व्यक्ति को गाली देने के ही समान है .. जागरण जंक्शन की साईट खोलते ही निम्न ब्लॉग दिखाई दे रहे है … १ – जिस्मानी रिश्तों के लिए क्या ज्यादा जरूरी – समाज की अनुमति या निजी रजामंदी? २ – Santa Banta Jokes – संता की गूगल डार्लिंग ३ – बच्चे के आगमन से पहले ही विवाह कर लेना चाहिए !! ४ – Sherlyn Chopra: हमाम में तो सब नंगे हैं! ५ – यू आर माई देसी गर्ल.. ६ – Funny Hindi Jokes – ब्यूटी पार्लर की कहानी ७ – 18 Again: कौमार्य महिलाओं का दुश्मन या साथी यदि ऐसे लेख को ही जागरण जंक्सन प्राथमिकता देना चाहता है तो उसे सभी ब्लोगरो को सूचित कर देना चाहिए की भाई सेक्स पर ही लिखो … बिना मतलब के बकलोली की जरुरत नहीं है.. या फिर हम जैसे लोगो पर प्रतिबन्ध लगा दे .. क्योकि देशहित के मुद्दों को उठाकर हम लोग उसके सेक्स सम्बंधित प्रचार प्रसार में दिक्कत कर रहे हैं. सौ की सीधी एक बात मेरा मानना ये है की ज्यादा पठित वाले कालम के चक्कर में कुछ लोग ऐसे लेख लिखते है जो की बिलकुल वाहियात होता है .. अतः इस कालम को बंद कर दिया जाय , नहीं तो सेक्स पर लिखने वालो की ऐसी ही बाढ़ आएगी वही दूसरी तरफ जो लेख जागरण की तरफ से पोस्ट किये जाते है उसमे भी दो तिहाई लेखो में केवल सेक्स होता है ..ये सब बंद किया जाय ,देश में पोर्न साइटों की कोई कमी नहीं है जो आप लोग अपनी भी साईट सेक्स को समर्पित कर रहे है .. आप लोगो की भी हालत नवभारत टाईम्स जैसी हो गयी है जिसमे जानवर के सेक्स पर लिख दिया जाय तो भी छप जाय.. नरेन्द्र मोहन जैसे महान पत्रकारों के खून पसीने से इतना आगे बढ़ा है जागरण ग्रुप कम से कम उनके आदर्शो का तो ख़याल रखा जाय , या फिर जागरण वाले ये कह दे की हम तो उनके मरने का इंतज़ार कर रहे थे.. मित्रो आप लोगो की क्या राय है .. आप लोग भी जरुर बताये … डॉ. भूपेंद्र सिंह

dineshaastik के द्वारा
September 3, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन संपादक मंडल, महोदय जी निवेदन है कि अनिल कुमार अलीन जी ने संभवतः अपनी भूल को स्वीकार कर लिया है  और भविष्य में इस तरह की भूल को न करने का वायदा भी किया है। अतः आपको अपना बड़प्पन  दिखाकर उन्हें स्वीकार करके उनका पूर्व का ब्लॉग किया गया ब्लॉग खोल देना चाहिये। आपका आभार व्यक्त करूँगा।

Ajay Singh के द्वारा
August 30, 2012

’मेरा ब्लाग’ नहीं खुल रहा है। अजयसिंह

    Feedback के द्वारा
    August 31, 2012

    आदरणीय अजय सिंह जी, महोदय, यदि आपका पासवर्ड नहीं काम कर रहा है तो आप स्वयं अपना नया पासवर्ड प्राप्त कर सकते हैं। यदि आप का ब्लॉग किसी स्थानीय तकनीकी समस्या की वजह से नहीं खुल पा रहा है तो आप निम्नलिखित तरीके आजमाएं और यदि तब भी समस्या हो तो हमें सूचित करें: 1. कूकीज और रिसेंट हिस्ट्री क्लीयर करें. 2. अपना ब्राउजर अपडेट करें या किसी अन्य ब्राउजर का इस्तेमाल करें. 3. अपनी नेट स्पीड चेक करें. हमारी तरफ से एक सुझाव ये है कि आप अपनी इमेज भी ब्लॉग पर डालें जिससे आपके ब्लॉग की तरफ लोगों का रुझान ज्यादा हो सके। इसके लिए आप लॉग इन करके योर अवतार पर क्लिक करें और निर्देशों का पालन करें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

bebakvichar, KP Singh (Bhind) के द्वारा
August 28, 2012

महोदय, मेरे ब्लॉग पर स्पेस ८० प्रतिशत फुल बता रहा है। दो दिन पूर्व इससे ज्यादा फुल बता रहा था तब कुछ फोटो हटाकर इसे बढ़ा लिया था परंतु अब यह सम्भव नहीं है। अतएव समस्या का निदान करने का कष्ट करें। सादर….

    Feedback के द्वारा
    August 31, 2012

    आदरणीय के. पी. सिंह जी, महोदय, आपका स्पेस कोटा दोगुना कर दिया गया है। अब आप पूर्ववत निर्विघ्न ब्लॉगिंग संपन्न कर सकते हैं। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    bebakvichar, KP Singh (Bhind) के द्वारा
    September 2, 2012

    महोदय, स्पेस बढ़ाने के लिए धन्यवाद।

AjaySingh or AjayKumarSingh के द्वारा
August 28, 2012

श्रीमान जी, मैने पहले ajaysingh के नाम से Registration किया था जिसका  ईमेल ajaysinghswiftgkp@rediffmail.com था किन्तु कुछ दिनों से इसमे Login करने पर Error आने लगी।कई Error msg. आने के बाद Login तो हो जाता है लेकिन ’मेरा ब्लाग’ नहीं खुल रहा है। फिर मैने ajaykumarsingh (Email ajaysinghswift@yahoo.com) के नाम से Registration किन्तु कुछ दिनों बाद इसमे भी यही समस्या आने लगी है। कृपया मेरे दोनों Accounts को Login करने में जो समस्या आ रही है उसे दूर करने की कृपा करें, और Email द्वारा सूचित करें धन्यवाद!

अन्जानी- अनिल के द्वारा
August 27, 2012

हमारी सदा हमारी सदा, न किसी किसी व्यक्ति विशेष की आवाज है और न ही समूह विशेष की आवाज बल्कि दो ऐसे दिलों की आवाज जो समाज और व्यवस्था के नज़र में सदैव ही दोषी करार दिए गए. हमारी सदा उस सामाजिक, राजनितिक, प्रशासनिक, प्रिंट मीडिया, इलेक्ट्रानिक मीडिया के खिलाफ एक आवाज है जो धर्म, मर्यादा, मान-सम्मान, न्याय-सच इत्यादि का का चोला पहनकर मानवता को तार-तार करती आयी है और आये दिन खुद को सही साबित करने के लिए एक दुसरे पर कीचड़ उछालती आयी है. हरेक व्यक्ति अपने नज़र में सही, हरेक व्यवस्था अपने नज़र में सही तो फिर गलत कौन ?, यह उठक-बैठक क्यों है? सच तो यह है कि “हमारी सदा” हम मानवों की उस मानसिकता के खिलाफ आवाज है जो अपने स्वार्थ और वर्चस्व के लिए जात-धर्म, उंच-नीच, अमीर-गरीब, गोरा-काला, तू-मैं, अपना-पराया, मान-मर्यादा इत्यादि के नाम पर पुरे दुनिया में अशांति, द्वेष, नफ़रत, हिंसा, साम्प्रदायिकता की एक ऐसी आग फैलायी है जिसमे मानवता के साथ-साथ पूरा विश्व तप रहा है. ऐसे में किसी व्यक्ति विशेष, समूह विशेष अथवा व्यवस्था विशेष को समझने की बजाय हमें अपनी मानसिकता को समझना होगा और यह तभी संभव है जब हम दूसरों की बजाय अपने मन की गति को पकड़ पाएंगे. आखिरकर दूसरा भी तो वही चाहता है जो हम चाहते हैं……………………………तो फिर…………………………………? अभी तक तो आप सभी समझ ही गए होंगे कि आखिर मैं कौन हूँ? जी आपने सही पहचाना …..मैं हूँ अनिल कुमार ‘अलीन’….किसी का दोस्त तो किसी का दुश्मन पर हकीकत तो यह है कि न कोई मेरा दोस्त है और न कोई मेरा दुश्मन यह सब आप सबकि मन की उपज है मैं तो वही सामने रखता हूँ जो देखता हूँ. हाँ तो अपने पहले कदम के रूप में, मैं आवाज उठाना चाहता हूँ संपादक महोदय, जागरण जन्शन परिवार पर जिनके ऊपर फीडबैक में मेरी व्यंग्यात्मक टिप्पड़ी के कारण मुझे यहाँ से निष्कासन की सजा सुनाई गयी और वो भी बिना किसी सुनवाई और स्पष्टीकरण के. चलिए मैं मान लेता हूँ कि मैं शत-प्रतिशत दोषी था. परन्तु मुझे अपनी बात रखने के लिए एक मौका तो मिलना चाहिए था. यह कैसी निष्पक्षता और न्याय व्यवस्था है जहाँ बिना कोई स्पष्टीकरण मांगे या फिर बिना कोई गुनाह साबित हुए, सीधे मेल करके सजा सुनाई जाती है कि मेरे गैर-अनुशासनात्मक कृत के लिए मेरे ब्लॉग को बंद किया जाता है और इसे पुनः चालू करने के लिए मुझे सार्वजनिक रूप से अफ़सोस व्यक्त करने के लिए कहाँ जाता है. इससे स्पष्ट होता है कि संपादक महोदय, जागरण जन्शन परिवार या तो गूँगा-बहरा है या फिर कुछ चंद चाटुकारों के अनुसार चलते हैं या फिर हमारी आवाज उनतक पहुँच नहीं पाती और बिच में ही कुछ चमचे अपनी मनमानी कर रहे हैं. ऐसे में संपादक महोदय, जागरण जन्शन परिवार से क्या निष्पक्षता और न्याय व्यवस्था कीउम्मीद की जा सकती है………………? आप सभी का, अन्जानी-अनिल

    Feedback के द्वारा
    August 27, 2012

    आदरणीय अनिल कुमार जी, महोदय, आप मंच के एक वरिष्ठ और सम्मानित सदस्य रहे हैं किंतु आपने भूलवश संपादकीय अधिकारों में अनावश्यक हस्तक्षेप किया जिस कारण विवश होकर मंच को आपके ब्लॉग को प्रतिबंधित करने जैसा कठोर कदम उठाना पड़ा। निश्चित रूप से मंच आपकी लेखन प्रतिभा को महत्व देता है और यही कारण है आपके ब्लॉग फीचर और टॉप श्रेणियों में शामिल होते रहे हैं। किंतु आपको यह समझना होगा कि मंच की मर्यादा तभी कायम रखी जा सकती है जबकि “अनुशासन” को सबसे अधिक महत्व दिया जाए। आपको यह बात समझनी चाहिए तदनुरूप अपने व्यवहार को अनुकूल बनाए रखना चाहिए। मंच द्वारा पूर्व में निश्चित किए गए शर्त को पूरा करने के पश्चात आपके ब्लॉग को प्रतिबंध मुक्त कर दिया जाएगा। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    अन्जानी- अनिल के द्वारा
    August 28, 2012

    आदरणीय संपादक महोदय, महोदय कितनी अजीब बात है कि एक तरफ आप मुझे एक वरिष्ठ और सम्मानित सदस्य कह रहे हैं और दूसरी तरफ आपके ऊपर किये गए व्यंग्य को मेरी भूल बता रहे हैं जो कि दोनों ही बातों में विरोधाभास है. आप मर्यादा और अनुशासन कि बात कर रहे हैं. आप क्या बताना चाहेंगे कि किसी व्यक्ति को बिना दोषी सिद्ध हुए उसे सजा देना कौन सी मर्यादा और अनुशासन? आपको नहीं लगता कि आपकी बातों में या तो बचपना है या फिर व्यवसायीकरण सोच. जब कलम मान-सम्मान और मर्यादा के लिए लिखने लगे तो क्या ऐसे में सच उजागर हो पायेगा, क्या ऐसे में कोई लोकतंत्र के तृतीय स्तम्भ पर कोई विश्वास कर पायेगा. आप भले ही मेरे सवालों का जवाब नहीं देना चाहते हो परन्तु मैं जो सवाल उठाया हूँ उससे आप मुँह नहीं मोड़ सकते और न ही कोई न्याय और सत्य को चाहने वाला व्यक्ति मुझे झूठा साबित कर सकता है. रहा सवाल फीडबैक में आपके नाम से कमेन्ट करने का तो यदि मेरा उद्देश्य अनुशासन तोड़ना होता तो न ही मैं अपना नाम उपयोग किया होता और न ही आपका. फिर आपको लगता है कि मेरे इस व्यव्हार से जागरण जन्शन परिवार को किसी भी प्रकार का ठेस पहुंचा है तो मैं इसके लिए सार्वजनिक रूप से अफ़सोस व्यक्त करता हूँ क्योंकि मैं नहीं चाहता कि मेरे वजह से किसी व्यक्ति अथवा समूह विशेष को किसी भी प्रकार का कष्ट हो परन्तु सच से हम और आप मुँह भी तो नहीं मोड़ सकते…………..एक बार फिर अफ़सोस व्यक्त करते हुए आशा करता हूँ कि आप मेरे द्वारा भूतपूर्व में किये गए उद्देश्य को समझते हुए अन्यथा नहीं लेंगे…………….. धन्यवाद अनिल कुमार ‘अलीन’

DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
August 27, 2012

समपादक महोदय , क्या यह कालम बंद हो गया है? आप ने समाधान करना/बताना/sujhaanaa ही छोड़ दिया है!

    Feedback के द्वारा
    August 27, 2012

    आदरणीय पीतांबर जी, महोदय, जागरण जंक्शन फोरम और जागरण जंक्शन ब्लॉग में प्रकाशन के तरीके एक ही हैं। फर्क बस इतना है कि यदि आप फोरम के विषय पर लिखते हैं तो उसे जंक्शन फोरम की कैटगरी में या उसके शीर्षक के साथ जागरण जंक्शन फोरम लिख कर प्रकाशित करें। जबकि फोरम से इतर विषय पर आप आवश्यकतानुसार कैटगरी का चुनाव करें। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

pitamberthakwani के द्वारा
August 22, 2012

महोदय, जागरण जंक्शन फोरम और जागरण जंकशन ब्लॉग में प्रकाशन के तरीके किस तरह अलग अलग हैं?

pitamberthakwani के द्वारा
August 20, 2012

महोदय ,१७ अगस्त को सुझाया गया समाधान कारगर नहीं हो पारहा है,कहीं कुछ क्या गलती है ? मदद करें .

pitamberthakwani के द्वारा
August 20, 2012

महोदय,जागरण आगरा का १६ .अगस्त वाला अंक इन्टरनेट पर आज भी नहीं आया ?और पुर्निवेश में समस्याओं का समाधान भी नहीं हो पारहा है !

kushal chand के द्वारा
August 19, 2012

purshottam maas me panchkoshi yatra janmanas ki astha aur adig vishwas hee unhe gharon se kheench kar mokshadayini kaashi ki durgamsadkon par le aata hai. prashasan ki andekhi va sanvedanheenta ka namoona pratyek baar sochne ko majboor kartaa hai ki paanch kos ka yah raasta apni kahaani kitni andhi bahari sarkaron ko kitni baar sunaaye.

pitamberthakwani के द्वारा
August 17, 2012

महोदय, आपसे इन प्रशनों के उत्तर चाहता हूँ— १- हम जो पोस्ट लिखते हैं,क्या ये प्रिंट मेडीयाजैसे- आगरा के ‘पाठकनामा’ में भी स्थान पाते हैं या पा सकते हैं या यहीं रह जाते हैं? २- यदि वहा छपवाना चाहते हैं तो शीर्षक के साथ ‘पाठकनामा के लिए’ ‘लिखना क्या काफी है?या कुछ और करना होगा? ३-यदि मैं आगरा के पाठकनामा में छपवाना चाहूँ तो क्या करना होगा? बताने का कष्ट करें .

pradeepkumarshukla के द्वारा
August 17, 2012

प्रिय संपादक मंडल, मेरे ब्लॉग ’कल्पना और कलम’ के साथ मेरा फोटो नहीं दिख रहा….’ब्लॉग अवतार’ में फोटो अपलोड तो हो गया है…पर ब्लॉग साईट पर नज़र नहीं आ रहा है…यह समस्या शुरू से ही बनी हुई है…आपकी मदद चाहिए… धन्यवाद प्रदीप शुक्ल

pitamberthakwani के द्वारा
August 17, 2012

sampaadak mahodaya,e-paper network par dainik jagran,ko nahee dekhaa ja rahaa hai,kewal raashTreeya sanskaraN aa rahaa hai, ab 22 ghanTe ho gaye hain,dekhane ki kurpaa karen!!!

pitamberthakwani के द्वारा
August 16, 2012

महोदय किसी की पोस्ट पर टिप्पणी करने के बाद जब सबमिट किया जाता है तो कभी कभी पूरा लिखा मैटर मिट जता है और लिख कर आता है –”invalid code,please try again “, ऐसे में टाईप किया मैटर क्या फिर टाईप करना होता है या उसे किसी तरह फिर हासिल किया जा सकता है ?,और यह भी बताएं की ऐसा क्यों होता है?हमारी कोई गलती है क्या?

pitamberthakwani के द्वारा
August 16, 2012

केवल राष्ट्रीय संस्करण ही आरहा है. बाकी के नगरों के नहीं आ रहें है !

pitamberthakwani के द्वारा
August 16, 2012

महोदय,दैनिक जागरण E-paper,internet पर हम अमेरीका में बैठे रोज पढ लेते हैं ,आज १६ .८.१२ का अंक नहीं आरहा है.अब तक इंतज़ार किये १२ घंटे हो गए हैं ,क्या बात है ? ज़रा देखने की कोशिश करेंगे?

Chandan rai के द्वारा
August 15, 2012

महोदय, सायद किसी त्रुटिवश मेरा आलेख “गांधी के उत्तराधिकारी” फीचर्ड ब्लॉग में नहीं दिखाई दे रही , जो आपने 14:34 बजे ,आज फीचर्ड की थी ! हो सके तो यह त्रुटि दूर कर ले , इसके लिए में आपका अत्यंत आभारी रहूंगा This problem has occurred second time,I have no greed for featuring my post, But for a better Blogging you should keep close track on these problems, It can be heartbreaking for newly associate writers. A communication always makes bridge, so you are kindly requested Pls. communicate with jaagran blogger family with a respective time interval , instead of instruction of writing articles only, Happy Independence day चन्दन राय Your “ “गांधी के उत्तराधिकारी” ” has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : चन्दन राय Thanks! JagranJunction Team

bharodiya के द्वारा
August 14, 2012

जे.जे सावधान अभी तक जे.जे. भगवे-कटुए वाली नफरत फैलानेवाली संस्क्रुति से अछुता रहा है । यहां लेखकों को मित्र समजा जाता है । और यही जे.जे. की शान है । आनेवाला दो साल का समय विरोधी विचारधारा का होगा । अगर वो संस्क्रुति ईधर फैली तो लेखक लेखक नही रहेंगे । भगवा या कटुआ बन जायेगा । दैनिक भास्कर या नवभारत टाईम्स की क्या हालत है वो आप जानते हैं । जीसने शरुआत की है उसे मैने समजा दिया है । आगे आप को ध्यान रखना होगा ।

jlsingh के द्वारा
August 14, 2012

ADARNEEY TAKNEEKEE MANADAL, Hinglish select karne par bhee hindee me nahee likh paa raha hoon. kripaya samadhan karen! Error on page message aa raha hai! YAH PROBLEM PICHHLE TENN DINON SE FACE KAR RAHA HOON!

pradeepkumarshukla के द्वारा
August 13, 2012

प्रिय संपादक मंडल, मेरे ब्लॉग ’कल्पना और कलम’ के साथ मेरा फोटो नहीं दिख रहा….’ब्लॉग अवतार’ में फोटो अपलोड तो हो गया है…पर ब्लॉग साईट पर नज़र नहीं आ रहा है…यह समस्या शुरू से ही बनी हुई है…आपकी मदद चाहिए… धन्यवाद प्रदीप शुक्ल

DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
August 13, 2012

फीड बेक पर समाधान नहीं दिया जा रहा है फिर क्या फ़ायदा इस गलत प्रचार का? या तो बंद ही कर दें इस व्यवस्था को या फिर सही मार्ग दर्शन दें!

    Feedback के द्वारा
    August 13, 2012

    आदरणीय पीतांबर जी, महोदय, जागरण जंक्शन पर आप अपने विचारों को लिखते हैं जिसका हार्दिक स्वागत है. किंतु आपको ये विदित हो कि दैनिक जागरण पाठकनामा और जागरण जंक्शन में आपके विचारों के प्रकाशन का तरीका बिलकुल अलग है. जंक्शन पर आप अपना ब्लॉग स्वयं प्रकाशित कर सकते हैं जबकि पाठकनामा के लिए आपको लिख कर संबंद्ध पते पर भेजना होता है. आपके ब्लॉग जागरण जंक्शन पर नियमित रूप से प्रकाशित हो रहे हैं और यदि आपके ब्लॉग दैनिक जागरण संपादकीय पृष्ठ के अनुकूल होंगे तो उन्हें वहां भी स्थान दिया जाएगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
August 12, 2012

सम्पादक महोदय ,फीडबैक के माध्यम से समस्या का समाधान चाहता हूँ.मैं १५ सालों से आपके जागरण से जुड़ा हूँ और आगरा,फरीदकोट,और नोएडा से इस पत्र के”पाठकनामा”कालम में लिखता हूँ और मेरे पत्र यथेष्ठ संख्या में स्थान भी पाते हैं. इस समय मैं देश से दूर अमेरीका में हूँ यहाँ से अपने पत्र भेजना संभव नहीं हैं क्योंकि मैं अभी यहाँ से नही आ पारहा हूँ ,और न ही पत्र लिखना बंद कर पारहा हूँ i अब आपकी नई सुविधा का लाभ लेकर “जागरण जंक्शन फोरम” में लिखता हूँ तो वह आ नहीं पातेi लगता है की प्रोसेस करने में कुछ भूल है ,क्या मेरा मार्ग दर्शन केरेंगे? मैं कैसे इसे ठीक करूँ?

    DR. PITAMBER THAKWANI के द्वारा
    August 14, 2012

    सम्पादक जी,आपने जवाब देकर हमें निहाल कर दिया .आपके सहयोग के लिए धन्यवाद जी.हरी ॐ

jlsingh के द्वारा
August 9, 2012

आदरणीय संपादक मंडल, श्री अनिल कुमार ‘अलीन’ जो एक प्रतिभावान लेखक हैं उनकी नादानी से भारी गलती हुई है. मुझे ऐसा लगता है उसकी मंशा अन्यथा न रही होगी. आपके द्वारा दिए गए दंड से मेरी असहमति नहीं है पर यदि चेतावनी देकर मौक़ा दिया जाता तो शायद ज्यादा उपयुक्त होता. इंसान तो गलती का पुतला है. गलती किसी से भी हो सकती है. आप बड़े हैं, आपके पास सारे अधिकार हैं. कई लोगों ने आपसे विनम्र अनुरोध करते हुए माफ़ी मांगी है और उन्हें मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाए जाने हेतु एक मौक़ा माँगा है. यदि आपके द्वारा लिए गए निर्णय पर पुनर्विचार करने से आपकी गरिमा को ठेस न पहुँचती हो तो कोई मध्य मार्ग निकालते हुए उन्हें एक मौका प्रदान करने की महती कृपा करेंगे. इसी विश्वास के साथ प्रार्थना प्रस्तुत है. मैं भी श्री प्रदीप कुशवाहा जी के विचारों का समर्थन करता हूँ. धन्यवाद.

sinsera के द्वारा
August 8, 2012

आदरणीय संपादक मंडल, पहली बार आपके पेज पर आयी हूँ, आशा है निराश नहीं करेंगे… व्यस्तता के कारण मुझे अनिल कुमार अलीन जी के निलंबन का पता नहीं चल पाया था. जान कर मैं स्तब्ध रह गयी. एक छोटा सा मजाक उन की लिखी हुई उत्कृष्ट रचनाओं पर इतना भारी नहीं पड़ना चाहिए था. मेरा आपसे अनुरोध है कि कृपया उन्हें चेतावनी देते हुए उनका निलंबन वापस लेने कि कृपा करें और मंचवासियों को उनकी खुबसूरत रचनाओं से वंचित रहने का दंड न दें.. सधन्यवाद..

Devesh Khandelwal के द्वारा
August 7, 2012

मेरे ब्लॉग का नाम राजनीति है, अभी मैंने अपना एक लेख लिखा है नरेंद्र मोदी को लेकर, मेरा सवाल है की आप लेखों को रीडर्स ब्लॉग के बड़े वाले खाने में कब प्रकाशित करते है, मेरा अभी तक हाइ लाइट ही नहीं हुआ है। और किसी ब्लॉग को फीचर्ड करने का क्या फायदा होता है? 

D33P के द्वारा
August 5, 2012

जागरण जंक्शन परिवार  द्वारा श्री अनिल अलीन जी को प्रतिबंधित कर दिया है ! श्री अनिल कुमार अलीन जो एक प्रतिभावान लेखक हैं ा गलती तो इंसान से ही होती है ,लेकिन उसे एक और मौका न देना शायद उससे भी बड़ी गलती होगी ! अनिल जी ने जो गलती की वो सर्वविदित है पर फिर भी जागरण जंक्शन से अपील है कि अनिल जी अगर चाहे तो उन्हें सार्थक लेखन के लिए एक मौका और दिया जाना उचित होगा !आशा है आप अपने निर्णय पर पुर्नविचार करेंगे और निर्णय सभी ब्लोगेर्स के पक्ष में देने का सौहार्द करेंगे

PRADEEP KUSHWAHA के द्वारा
August 4, 2012

परम आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार , सादर अभिवादन आज मैं आपके समक्ष एक विनती लेकर उतरा हूँ. अस्वस्थता के कारण मंच पर हाजिरी कम रही. श्री अनिल कुमार अलीन जो एक प्रतिभावान लेखक हैं उनकी नादानी से भारी गलती हुई है. मुझे ऐसा लगता है उसकी मंशा अन्यथा न रही होगी. आपके द्वारा दिए गए दंड से मेरी असहमति नहीं है पर यदि चेतावनी देकर मौक़ा दिया जाता तो शायद ज्यादा उपयुक्त होता. इंसान तो गलती का पुतला है. गलती किसी से भी हो सकती है. आप बड़े हैं, आपके पास सारे अधिकार हैं. कई लोगों ने आपसे विनम्र अनुरोध करते हुए माफ़ी मांगी है और उन्हें मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाए जाने हेतु एक मौक़ा माँगा है. यदि आपके द्वारा लिए गए निर्णय पर पुनर्विचार करने से आपकी गरिमा को ठेस न पहुँचती हो तो कोई मध्य मार्ग निकालते हुए उन्हें एक मौका प्रदान करने की महती कृपा करेंगे. इसी विश्वास के साथ प्रार्थना प्रस्तुत है. धन्यवाद.

    dineshaastik के द्वारा
    August 5, 2012

    आपके अनुरोध में मेरी भी सहमति….

ANAND PRAVIN के द्वारा
August 3, 2012

सम्मानित जागरण परिवार से निवेदन है की इस मंच के पुराने सम्मानित सदस्य अनिल कुमार “अलीन’जी का निलम्बन वापस लिया जाए

    ajay kumar pandey के द्वारा
    August 4, 2012

    आदरणीय जागरण परिवार आनंद प्रवीन जी की बात से इत्तेफाक रखते हुए में यही कहना चाहूँगा की अनिल कुमार अलीन जी इस मंच की जान हैं उनकी प्रतिक्रियाएँ मनोरंजक तो होती ही थी साथ ही उनमें कुछ यथार्थ होता था में उनका छोटा भाई था और वोह मेरे बड़े भाई इस मंच के जरिये बने थे उनकी प्रतिक्रियाएँ मेरे लेखन को और सार्थक बनाती थी और मुझे अच्छा भी लगता था की मेरे बड़े भाई इस मंच पर प्रतिक्रियाएँ दे रहे हैं और अच्छा भी लगता था अलीन जी मंच के एक परिवार के सदस्य की तरह थे जागरण परिवार से मेरा येही निवेदन है की अनिल जी को अपनी सफाई पेश करने का अवसर दें और ससम्मान उन्हें जागरण मंच पर बुलाएं उनका इस मंच से जाना हम सब रचनाकारों के लिए अपूर्णीय शत्ति है आज वह नहीं हैं तो सुना सुना लगता है जागरण परिवार उन्हें ससम्मान वापस लाये और एक अवसर दे अनिल जी को ससम्मान बुलाने की आशा में आपका सम्मानित सदस्य अजय कुमार पाण्डेय

    dineshaastik के द्वारा
    August 5, 2012

    मेरा भी यही अनुरोध है।

akraktale के द्वारा
August 2, 2012

आदरणीय सम्पादक महोदय, सादर प्रणाम, मेरे ब्लॉग पर जब भी मै कोई पोस्ट लिखता हूँ निचे एक पिंक कलर के चौकोर घेरे में “You do not have permission to do that.” यह पंक्ति लिखी रहती है. शायद इसीलिए मेरे द्वारा सहेजे हुए लेख मुझे दोबारा नहीं मिलते. कृपया अपनी तकनिकी टीम से आग्रह करें की वह मेरी ब्लॉग पर आयी इस त्रुटी को दूर करने में मेरी मदत करें. क्षमा चाहूँगा मगर मैंने पहले भी शिकायत की थी किन्तु मुझे कोई जवाब नहीं मिला है, आशा करता हूँ की आप इस बार अवश्य ही ध्यान देकर मेरी समस्या का निराकरण करने में मेरी मदत करेंगे. आभार.

July 31, 2012

फीडबैक जी नमस्ते महोदय, सविनय निवेदन ये है कि यहाँ ब्लॉगर्स के जो ब्लोग्स प्रकाशित होते हैं उनपर कमेन्ट देने में कभी-कभी बड़ी समस्या हो जाती है…..कभी नेट के कारण तो कभी आपके कोड के कारण | अतः अगर एक “लाइक” बटन भी हर ब्लॉग के साथ हो और साथ ही साथ ये सहूलियत कि ये पता लग सके ली किसने लाइक किया तो समय कि काफी बचत होगी…..और हाँ एक बात और आजकल वाद-विवाद करने वाली “सामाजिक क्रांति” की जनक शक्तियां काफी जागरूक हों गईं है (नीचे देख ही रहे हैं) अतः उनके लिए जैसा कि आदरणीय रक्ताले सर ने कहा की एक अलग कैटेगरी बना दी जाये तो वो उधर जीभर के कच-कच करते रहेंगे और आपके मंच का माहौल भी साफ बना रहेगा….विचार कीजियेगा अच्छा लगे तो ठीक वर्ना जैसी आपकी मर्जी……नमस्कार….

ajay kumar pandey के द्वारा
July 29, 2012

aadarniya jagran parivaar mere priya bade bhai anil ko wapas iss manch par bulwaane ki kripa karein mujhe unki bahut yaad aati hai anil bhaiya ne jo galti ki uske liye mein apni taraph se aapse maafi maangta hoon aap kripya anil bhaiya ko iss blog manch par saprem sammilit karein hamne manch ki ek acchi pratibha kho di hai aur wo mere bade bhai hi nahi sabke bhai hain aur sabke bete aur naati hain aap kripya anil ko sasamman wapas bulayein aapse anil ko sasamman wapas iss manch par bulwaane ki asha mein aapka ajay pandey

akraktale के द्वारा
July 29, 2012

महोदय, पिछले कुछ महीनो से यह देखने में आ रहा है कि कुछ टिप्पणियों पर विवाद हो जाने से ब्लोगर्स एक आलेख के रूप में उसे प्रस्तुत कर बहस के लिए आमंत्रित करते हैं. यदि मंच पर इसके लिए एक अलग केटेगरी का निर्माण कर दिया जाए और बहस के विषय को मात्र उसी केटेगरी में मान्यता दी जाए तो अन्य केटेगरी कि गरिमा बनी रहेगी. मुझे आशा है आप अवश्य इस पर विचार करेंगे.

    ANAND PRAVIN के द्वारा
    July 29, 2012

    अशोक सर की बातों का समर्थन

rajivupadhyay के द्वारा
July 27, 2012

Dear Sir my id and password cannot open my ‘ reader blog ‘ or many sites . My posta are also not opening for comments . Pleaseget it rectified . Rajiv Upadhyay

dineshaastik के द्वारा
July 27, 2012

आदरणीय संपादक महोदय, सादर अभिवादन, मान्यवर, निवेदन है कि मैंने आदरणीय राजकमल जी के व्यक्तिगत आलोचना करने वाले आलेखों को पढ़कर, उनके व्यक्तिगत आक्षेप करने वाले विचारों का पूर्व में विरोध किया था। एक आलेख में तो उन्होंने आदरणीय साधना जी पर कुछ अभद्र बातें लिखी थीं। जिसका  लगभग सभी ब्लॉगरों ने विरोध किया था। हाँ एक त्रुटि हो गई कि किसी ने आपसे अपनी आपत्ति दर्ज नहीं कराई। ऐसे कई ब्लॉगर जो उनके विचारों के विपरीत लिखते थे। एक  सुनियोजित षडयंत्र के तहत उन्हें मंच से प्रथक करा दिया। जिसके कारण हमें कई महान विचारकों के विचारों से अनभिज्ञ होना पड़ा। आदरणीय साधना जी के संबंध में अशोभनीय शब्दों का प्रयोग करने वाला आलेख न तो उन्होंने डिलीट ही किया न ही अपने कृत्य की  माफी माँगी। इसके लिये कई ब्लॉगरों ने उनसे निवेदन किया था। उनके लिखने के ढंग से ऐसा प्रतीत होता है कि जैसे जागरण जंक्शन पर उनका प्रभुत्व हो। जैसे दबंग दरोगा राजकमल आदि। किसी ब्लॉगर को इस तरह धमकाना जैसे वह मंच के व्यवस्थापक हों। उनका स्वयं भू गुरू बनना उनके इस षडयंत्र का ही एक हिस्सा है। उन्होंने अब संकल्प किया है कि मुझे मंच से भगा कर रहेगे। इसके लिये उनहोंने साजिश रचना आरंभ कर दी है। वह मुझे अपनी औकात में रहने की हिदायत देते हुये मुझे सनकी  आदि शब्दों से मानसिक रूप से प्रताडित करते हैं। वह अपने दुर्वचनों के प्रहार से मंच से  प्रथक कर देना चाहते हैं। मुझे क्या करना चाहिये, कृपया निर्देशित करें……. मेरा मानना है कि विरोध व्यक्ति का नहीं विचारों का होना चाहिये, जबकि वह सदा से ही व्यक्ति का विरोध करते हैं। खासतौर से उनका जो उन्हें गुरू रूप में स्वीकृति प्रदान नहीं करता। इनके कुत्सित व्यवहार से कई विद्वानों ने मंच को छोड़ दिया है। आदरणीय राजकमल जी ने मेरे संबंध में एक आलेख ”यह कैसी आस्तिकता”!!! लिखा है। जिसका उद्देश्य केवल मुझे मानसिक रूप से प्रताड़ित करना है। कृपया आप न्यायोचित कार्यवाही करें। यदि आप अनुमति दें तो उस आलेख के प्रति उत्तर में मैं भी कोई आलेख लिखूँ। व्यक्तिगत आलेखों से भविष्य में मंच का माहौल खराब हो सकता है। और यह मंच भारत का कश्मीर बन जायगा। केवल आदरणीय राजकमल जी की हाँ में हाँ मिलाने वाले ब्लॉगर ही यहाँ बचे रहेंगे। आदरणीय राजकमल जी अपना यह कृ्त्य केवल इसलिये कर रहे हैं, कि मैंने उनके इससे पूर्व दो पोस्टों पर उनके विचारों के विपरीत प्रतिक्रिया दी थी। 1, राजकमल शर्मा काँग्रेसी तथा 2. ”अंडर अचीवर” प्रधानमंत्री -अयोग्यता का प्रमाण या गरिमा के साथ खिलवाड़?- राजकमल प्रोडक्शन। प्रति उत्तर की प्रतीक्षा में….. दिनेश आस्तिक

smtpushpapandey के द्वारा
July 26, 2012

आदरणीय जागरण परिवार आपका तह दिल से धन्यवाद की आपने मेरे लेख को संपादकीय आपकी आवाज़ और आपका ब्लॉग में प्रकाशित करने योग्य समझा आशा करती हूँ भविष्य में जो लेख लिखूंगी उसे विस्तार रूप देकर मुख्य प्रस्थ पर प्रकाशित करने का कष्ट करेंगे क्योंकि एक प्रस्थ के एक कोने में अक्सर लोगो का ध्यान नहीं जाता है यदि जितना हम अपने ब्लॉग में देते हैं उसको पूरा कम से कम आधा या एक पन्ना अखबार में छपे तो लोग ज्यादा ध्यान से पढेंगे और इसका प्रभाव भी बहुत लोगो तक पहुचेगा क्योंकि ब्लॉग पढने का कष्ट बहुत कम लोग करते हैं आशा करती हूँ की इस और आप ध्यान देंगे धन्यवाद श्रीमती पुष्पा पाण्डेय

santosh kumar के द्वारा
July 26, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,..सादर अभिवादन पिछले कई दिनों से ब्लोगिंग से दूर रहना पड़ा ,..पता चला है की आपने श्री अनिल अलीन जी को प्रतिबंधित कर दिया है ,..उत्साह या अनुत्साह की भावना में उन्होंने जो भी गलती की है उसके लिए निष्कासन की सजा बहुत ज्यादा और अतार्किक है ,..यह मंच निष्पक्ष अभिव्यक्ति का अद्भुत मंच है ,..इसकी गरिमा श्रेष्ठ है ,..हम सब बिना मिले एक परिवार की तरह यहाँ मिलते हैं ,.. आपसे करबद्ध निवेदन है की अनिल अलीन जी का निष्कासन रद्द कर उन्हें सार्थक लेखन के लिए प्रोत्साहित किया जाय ,..उनसे हुई गलती के लिए मैं आपसे क्षमा मांगता हूँ ,..और यह आश्वासन देता हूँ की भविष्य में वो इस तरह के गैरजिम्मेदार कदम नहीं उठाएंगे ,…सादर आभार सहित

    dineshaastik के द्वारा
    July 26, 2012

    आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार, सादर नमस्कार, आदरणीय संतोष जी की बातों से में भी सहमत हूँ। मुझे विश्वास है कि आप संतोष जी का अनुरोध स्वीकृत करके एक अच्छे विचारक को मंच पर पुनः स्थापित  कर देंगे। आपका सदा आभार व्यक्त करूँगा।

    bharodiya के द्वारा
    July 27, 2012

    मै भी संतोषभाई से सहमत हुं । अनिल भाई की कुछ रचना पढी । गजब की प्रतिभा है उन में । अतिबुध्धिमान आदमी को घमंड हो जाता है वो साहजिक है । लेकिन फोरुम में अच्छों अच्छों का घमंड निकल जाता है । जे जे ने एक बडी प्रतिभा खो दी है । जो कुछ हुआ सबक तो लिया होगा । अब क्या गिला शिकवा ।

    akraktale के द्वारा
    July 29, 2012

    सादर, अवश्य जी अनिल”अलीन” को एक मौका दिया जाना चाहिए यदि वे सम्पादकीय अधिकारों का उल्लंघन करने जैसे कृत्य ना करें.मै आदरणीय संतोष जी से सहमत हूँ.

    July 30, 2012

    आदरणीय संतोष भाई सादर प्रणाम जैसा कि आपको ज्ञात ही है कि मैंने काफी दिनों से स्वयं को इस मंच की अंदरूनी राजनीति से दूर कर रखा है और शायद मैं आगे भी ऐसा ही करूँ | आता हूँ, लिखता हूँ, और बिना इधर-उधर ताक-झांक किये चला जाता हूँ | अब ये बात और है कि मैंने कभी भी इस मंच पर अतिसक्रिय होकर काम नहीं किया बल्कि सिर्फ उतना ही काम किया जितना जरूरी लगा | लेकिन कुछ लोगों ने जागरण परिवार की अति-सरलता का लाभ उठाकर इसे वैसा नुक्कड़ बना दिया है जहाँ हर कोई अपनी बात/बेढंगी बात को जिद के साथ चिल्ला-चिल्ला के ऐसे कहता है जैसे उसका मनुष्यों से पाला ही पहली बार पड़ा हो | कुछ कुंठित लोग खुद को दार्शनिक समझ बैठे हैं और “समाज” की चिंता करते फिरते हैं जबकि उन्हें अपनी चिंता करनी चाहिए | ऐसे “दार्शनिकों” से मैं कोई मतलब नहीं रखता और न ही कभी रखूँगा | लोगों को भरमाना उनका जन्मसिद्ध अधिकार है | मैं किसी व्यक्ति के विरुद्ध नहीं हूँ बल्कि उस बेमतलब की छूट के खिलाफ हूँ जो जागरण ने अपने ब्लोगर्स को दे रखी है और जिसका अनुचित लाभ लेकर वो किसी की आस्था, विश्वास से खेलने से कभी नहीं चूकते | ऐसे मानसिक बीमारों का इलाज जागरण को करना होगा अन्यथा ये मंच भी लोकतंत्र के अन्य मंचों में बदल जायेगा जहाँ “अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता” के नाम पर विक्षिप्तों को मौका मिल जाता है | जागरण का संपादक मंडल अगर अपनी बेहतरी के लिए कोई कठोर कदम उठाता है तो हमसब को उसका स्वागत करना चाहिए न की विरोध | आशा है आप मुझसे सहमत होंगे | धन्यवाद |

    santosh kumar के द्वारा
    July 30, 2012

    आदरणीय कुमार गौरव जी ,.सादर अभिवादन “..जागरण का संपादक मंडल अगर अपनी बेहतरी के लिए कोई कठोर कदम उठाता है तो हमसब को उसका स्वागत करना चाहिए न की विरोध “”…………..यहाँ विरोध नहीं बल्कि एक अच्छे लेखक को एक मौका देने के लिए विनती की है ,..सबकी सोच अलग अलग होती है ,.. हमारी आस्था और विश्वास कमजोर नहीं है ,..वहीँ लकीर के फ़कीर बनाने से भी कोई लाभ नहीं है ,..सार्वजनिक मंच है तो हर तरह के लोग आयेंगे ,..कुछ विचारक होंगे तो मुझ जैसा मूरख भी अपनी चिल्ल-पों करता रहेगा ,..शेष जागरण जंक्शन के सम्पादक प्रबुद्ध हैं जो उचित होगा वो अवश्य करेंगे ,…सादर आभार सहित

R K KHURANA के द्वारा
July 25, 2012

मेरी आई डी khuranarkk@yahoo.in किसी ने हैक कर ली है ओर उस आई डी से मेरे सभी कांटेक्ट लोगो को एक गलत मेल भेज दी है के मैं स्पेन मे हू ओर मेरा सामान चोरी हो गया है ! मुझे पैसे भेजो ! मैन क्या करूँ ? Ram Krishna Khurana

    Feedback के द्वारा
    July 25, 2012

    आदरणीय खुराना जी, आपकी यह समस्या आपके ई-मेल की है. अगर आपका ई-मेल आईडी हैक हो गया है तो अपना पासवर्ड अविलंब बदल लें. अगर आपने अपना पासवर्ड बदल लिया है तो आपको डरने की जरूरत नहीं है. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    R K KHURANA के द्वारा
    July 25, 2012

    महोदय, मैं आपके त्वरित उत्तर के लिए आपका बहुत आभारी हूँ ! मैंने अपना पासवर्ड तो उसी समय बदल दिया था लेकिन समस्या यह है की मुझे कोइ भी मेल नहीं मिल रही है ! कोइ भी मेल मेरी आई डी पर नहीं आ रही है ! मैंने स्वयं भी अपनी दूसरी आई डी से मेल भेजी लेकिन नहीं मिली ! इसका क्या समाधान हो सकता है ! कृपया बताएं ! आभार सहित ! राम कृष्ण खुराना

    rameshbajpai के द्वारा
    July 29, 2012

    आदरणीय भाई जी मै तो यह मेल पढ़ कर स्तब्ध रह गया था ,शायद आपको फोन करता पर तुरंत मंच पर आया तो उसी तारीख में किसी पोस्ट पर आपकी ताजगी भरी कमेन्ट पढने को मिली | दुबारा मेल पढ़ी तो लगा यह लहजा आपके व्यक्तित्व से मेल नहीं खाता | आशीर्वाद का आकांक्षी

rajuahuja के द्वारा
July 23, 2012

धन्यवाद जे जे ! ब्लाग पर अपनी पोस्ट वापस देख प्रसन्नता हुई ! मानना पडेगा कभी-कभी तो आप कंप्यूटर जैसी त्वरित गति से कार्य करते है और कभी तो ” बस राम ही राखे ” !

rajuahuja के द्वारा
July 22, 2012

माननीय जे जे महोदय ! रीडर ब्लॉग से मेरी पोस्ट ” डेरे के नीचे क्या है ” कुछ घंटों बाद गुम हो गई जिसकी प्रतिक्रियाएं मेरे ब्लॉग पर अंकित हैं ! कृपया खोया-पाया विभाग को सूचित करें ! यदि ऐसा होता रहा तो भविष्य में अपनी पोस्ट का बीमा करवाना पड़ेगा ! आपका क्या विचार है इस बारे में …?

mohmmad arzoo salmani के द्वारा
July 22, 2012

इ लव papa

Rajkamal Sharma के द्वारा
July 22, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार …. सादर अभिवादन ! दिव्या बहिन ने इस मंच पर “दंश” नामक शीर्षक के तहत अपनी एक रचना 29 june -2012 को पोस्ट की थी ….. अभी कल के अखबार में ही पढ़ा था की सरकार ने लड़कियों पर तेजाब फेंकने वालों के लिए सजा को बढ़ा कर दस लाख का जुर्माना तथा दस साल की सजा तक कर दिया है …. अक्सर ही हम अखबारों में देखा करते है की समाचारपत्र द्वारा “IMPECT” शीर्षक के तहत अपनी पुराणी खबर और प्रशासन द्वारा उस पर कार्यवाही को बतलाया और दिखलाया जाता है चित्रों के माध्यम से …. आपसे प्रार्थना है की अगर किसी ब्लागर के लेख के बाद सयोंगवश ही अगर कुछ इस तरह से होता है तो उसका उत्साहवर्धन भी आपको करना चाहिए ….. जागरण पर मैं इसके शुरूआती दिनों से हूँ …. इस विषय पर शायद ही कोई दूसरी कविता इस मंच पर पहले इस तरह से लिखी गई होगी ….. आपका इस दिशा में उठाया गया कोई भी कदम इस गरिमामय मंच की गरिमा + स्तर तथा इसकी विश्वसनीयता को आसमान की बुलंदियो तक पहुंचा देगा , जिसकी की हम सभी कामना भी करते है ….. एक सकारात्मक और सार्थक पहल की आशा में अग्रिम आभार सहित

ङा. टी. के. सिनहा, भूजल वैज्ञानिक के द्वारा
July 15, 2012

बढ़ती  हुयी  आबादी  के  जरुरत  की  अनेकों  पूतिॅ  में  भूजल  भंङार  तेजी  से  खाली  हो  रहा  है. अतः  इसकाभरण एवं  संरक्षण  करना  हम  सबका  नैतिक  कायॅ  है. आओ मिलकर दृढ़  संकलप लें, सब जन इस क्षण, बूंद-बूंद को बचा करके, होगा  भूजल  श्रोतों  को  संरक्षण.           

ङा. टी. के. सिनहा, भूजल वैज्ञानिक के द्वारा
July 15, 2012

भूजल  ही  हमारे  दैनिक  जीवन  के उपयोग  मे  आता है. यह  कुदरत  का  दिया  गया  अनमोल  धरोहर  है  और  भूगभॅ  मे सीमित  मात्रा  मे  है. अतः  इसे  बरबाद  न  करे,  दूषित  न  होने  दे . इसका  केवल  संतुलित   एवं    समुचित  ही  उपयोग  कर  इसका  संरक्षण  करे.  भूजल  के  बिना  जीवन  सुरक्षित  नही है. यह  हम  सबके  लिए  एक  अनिवायॅ  जीवनदायनी  निधी  है.  इसे   हर तरह  से  बचाना  हम  सबका  पुनीत  कायॅ  एवं  धमॅ  है.                                                                                         ङा. टी. के. सिनहा, भूजल वैज्ञानिक

Chandan rai के द्वारा
July 14, 2012

महोदय , में यंहा सुझाव देना चाहता हूँ की आप जो दो रचनाये अपने समाचार पत्र के ब्लॉग मंच पर प्रकशित करते है ,उनके सम्मानीय लेखकों के नाम के साथ ,उनके सम्बंधित शहर या मूल पता सलंग्न करे ! यह उस शहर ,राज्य के लिए इक सम्मान की बात होगी ,साथ ही उस क्षेत्र के अन्य उदयीमान लेखकों को नैतिक रूप से प्रोत्साहित करेगा की वह इस मंच से जुड़ अपना योगदान दे सके ! और इक बात यह प्रकाशित लेख के लेखक के मनोबल और निष्ठां को भी पंख प्रदान करेगा !

yogi sarswat के द्वारा
July 14, 2012

सम्मानित फीडबैक के सदस्यों को मेरा नमस्कार ! मैं आपके संज्ञान में एक बात लाना चाहता हूँ ! मैंने एक रचना उर्दू के महान साहित्यकार ज़नाब हाली की नज़्म “मुनाजात ए बेवा ” का हिंदी रूपांतरण ” विधवा की प्रार्थना ” के नाम से ११ जुलाई २०१२ को पोस्ट किया था लेकिन मैं देख पा रहा हूँ की मेरी से बाद वाली पोस्ट तो इस मंच पर फीचर्ड हो चुकी हैं किन्तु मेरी पोस्ट नहीं ! ऐसा क्यूँ और कैसे हुआ , मुझे समझ नहीं आ रहा है जबकि ये पोस्ट स्पष्ट सन्देश देती है , सामजिक बुराई को दर्शाती है ! इस बार ऐसे कैसे हुआ , मुझे समझ नही आ रहा जबकि अब से पहले मेरी सभी पोस्ट फीचर्ड हुई हैं ! आपके जवाब का इंतज़ार रहेगा

akraktale के द्वारा
July 9, 2012

आदरणीय महोदय, कल से मेरे साथ विचित्र सी घटनाएं हो रही हैं. कृपया इसमें सुधार की अपेक्षा रखता हूँ. कल मैंने अपनी एक कविता लिखकर कुछ एडिट का कार्य होने से सेव करके राखी थी वह सबेरे गायब हो गयी मैंने फिर अपनी डायरी से लिखा प्रस्तुत किया वह रचना दोपहर तक तो दिखाई दे रही थी किन्तु अब वह गायब है. उस पर आयी चार प्रतिक्रियाएं भी मेरे ब्लाग पर सुरक्षित हैं किन्तु रचना का कहीं अता पता नहीं है. कृपया ढूंढने में मेरी मदत करें. धन्यवाद.

rajuahuja के द्वारा
June 26, 2012

श्री श्री …?..जे जे महोदय ! दिनांक २५ जून २०१२ से इस वक़्त तक आप कुम्भकरणी निद्रा में हैं !आप कैसे जागेंगे समझ से परे है ! उठिए-जागिये काल-चक्र सब देख रहा है ! कहीं ऐसा न हो ……….?

dineshaastik के द्वारा
June 26, 2012

आदरणीय महोदय क्या मैं जान सकता हूँ? कि मेरी 45 रचनाओं में ऐसी कौन सी सौभाग्यशाली रचना या रचनायें हैं जो आपके पेपर द्वारा सम्मान प्राप्त कर सकीं हैं। यदि नहीं तो क्या मैं कारण  जानने का हक  रखता हूँ? मान्यवर मुझे जाने क्यों विश्वास  है? कि आप  अपने उत्तर रुपी कृपा से मुझे अनवगृहीत करेंगे।

मनु (tosi) के द्वारा
June 24, 2012

आदरणीय प्यारे जेजे , सादर नमस्कार ! सच बताइये इतनी सारी शिकायत सुनकर तो आपका दिमाग ही घूम जाता होगा !!!! है ना !!!!!!!! ज़्यादा बड़ी तो नहीं पर छोटी सी समस्या है ….क्या कारण है , ज़्यादा बढ़िया न होने के बावजूद कई रचनाएँ आपके ज़्यादा पठित, ज़्यादा चर्चित ,अधि मुल्यित मे चिपकी रहती हैं , जबकि वैसी ही  हमारी रचनाएँ ,उनसे उत्तम होते हुये भी आप उन्हे कोई श्रेणी प्रदान नहीं करते ,,,, क्यूँ ?????? जवाब आपको देना ही होगा … आपके प्रतिष्ठित अखबार मे मेरे 2, ब्लॉग प्रकाशित हो चुके हैं ,उनके लिए मैं आपकी दिल से आभारी हूँ ,,,, फिर भी कहीं कुछ कमी खटकती है महोदय !!!! उसका निराकरन कीजिये …… धन्यवाद !!!

    Feedback के द्वारा
    June 27, 2012

    आदरणीया मनु जी, जिन श्रेणियों की आपने चर्चा की है उन श्रेणियों में कोई भी ब्लॉग संपादक मंडल की अनुशंसा से नहीं शामिल होते बल्कि ये कंप्यूटर नियंत्रित श्रेणियां हैं जिनका इन श्रेणियों में शामिल होना उनकी गुणवत्ता के आधार पर नहीं बल्कि ज्यादा पढ़े जाने, ज्यादा कमेंट और रेटिंग प्राप्त होने पर निर्भर करता है. अतः आप निश्चिंत होकर ब्लॉगिंग करें. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    July 9, 2012

    आदरणीय दिनेश जी, आपके आलेख और रचनाएँ हमारे संपादकीय पृष्ठ के मानकों के अनुरूप नहीं होते हैं. हमें लगता है कि उसकी गुणवत्ता और महत्ता भी नहीं हैं. अतः आपके किसी भी साहित्य को दैनिक जागरण पृष्ठ में स्थान नहीं दिया गया. आपसे विनती हैं कि आप सच्चाई को छोड़कर हमारे मानक के अनुरूप और हमें अच्छा लगाने के लिए लिखिए या फिर हमारे अख़बार के प्रशंसा में ताकि समाज में हमारा गुडविल बन सके. फिर निश्चय ही आपके साहित्य को दैनिक जागरण में स्थान दिया जायेगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    dineshaastik के द्वारा
    July 9, 2012

    आदरणीय जागरण परिवार आपका हर्षित हुआ उत्तर पाकर। आज अदभुत खुशी हुई फीड बैक पर आकर। क्षमा चाहता हूँ आपके मानको पर खरा नहीं उतर सकता। मैं चाहकर भी अपने आपको नहीं बदल सकता। क्या आप बता सकते हैं? कैसे होते हैं आपको अच्छे लगने वाले आलेख? और क्या होता है ऐसे आलेख लिखने का उद्देश्य?

    pranavtheleader के द्वारा
    December 23, 2012

    ब्लॉगर से अपने ब्लॉग यहाँ प्रस्तुत करने का अपने जिक्र तो किया है,परन्तु वो काम में नही आता| और अगर लेखों को परखने का कार्य कंप्यूटर महोदय पर न छोडा जाये तो बड़ी कृपया होगी |

June 24, 2012

आदरणीय जे जे नमस्कार इस मंच पर ४ महीने तक लिखने के बाद मेरी बीसवीं या इक्कीसवीं रचना को आपने अपने प्रतिष्ठित अखबार में जगह देकर मुझे सम्मान दिया था| जरा इतना बता दीजिये की अब अगली रचना को छपने में क्या मेरे अगले बीस लेख फिर लेंगे? ये तो उसी हॉरर मूवी की याद दिला रहा है….कौन सी?……अजी वही “बीस साल बाद”| आपने भी वही स्टाइल लगा रखा है कि “बीस ब्लॉग बाद”| थोडा समय-समय पर हमारे लेख भी छापते रहिये| हम तो इतने से ही बहुत खुश हो जाते हैं और आप हैं कि बस एक लौलिपौप पकड़ा देते हैं कि “Dear User Your Blog………is featured on Jagran Junction” अजी मधुमेह कराईयेगा क्या?

chaatak के द्वारा
June 24, 2012

प्रिय जागरण जंक्शन, मेरा एक सुझाव है कि हो सके तो ब्लॉग पर कमेन्ट और रिप्लाई के साथ ‘लाइक/अनलाइक’ विकल्प भी जोड़ दें इससे प्रतिक्रिया देने वाले लोगों के विचारों पर भी सहमति असहमति मिल सकेगी| मुझे लगता है कुछ प्रतिक्रियाएं इतनी अच्छी और विचारपरक होती हैं कि उनपर हम सहमति व्यक्त करना चाहते हैं परन्तु रिप्लाई या टिप्पड़ी करना ही एक मात्र विकल्प होने के कारण ऐसा नहीं हो पाता समयाभाव भी एक और समस्या है| आशा है मंच इस बिंदु पर विचार करेगा| आपका चातक

    Feedback के द्वारा
    June 27, 2012

    आदरणीय चातक जी, आपके सुझाव सराहनीय हैं. मंच इन पर अवश्य विचार करेगा. आपके बहुमूल्य सुझावों के लिए आपका आभार. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

Mohd Haneef "Ankur" के द्वारा
June 22, 2012

सम्मानित जे. जे. परिवार, मैं पिछले १५ या २० दिनों से न तो अपने ब्लॉग के माध्यम से किसी को प्रतिक्रिया दे पा रहा हूँ. और नहीं कोई मेरे ब्लॉग पर प्रतिक्रिया कर पा रहा है. शायद मेरे ब्लॉग में कोई तकनिकी समस्या आ गई है. मेरे मित्रों ने भी मुझे बताया है की जब वे मेरा लिंक http://www.hnif.jagranjunction.com URL पर टाइप करते हैं तो मेरा ब्लॉग नहीं खुलता है. इसी समस्या के चलते फादर्स दे पर मैं अपनी रचना पोस्ट नहीं कर पाया. कृपया मेरी समस्या को नज़रंदाज़ न करे, शीघ्र समाधान करने की कृपा करे.

    Feedback के द्वारा
    June 27, 2012

    आदरणीय हनीफ़ जी, आपकी समस्या को संज्ञान में ले लिया गया है. बहुत शीघ्र इसे दुरुस्त कर आपको सूचना भेज दी जाएगी. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

shashibhushan1959 के द्वारा
June 16, 2012

मान्यवर जे जे परिवार, सादर ! बहुत दिंनों से आपके जंक्शन के पृष्ठों पर एक विज्ञापन प्रदर्शित किया जा रहा है, जिसमें एक गर्भवती महिला का चित्र है ! वह किसी विज्ञापन का हिस्सा है ! ठीक उसके ऊपर पोर्न स्टार का चित्र लगा है ! ऐसे चित्र से अलंकारित पृष्ठों को परिवार में अन्य सदस्यों की मौजूदगी में खोलना बड़ा अजीब सा महसूस होता है ! मुझे लगा की यह कुछ समय बाद स्वतः बदल जाएगा ! पर नहीं ! जब भी कुछ लिखने या पढ़ने के लिए ब्लॉग खोलता हूँ तो वही चित्र सामने आ जाते हैं ! क्या आपलोगों को लगता है की ऐसे चित्रों से या ऐसे विज्ञापनों से जे जे लोकप्रिय होगा ? कम से कम मुझे तो ऐसा नहीं लगता ! समाचार पत्र या पत्रिका में ऐसे विज्ञापन प्रकाशित हों तो कोई बात नहीं, पर इस सम्मानित मंच पर ऐसे चित्रों की क्या उपयोगिता है ? पिछले काफी समय से इन चित्रों की वजह से ही मैं कोई रचना नहीं लिख सका और न प्रकाशित रचनाओं पर कोई कमेन्ट कर सका ! कृपया कर मंच को तो कम से कम इन बातों से बचाएं !

yogeshkumar के द्वारा
June 15, 2012

महोदय, मैं अपने कंप्यूटर से प्रतिक्रिया देना चाहता हूँ मगर NLP captcha का कोड ना आने की वजह से परेशान हूँ .. मैंने भरसक कोशिश कर ली मगर मेरे कंप्यूटर में ये captcha कोड नहीं आता ….. कुछ समस्या का निदान का उपाय बताईये…

मनु (tosi) के द्वारा
June 12, 2012

आदरणीय जेजे , सादर नमस्कार !!! जेजे एक बात पूछना चाहती हूँ इतनी सारी शिकायतें आप कैसे निपटाते हैं ??? आप तो परेशान हो जाते होंगे !!! इसी परेशानी मे बस आप पूनम ‘मनु’ को भूल जाते होंगे !!! है न !!!! क्यूंकी जब भी मैं आपसे शिकायत करती हूँ आप सीरियसली नहीं लेते … अभी 3-4 दिन पहले मेरी कविता “पागल ” ज्यादा चर्चित मे शामिल थी शायद बेचारी 1-2 घंटे … फिर उसके बाद उसका पता नहीं … बेचारी पागल क्या किसी काम की न थी जो आपकी नज़र उस पर न पड़ी … कुछ लोगों के लेख तो इस कदर आपको भाते हैं … चाहे वो कोई भी संदेश न देते हों …पर ज्यादा चर्चित ,ज्यादा पठित ,अधिक मुल्यित पर कई हफ़्ते 15 दिन तक चिपके रहते हैं क्यूँ ??? आप ये तो कहिएगा मत कि वो लेख ही ऐसे थे ॥ क्यूंकी थोड़ी अक्ल तो हम भी रखते हैं ….बेचारी पागल रचना फीचर्ड भी हुई तो केवल 1-2घंटे के लिए ही ,,इतनी मेहरबानी भी क्यूँ की आपने !!! जरा इस पर गौर कीजिये महोदय !!! और मेरी जिज्ञासा भी शांत कीजिये …. धन्यवाद

ajay kumar pandey के द्वारा
June 12, 2012

आदरणीय महोदय मेरे ब्लॉग पर मेरी एक पोस्ट अम्मा जरा देख तो उप्पर में चार प्रतिक्रिया ही क्यों दिखाई जा रही हैं जबकि प्रतिक्रियाएँ तो ज्यादा हैं और मेरे ब्लॉग के dashboard पर आप २४६ प्रतिक्रिया बता रहे हैं पर दिखा क्यों नहीं रहे हैं कृपया इस तकनिकी समस्या को ठीक कीजिये और समर्थन मेरे ब्लॉग पर दर्शाइए और यदि नहीं दर्शाया तो आपकी पोल खोल दूंगा की अखबार में रचना क्यों नहीं छापी जाती जागरण junction आपकी आवाज आपका ब्लॉग में अतः यदि पोल नहीं खुलवानी है तो कल तक समाधान करें धन्यवाद

    मनु (tosi) के द्वारा
    June 12, 2012

    अजय जी अच्छी धमकी दी है आपने तो !!! क्या आप बताएँगे कि  रचना क्यूँ नहीं छापी जाती ??? मुझे भी बताइये ताकि इनसे लड़ने कि बजाय संतोष कर लूँ कि भाई रचना इसलिए नहीं छ्पती !! :-) :-)

    June 13, 2012

    अनुज अजय, आप अपनी भाषा को सही करें………………………..

    Jack के द्वारा
    June 13, 2012

    अजय जी क्या वाकई आप एक लेखक हैं? अगर हां तो शायद आपकी भाषा और हमारी भाषा में ही अंतर है . जिस मंच पर आप लिख रहे हैं उसकी ऐसी कौन सी पोल है जनाब जो आपको पता है जरा हमें भी बताइएं? ऐसा कौन सा राज अजय जी अपने दिल में छुपाए बैठे हैं या बिना वजह यूंही ड्रामेबाजी कर रहे हैं. अखबार में ब्लॉग को छापना का अर्थ है कि उनका लेवल काफी ऊंचा होना चाहिए मैं दैनिक जागरण दिल्ली का अखबार प्रतिदिन पढता हूं और उसके सातवें या आठबें पेज पर शायद जागरण जंक्शन कोना आता है जहां डेली दो ब्लॉग फीचर किए जाते है और दोनों ब्लॉग बहुत ही उच्च कोटि के होते है. और तो और आपके भी तो शायद ब्ळॉग अखबार में गए ही हैं. फिर ऐसी शिकायत… आप मेरे ब्लॉग भी पढॆं : http://jack.jagranjunction.com/

vikramjitsingh के द्वारा
June 12, 2012

आदरणीय संपादक महोदय…… हमारे ब्लॉग पर आज सुबह से न ही कमेन्ट दिया जा रहा है…और न ही रिप्लाय हो पा रहा है….. ”ये कैसी दुर्घटना…???” पर कमेन्ट 51 हैं किन्तु शो 48 ही हो रहे हैं……..कृपया समाधान करें……

June 10, 2012

आदरणीय संपादक महोदय, अक्सर मैं देखता हूँ कि आप उन्ही आलेखों और रचनाओं को दैनिक जागरण में स्थान देते हैं जो गुणवत्ता में अच्छे होते हैं. इस बात को आपने भी कही स्वीकार है. यह अलग बात हो कि उसकी महत्ता है कि नहीं. इस सम्बन्ध में आपको अवगत करना है कि अजय कुमार पाण्डेय जी की तत्कालीन कृति “अम्मा जरा देख तो उप्पर” उनके उम्र के हिशाब से उम्रदराज साहित्यकारों से कहीं आगे निकल गयी है. अतः आशा करता हूँ कि आप उनकी इस रचना को दैनिक जागरण में स्थान देकर एक उभरते हुए रचनाकार का हौशला बढ़ाएंगे……….!

nishamittal के द्वारा
June 10, 2012

मान्यवर महोदय ,मेरी पोस्ट वंशवाद ” भारतीय लोकतंत्र को नेहरु परिवार का उपहार परसों शनिवार को पोस्ट हुई थी ,उस पर तीन कमेन्ट रीडर ब्लॉग वाले पेज पर है परन्तु साईट पर लिखा है जीरो कमेन्ट कृपया ठीक करने का कष्ट करें

Onika Setia के द्वारा
June 7, 2012

प्रिये संपादक महोदय , में आपके jagran junction com में सितम्बर २०११ से ब्लॉग लिख रही हूँ ,मुझे कुछ blogers के समय समय पर कमेंट्स भी मिले हैं मगर मुझे आपसे इस बात की निराशा है की मेरे ब्लॉग न्यूज़ -पेपर के जागरण janction ब्लॉग तक क्यों नहीं पहुंचाते या प्रकाशित नहीं होते .एक लेखात का उत्साह कैसे बढेगा अगर उसकी कलम को बार-बार नज़र-अंदाज़ किया जायेगा. और अब तो मैंने भी अपनी प्रत्येक रचना को u r l से जोड़ दिया है फिर भी मुझे रोज़ निराशा का मुंह देखना पड़ता है . आखिर क्यों ? में अपनी रचनाएँ समाचार पत्र में भी देख सकूँ इस के लिए मुझे क्या करना होगा ?कृपया मेरा मार्ग दर्शन करें .

चन्दन राय के द्वारा
June 6, 2012

महोदय, सायद किसी त्रुटिवश मेरी कविता “मेरा अंतर्विरोध” फीचर्ड ब्लॉग में नहीं दिखाई दे रही , जो आपने १३:४५ बजे ,आज फीचर्ड की थी ! हो सके तो यह त्रुटि दूर कर ले , इसके लिए में आपका अत्यंत आभारी रहूंगा चन्दन राय Your “मेरा अंतर्विरोध” has been featured on Jagran Junction Click Here to visit your blog : चन्दन राय Thanks! JagranJunction Team

'राही अंजान' के द्वारा
June 5, 2012

माननीय महोदय/महोदया, सादर नमस्कार ! मेरे ब्लॉग के लिए आवंटित 10 MB स्पेस कोटा पूरा हो गया है । सच कहूँ तो कमेंट से संबन्धित समस्या का लगभग 8 माह बाद भी आपके द्वारा कोई समाधान न निकाले जाने के कारण लिखने का इतना मन तो नहीं करता…..लेकिन फिर भी कभी-कभार…. आपसे विनम्र निवेदन है कि मेरे ब्लॉग को अतिरिक्त स्पेस आवंटित किया जाये । बहुत बहुत आभारी हूंगा ।

June 5, 2012

आदरणीय जागरण परिवार सादर अभिवादन महोदय, विगत ३ जून, २०१२ को मैंने एक कविता लिखी थी जिसका शीर्षक था “स्वामी रामदेव आप महान हैं”| उस कविता का लिंक मैं नीचे दे रहा हूँ| http://kg70.jagranjunction.com/2012/06/03/%e0%a4%b8%e0%a5%8d%e0%a4%b5%e0%a4%be%e0%a4%ae%e0%a5%80-%e0%a4%b0%e0%a4%be%e0%a4%ae%e0%a4%a6%e0%a5%87%e0%a4%b5-%e0%a4%86%e0%a4%aa-%e0%a4%ae%e0%a4%b9%e0%a4%be%e0%a4%a8-%e0%a4%b9%e0%a5%88%e0%a4%82/ इस कविता में ऐसी क्या बुराई थी जो इसे फीचर्ड करने के भी लायक नहीं समझा गया? इस कविता में किसी भी व्यक्ति, भाषा, धर्म, लिंग अथवा संप्रदाय पर कोई आपत्तिजनक टिप्पणी नहीं की गई है| ऐसा करना मेरे आदर्शों के खिलाफ है| मैंने इस कविता में स्वामी रामदेव की मुक्तकंठ से प्रशंसा की है क्योंकि मैं उनका प्रशंसक हूँ| स्वामी रामदेव या आचार्य बालकृष्ण कोई असामाजिक तत्व नहीं हैं जिनकी प्रशंसा करना अपराध है और न ही पतंजलि योगपीठ आतंकवादियों का अड्डा है जिसकी जय कहने में कोई आपत्ति की जाये| पूरे भारतवर्ष में मैं स्वामी जी का अकेला प्रशंसक नहीं हूँ| मुझ जैसे करोड़ों हैं| स्वामी जी कालेधन की वापसी को लेकर जो अभियान चला रहे हैं क्या वो गलत है? मैंने भी उसी आन्दोलन का समर्थन मात्र अपनी इस रचना के माध्यम से किया है| लोकतंत्र में सभ्य तरीके से विरोध का अधिकार हर किसी को है| क्या आपकी नजर में ये गलत है? मेरी शंका का समाधान करें| मेरी इस बात को शिकायत न समझते हुए मात्र एक जिज्ञासा समझा जाये ऐसा निवेदन करता हूँ| धन्यवाद|

NICE के द्वारा
June 4, 2012

नमस्कार सर मैं यह जानना चाहता हूँ की क्या किसी शिक्षण संस्था का ब्लॉग यहाँ बनाया जा सकता हैं ?

    Feedback के द्वारा
    June 5, 2012

    आदरणीय नाइस जी, आप इस मंच पर किसी भी शिक्षण संस्थान का ब्लॉग बना सकते हैं लेकिन ध्यान रखें कि यहां पर कोई भी ब्लॉग प्रचार या विज्ञापन के उद्देश्य से नहीं संचालित होना चाहिए. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

ajay kumar pandey के द्वारा
June 4, 2012

aadarniya sampadak mahodaya abhi abhi kal jo rachna santosh kumar ji ki featured hui hai murakhmanch pradhanmantri lutera jaychando ka sardaar usse mujhe apatti hai aur saath hi aapke kanoono se bhi apatti hai aap kehte bhi hain ki apne lekh par kisi ki bhi aalochna na karein ab santosh kumar ji ne manmohan singh ji ke liye abhadra bhasha ka prayog kiya hai aur aapne usi ko featured kar diya hai kam se kam rachna ko jaanch kar tab featured karna tha kya yahi kanoon hai aapke mujhe iska jawab chahiye aur agar aapke yehi kanoon hai to iska matlab saaf hai jj kehta kuch aur hai aur karta kuch aur hai abhi bhi wah post featured mein hai sabhi lekhak pratikriya bhi kar rahe hain kam se kam aapko to jaanch karni thi filhaal yeh post featured karke bada galat kiya hai aapne dhanyawaad

    Rajkamal Sharma के द्वारा
    June 4, 2012

    कल को आप कहने लगोगे की अम्बेडकर (अम्बवाडेकर) जी का कार्टून क्यों था बनाया ?… उसके बाद क्या आप सन्नी दियोल की तरह हास्य कार्यक्रमों पर मिमकरी करने पर केस ठोकने की धमकी देने लगोगे ?….. अगर आपको इतनी ही ज्यादा आपति है तो मनमोहन सिंह जी के पुतले जलाने वालों को भी रोकिये टीम अन्ना तथा बाबा रामदेव को उनके मंच पर जाकर प्रधानमंत्री जी के खिलाफ कुछ भी कहने की जुर्रत और हौंसला रखिये अगर मेरी बात समझ में नहीं आई हो तो अपनी रूचि मैडम को मेरा कमेन्ट दिखा कर इसका मतलब पूछ लेना और फिर इसको गुरुमंत्र की तरह (उपदेश ) रट लेना लेना (अपने माता पिता के चरण स्पर्श करने शुरू किये है की नहीं ? ) धन्यवाद

    ajay kumar pandey के द्वारा
    June 5, 2012

    आदरणीय राजकमल जी जिस दिन इस मुकाम पर पहुच जाऊँगा सबको रोक सकू उस दिन किसीको कुछ कहने की जरुरत नहीं अभी तो में छोटी उम्र का हूँ लेकिन तब भी मेरे दिल में बड़ो के प्रति सम्मान है जब आप जैसे समझदार लोग ही पद और व्यक्ति का मतलब नहीं समझेंगे तो में क्या समझ सकता हूँ मनमोहन सिंह जी तो एक इंसान हैं लेकिन उनका जो पद है सवाल उसके सम्मान का है उस पद पर बैठा हुआ इंसान सम्माननीय होता है जब आप ही सम्मान करना नहीं जानेंगे तो में क्या जान सकता हूँ सीखना तो मुझे आप ही लोगो से है की किस तरह के शब्दों का उच्चारण करना है बाकी आप खुद समझदार हैं धन्यवाद अजय पाण्डेय

    June 8, 2012

    हाँ…….हाँ…….हाँ……! नाईस जोक …………………!

R K KHURANA के द्वारा
June 1, 2012

महोदय, जैसा की मैंने अपने लेख “अनमोल बनाया जागरण जंक्शन ने” में भी लिखा है की यह मंच नित नए नए प्रयोग करता रहा है और उसके बहुत अच्छे परिणाम भी निकले हैं ! जागरण जंक्शन ने जितने भी पुरस्कार दिए हैं वे विजेताओं के घर पर दिए हैं ! जिस कारण से लेखकों को अपने साथियों से मिलने का, रुबरु होने का मौका नहीं मिला ! मैं जागरण जंक्शन से निवेदन करना चाहता हूँ कि वे एक समारोह दिल्ली में या किसी भी स्थान पर करवाएं जिसमें आज तक के सभी पुरस्कार प्राप्त लेखकों को व अन्य प्रतिष्ठित लेखकों को बुलाएं और सभी का एक दूसरे से परिचय कराये ! इस प्रकार से मिली सराहना से गर्व महसूस होता है और लिखने के लिए नई उर्जा मिलती है और हम और बडे लक्ष्य को हासिल करने का प्रयास करते हैं ! दूसरी बात ! मंच के सभी विजेताओं की सबसे अच्छी रचनाएं, हाल आफ फेम में चयनित रचनाएं तथा अन्य लेखकों की सभी अच्छी रचनाओं को दैनिक जागरण समाचार पत्र के सभी संस्करणों में एक–एक कर लेखक की फोटो व परिचय के साथ प्रकाशित करें जिससे दैनिक जागरण के साढे पांच करोड पाठक पढ सकें और लाभ उठा सकें ! धन्यवाद् राम कृष्ण खुराना

    Feedback के द्वारा
    June 5, 2012

    आदरणीय आर. के. खुराना जी, आपके अमूल्य सुझावों का स्वागत है. मंच इन पर गंभीरतापूर्वक विचार करेगा. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    R K KHURANA के द्वारा
    June 12, 2012

    महोदय, मैं आपका दिल से आभारी हूँ जो आपने मेरे सुझावों पर विचार करने का आश्वासन दिया ! बहुत बहुत धन्यवाद् ! राम कृष्ण खुराना

dineshaastik के द्वारा
June 1, 2012

आदरणीय संपादक  महोयद कृपया ध्यान दे फिर कोई आरडीएक्स तथा साकेत नाम  से व्यक्तिगत तथा अमर्यादित भाषा में प्रतिक्रियाये दे रहें हैं। कृपया संज्ञान में लें  और उचित कार्यवाही करें। आपका आभारी रहूँगा। कृपया हरिबोलजी, बोलहरिजी, बम्बबम्बजी, साकेत जी तथा आर डी एक्स के ई मेल आई की जाँच  की जाय संभवतः  यह एक  ही व्यक्ति के विविध  रूप हैं।

Santosh Kumar के द्वारा
May 30, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,.सादर अभिवादन मंच पर आजकल प्रचार सामग्री वाले ब्लॉग बहुतायत में छा जाते हैं..वैसे भी नेट बहुत धीमा चलता है फिर एक पेज से दूसरे पेज तक किसी तरह पहुचने पर यही दीखते हैं तो बड़ी कोफ़्त होती है ,..कृपया निदान करें ,..साभार

कुमार गौरव अजीतेन्दु के द्वारा
May 29, 2012

आदरणीय जागरण परिवार मेरा एकाउंट kg70.jagranjunction.com लॉगिन हो के खुल ही नहीं पा रहा है| बार-बार यूजर नेम और पासवर्ड टाइप कर रहा हूँ मगर फिर से वही यूजर नेम और पासवर्ड वाला पेज खुल जा रहा है| कृपया जल्द से जल्द समाधान करें| धन्यवाद

    mahimashree के द्वारा
    May 29, 2012

    आदरणीय संचालक महोदय , मेरा भी लोगिन काम नहीं कर रहा है सुबह तक ठीक था / 2 बजे दोपहर से लोगिन नहीं हो रहा है . अपने ब्लॉग पर किसी को भी reply नहीं कर पा रही हूँ कृपया समस्या का समाधान करें धन्यवाद

omdikshit के द्वारा
May 28, 2012

JE JE PRABANDHAK MAHODAY, 27 MAY KO ….SATYMEV JAYATE….ME DAKTARON KE AMAANVIY KRITYON KO DARSHAYA GAYA,PROGRAM KO SABNE SARAAHA HAI. ISI VISHAY PAR MERA LEKH 22 APRIL KO HI….DAKTARON KI RANGDAARI…… PRAKASHIT HUA.TOP-2 ME AANE KE BAAD BHI, KISI KAARAN SE JUNCTION ME STHAAN NAHI MIL SAKA.LEKIN AB ISE …SATYMEV JAYATE….KE LIYE HI SAHI, J J KE SAMPAADKIY BLOG ME YA ANY KAHI BHI STHAAN MILNA CHAAHIYE.KEVAL YAHI NAHIN,ANY LOGON KE BHI AISE BLAG JO JWALANT SAMASYON PAR HO AUR AAP NE ISE TOP BLOG YA TOPPER BLOG KI SHRENI ME RAKHA HAI,USE , KISI COMPOSIT LEKH ME HI SAHI, YA …APNE ANY PRAKASHAN ME BHI AWASHY STHAAN DE,TAAKI ADHIK SE ADHIK LOG BHI PADH SAKE,AUR SAMBANDHI VIBHAAG, APNI KARYA-PRANALI ME SUDHAAR LA SAKE . DHANYBAAD.

R K KHURANA के द्वारा
May 27, 2012

महोदय, मैं अपने लेख “अनमोल बनाया जागरण जंक्शन ने ” को Edit करना चाहता हूँ पर Edit कर नहीं पा रहा हूँ ! कृपया इसका समाधान करें ! राम कृष्ण खुराना

yamunapathak के द्वारा
May 26, 2012

जे.जे संचालक महोदय, आज बहुत दिनों बाद प्रतिक्रिया सफलतापूर्वक सबमिट हो पायी बहुत-बहुत शुक्रिया.

sadhna srivastava के द्वारा
May 26, 2012

आदरणीय संचालक महोदय, तकरीबन एक महीने से मेरे ब्लॉग में सिर्फ ३ पोस्ट(recent ) ही दिखाई दे रहे हैं…. बाकी के ८ पोस्ट नहीं दिखते…. कृपया इस परेशानी को दूर करें!! धन्यवाद!

R K KHURANA के द्वारा
May 26, 2012

महोदय, मैं अपने लेख “अनमोल बनाया जागरण जंक्शन ने ” को Edit करना चाहता हूँ पर कर नहीं प् रहा हूँ ! कृपया इसका संधान करें ! राम कृष्ण खुराना

MAHIMA SHREE के द्वारा
May 25, 2012

आदरणीय jj , नमस्कार आज सुबह से आलेख “अन्ध्रेरे के आधार पर विकास करता झारखण्ड ” जिसने आपने featured ” में डाला हुआ है जिसे सुश्री खुसबू जी ने अपने विचार कह के पोस्ट किया हुआ है … वो पूरा का पूरा आलेख टाइप (चोरी ) किया हुआ है प्रथम पैर को छोड़ के … सीर्फ आकड़ा होता तो मैं आपके संज्ञान में नहीं लाती क्योंकि इस तरह के आलेख के लिए आकडे कहीं न कहीं से उठाने होते है . पर चुकी महोदया ने पूरा आलेख ही चोरी का टाइप कर दिया है और संदर्भ भी नहीं दिया है … तो सवाल उठाना स्वाभविक है / आपके जानकारी के लिए बता दू इस आलेख की लेखिका अनुपमा जी है .. जो मर्ज कुछ , दवा कुछ ” के नाम से “तहलका ” के अंक 31may2012 में प्रकाशित है .. चूँकि आप ने सुबह से इसे फीचर किया हुआ है और कल को आप इसे बेस्ट ब्लॉग अफ डी विक भी कर देंगे … तो जानना चाहती हूँ आपकी नजर में ये कहाँ तक उचित है .. क्या जो अपनी स्वरचित और लिखित लेख लिखते हैं क्या उनके साथ नाइंसाफी नहीं होगी .. तो फिर हम भी क्यों मेहनत करे … http://kg16.jagranjunction.com/2012/05/23/%e0%a4%85%e0%a4%82%e0%a4%a7%e0%a5%87%e0%a4%b0%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%86%e0%a4%a7%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%aa%e0%a4%b0-%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b8-%e0%a4%95%e0%a4%b0

MAHIMA SHREE के द्वारा
May 25, 2012

आदरणीय jj , नमस्कार आज सुबह से आलेख “अन्ध्रेरे के आधार पर विकास करता झारखण्ड ” जिसने आपने featured ” में डाला हुआ है जिसे सुश्री खुसबू जी ने अपने विचार कह के पोस्ट किया हुआ है … वो पूरा का पूरा आलेख टाइप किया हुआ है प्रथम पैर को छोड़ के … सीर्फ आकड़ा होता तो मैं आपके संज्ञान में नहीं लाती क्योंकि इस तरह के आलेख के लिए आकडे कहीं न कहीं से उठाने होते है . पर चुकी महोदय ने पूरा आलेख ही टाइप कर दिया है और संदर्भ भी नहीं दिया है … टी सवाल उठाना स्वाभविक है / आपके जानकारी के लिए बता दू इस आलेख की लेखिका अनिप्मा जी है .. जो मर्ज कुछ , दवा कुछ ” के नाम से 31 may 2012 के अंक में पेज 40-41 प्रकाशित है . चूँकि आप ने सुबह से इसे फीचर किया हुआ है और कल को आप इसे बेस्ट ब्लॉग अफ डी विक भी कर देंगे … तो जानना चाहती हूँ आपकी नजर में ये कहाँ तक उचित है .. क्या जो अपनी स्वरचित और लिखित लेख लिखते हैं क्या उनके साथ नाइंसाफी नहीं होगी .. तो फिर हम भी क्यों मेहनत करे http://kg16.jagranjunction.com/2012/05/23/%e0%a4%85%e0%a4%82%e0%a4%a7%e0%a5%87%e0%a4%b0%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%86%e0%a4%a7%e0%a4%be%e0%a4%b0-%e0%a4%aa%e0%a4%b0-%e0%a4%b5%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a4%be%e0%a4%b8-%e0%a4%95%e0%a4%b0/

    MAHIMA SHREE के द्वारा
    May 25, 2012

    लेखिका का नाम अनुपमा है “तहलका ” के अंक 31may2012 में प्रकाशित है ..

    ANAND PRAVIN के द्वारा
    May 25, 2012

    इसपर त्वरित करवाई होनी चाहिए…………….

    rajkamal के द्वारा
    May 25, 2012

    मैं भी जागरण से उचित कार्यवाही की आशा करता हूँ धन्यवाद सहित

    MAHIMA SHREE के द्वारा
    May 26, 2012

    आदरणीय jj पता नहीं और कितने तथाकथित लेखक और लेखिका है यंहा जो यंहा वहा का कॉपी पेस्ट करते है . भगवान् ही जाने चूँकि आपने यंहा खुला मंच रखा है और हजारो ब्लोग्गेर्स है तो जाहिर है इन्हें जाचने वाला कोई नहीं है / पर जिस तरह से अभी मैंने तहलका में ये लेख २ दिन पहले ही पढ़ा था और अनायास खुसबू जी चुकी फीचर हो गयी है इस लिए मेरी नजर पद गयी / और दूध में गिरी मखी देख पिया नहीं जाता वही बात है / पर आज भी खुसबू जी फीचर ही है आपकी कोई प्रतिक्रिया नहीं आई इसका मतलब क्या समझा जाए /

    May 26, 2012

    अबे यार किसी भी चीज की हद होती है…….आपको बुरा लगा तो एक बार पाहिले जो व्यक्ति किया उससे तो शिकायत करते ”””हरेक बात में कांव…कांव…..करने की क्या जरूरत है……….!

allrounder के द्वारा
May 25, 2012

माननीय जागरण जंक्सन तकनीकी टीम को सादर नमस्कार मेरा नाम सचिन देव है और जे जे पर मेरा अकाउंट allrounder नाम से है, मैं काफी दिनों से अपनी व्यक्तिगत व्यस्तताओं के कारण जे जे पर लेखन का कार्य नहीं कर पा रहा इसलिए यहाँ की गतिविधियों के बारे मैं जानकारियाँ नहीं है आज मेरे फेसबुक मित्र से पता चला की तकनीकी कारणों से किसी और के पासवर्ड से दूसरे ब्लॉगर्स के अकाउंट खुल रहे हैं मेरे मंच के साथी भदौरिया जी ने नीचे लिखा है की उनके कम्पूटर पर मेरा अकाउंट ओपन था ! मैं काफी दिनों से जे जे पर ब्लौगिंग कर रहा हूँ किन्तु अपने प्रकार की ये अनोखी और खतरनाक समस्या है ! मैंने अभी अपना अकाउंट चेक किया तो सब कुछ सही सलामत पाया, इसके लिए भदौरिया जी का आभार ! आपसे अनुरोध है की इस और त्वरित कदम उठाये जाएँ ताकि भविष्य मैं ऐसी गंभीर समस्या से बचा जा सके ! सध्न्यबाद !

ajay kumar pandey के द्वारा
May 25, 2012

आदरणीय जागरण परिवार आपका आभार प्रकट करता हूँ जो आपने मेरी समस्या का निपटारा किया और अब निर्विघ्न ब्लॉग्गिंग हो रही है आपका ह्रदय से आभार आपकी न्यायशीलता एकदम सही है हार्दिक आभार धन्यवाद

मनु (tosi) के द्वारा
May 25, 2012

आदरणीय और प्यारे जेजे , सादर नमस्कार !  अगर मैं जा रही हूँ तो इसका ये मतलब तो कतई नहीं कि आप मेरी फोटो ही हटा दें … प्यारे मंच आज मेरे ब्लॉग पर मेरी फोटो नहीं दिख रही है कृपा कर कुछ कीजिये …!!! उम्मीद करती हूँ इसे आप सीरियसली लेंगे … धन्यवाद बाद मे कहूँगी …

ajay kumar pandey के द्वारा
May 24, 2012

आदरणीय जागरण परिवार मेरे ब्लॉग पर एक समस्या आ रही है मुझे अपना ही dashboard खोलने के लिए लोग इन करना पड़ रहा है तो अब में अपना लेख लिखने से पहले बार बार लोग इन तो करना नहीं चाहूँगा क्योंकि लोग इन करने से dashboard देर से खुलेगा और अपने विचार भी नहीं दे सकूँगा तो आप मेरी इस समस्या का समाधान करें जिससे में अपना dashboard बिना लोग इन करे सीधे मेरा ब्लॉग वाले आप्शन से खोल सकू जागरण परिवार द्वारा दिए सम्मान का आभारी हूँ और आपकी न्यायशीलता पर विश्वास है कृपया मेरी इस समस्या के समाधान करने का कष्ट करेंगे ताकि मेरा आपकी न्यायशीलता पर विश्वास टिका रहे धन्यवाद आपका प्रिय अजय पाण्डेय

R K KHURANA के द्वारा
May 24, 2012

महोदय , मैं जब भी अपना अकाऊंट खिलता हूँ तो किसी और का ही अकाऊंट खुल जता है ! मेरा अकाऊंट नहीं खुल रहा ! कृपया इस समस्या का समाधान करें ! कृपा होगी ! धन्यवाद् राम कृष्ण खुराना khuranarkk.jagranjuntion.com

    Feedback के द्वारा
    May 24, 2012

    आदरणीय आर. के. खुराना जी, कुछ आकस्मिक तकनीकी समस्या उत्पन्न होने की वजह से कई पाठकों को इस तरह की बाधा पेश आ रही थी जिसे त्वरित रूप से दुरुस्त कर दिया गया है। आपको हुई इस परेशानी के लिए हमें हार्दिक अफ़सोस है। अब आप पूर्ववत ब्लॉगिंग संपन्न कर सकते हैं। धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    R K KHURANA के द्वारा
    May 24, 2012

    महोदय, आपकी त्वरित करवाई के लिए मैं दिल से आपका आभारी हूँ ! लेकिन एक समस्या है मैं समझा की मेरे पासवर्ड में कुछ कमी है इसलिए मैनी पासवर्ड बदलने के लिए लिख दिया ! अब जो पासवर्ड आया है उससे मेरा ब्लॉग नहीं खुल रहा ! कृपया समाधान करे जिससे मैं अपना लेख पोस्ट कर सकूं ! पुन धन्यवाद् राम कृष्ण खुराना

May 24, 2012

फीडबैक जी, जरा बताइए किस बात का बदला ले रहे हैं आप हमसे? हमारी गलती यही है कि हम यहाँ ब्लॉग लिख रहे हैं? नीचे अजय जी ने और अन्य कुछ आदरणीय मित्रों ने जो शिकायत की मैं भी वही कह रहा हूँ. किस तकनीकी गड़बड़ी के कारण दूसरे का ब्लॉग खुल रहा है बताइए जरा. ये कितना खतरनाक हो सकता है क्या आपको समझ नहीं आ रहा? माफ़ कीजिये थोड़े कड़े शब्दों का प्रयोग किया है पर मैं मजबूर हूँ.

dineshaastik के द्वारा
May 24, 2012

आदरणीय  संपादक  महोदय, कृपया भाषा के संबंध  में कुछ  दिशा निर्देश  जारी कीजिये।  तथा प्रतिक्रिया देने की भाषा का कोई माप दण्ड बनाइये। तथा फर्जी नाम से बने ब्लॉगरों  पर ध्यान दीजिये। आदरणीय हरिवोल जी की प्रतिक्रिया में उपयोग की गई भाषा किसी भी  दृष्टि से मानवीय प्रतीत नहीं होती है। कृपया इस  और  विशेष  ध्यान  दें। किसी व्यक्ति के पीछे पढ़कर अशिष्ट भाषा में प्रतिक्रिया देना, न्यायोचित नहीं है। शिष्ट भाषा में की गई  आलोचना का सभी जगह स्वागत है। कृपया इस और  विशेष  ध्यान दें।

    Feedback के द्वारा
    May 24, 2012

    आदरणीय दिनेश जी, मंच ने आपकी शिकायत पर त्वरित संज्ञान लेते हुए कार्यवाही को अंजाम दिया है। जागरण मंच पर इस प्रकार की असंसदीय शब्दावली और दुर्भावना को किसी भी हालत में स्वीकार नहीं किया जा सकता। जागरण जंक्शन सभी ब्लॉगरों तथा टिप्पणीकर्ताओं को ये स्पष्ट दिशानिर्देश जारी करता है कि इस मंच की गरिमा को आंच ना आने दें तथा कभी भी कोई यूजर गलत नीयत से कोई टिप्पणी या ब्लॉग जारी करता है तो इस बाबत मंच पर अपनी शिकायत जरूर दर्ज़ कराएं। मंच ऐसे व्यक्ति को पहले चेतावनी जारी करेगा और इस पर यदि गलत हरकत पर विराम नहीं लगा तो उस व्यक्ति के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्यवाही की जाएगी। मंच द्वारा गलत नीयत से टिप्पणी कर रहे व्यक्ति को भेजी गई चेतावनी नीचे संलग्न है जिसे आप पढ़ सकते हैं। आदरणीय हरिओम जी जागरण जंक्शन ब्लॉग मंच पर आकर अशोभनीय और अमर्यादित टिप्पणियों से आप निरंतर सम्मानित ब्लॉगरों की भावनाओं को आहत कर रहे हैं और यह हरकत किसी भी दृष्टि में सामान्य मानवीय व्यवहार के अनुकूल नहीं है. संपादक मंडल ने आपकी टिप्पणियों को सर्वादित निंदनीय मानकर उन्हें प्रतिबंधित करने की अनुशंसा की है और यदि भविष्य में मंच पर उपस्थित होकर आप ऐसे ही निरर्थक वाद-विवाद व असंसदीय भाषा का प्रयोग करते हैं तो आप पर कानूनी कार्यवाही की जा सकती है. मंच पर आप सिर्फ और सिर्फ स्वस्थ वातावरण को सृजित करने में अपना योगदान दें अन्यथा मंच पर किसी भी दशा में उपस्थित ना हों. धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    PRADEEP KUSHWAHA के द्वारा
    May 24, 2012

    धन्यवाद जे.जे. महोदय सादर.

    dineshaastik के द्वारा
    May 25, 2012

    आदरणीय फीडबैक  महोदय, मेरी पीड़ा को त्वरित संज्ञान में लेकर कर्यवाही करने के लिये आपका हृदय से आभार…….

bolohari के द्वारा
May 24, 2012

आज जब अपना पहला ब्लॉग पोस्ट करने के लिये मेन पेज पर लोगिन में जाने के लिये आया तो देखा की मेरे नाम से कोई टिप्पणी दिख रही है जबकि मैंने कुछ लिखा ही नहीं. कोई देवरिया जी मेरा ब्लॉग खुलने की शिकायत भी कर रहे हैं. अभी ब्लॉग पोस्ट रोक रहा हूँ, कृपया तकनीकी सुधार कर लें.

ajaydubeydeoria के द्वारा
May 24, 2012

आदरणीय फीड बैक महोदय नमस्कार आपकी कृपा एवं आशीर्वाद से बहुत ही आश्चर्यजनक स्थिति का सामना करना पड़ रहा है. हो यह रहा है कि अपना अकाउंट लोगिन करता हूँ और खुलता किसी और का. कभी संतोष भाई का तो कभी हरिबोल जी महाराज का. यह क्या हो रहा है या क्यूँ हो रहा है ? क्या आपने एक-दूसरे को लिंक कर दिया है. ऐसा भाई-चारा घातक भी सिद्ध हो सकता है. हो सकता है कोई किसी की पुंगी बजा के चला जाये और असली भाई को पता ही न चले.काम करेगा कोई और, सांसत में पड़ेगा कोई और. यह समस्या सिर्फ मेरे साथ ही नहीं है. अन्य बंधुओं के साथ भी ऐसा ही हो रहा है. कहीं ऐसा तो नहीं सर्वर महोदय का इस भीषण गर्मी और इस मंच के घमासान से, उनके दिमाग का फलूदा बन गया है. या सोफ्टवेयर महोदय अपनी ड्यूटी सही से नहीं बजा रहे हैं. कृपया मार्गदर्शन करें. आपकी अति कृपा होगी. धन्यवाद…..

jlsingh के द्वारा
May 24, 2012

आदरणीय महोदय, आपने जनभावना का ख्याल रखते हुए कुछ आवश्यक कार्रवाई की है और हिदायतें भी दी है – इसका मैं सम्मान करता हूँ और आपको धन्यवाद देता हूँ. साथ ही यह भी उम्मीद करता हूँ की आप सभी ब्लॉग और कोमेंट्स पर कड़ी नजर बनांये रखेंगे ताकि मंच की गरिमा बनी रहे. अभिब्यक्ति की स्वतंत्रता का यह मतलब नहीं होता कि किसी के बारे में अनुचित या असंसदीय भाषा का प्रयोग किया जाय! कृपया तकनीकी गड़बड़ी जिनकी शिकायत पहले से मौजूद है उन्हें दूर किया जाय! आज मेरे साथ भी यही हुआ मेरा अपना ब्लॉग लोगिन करने पर किन्ही GURUJI का ब्लॉग खुल गया ! आभार सहित – जवाहर लाल सिंह (जे एल सिंह)

dineshaastik के द्वारा
May 24, 2012

मान्यवर मैं अपना EDIT POST खोल रहा था, लेकिन  उसकी जगह अजय भदौरिया जी का  EDITPOST खुल  गया यह  किस  वजह से हुआ   यह आप से बहतर कौन जान  सकता है। इस तकनीकी खराबी का लोग  दुर्पयोग कर सकते हैं। कृपया सुधार करें। यदि संभव हो तो  ब्लॉगरों को इस  संबंध  में सूचित करें। कारण  बता सकें तो आपकी कृपा होगी।

May 24, 2012

श्रीमान संपादक महोदय, किसी भी शख्स के विरुद्ध कोई भी करवाई करने से पहिले सम्बंधित को सूचनार्थ अति आवश्यक होता है और साथ ही उसे अपनी बात रखने का मौका दिया जाना चाहिए. ऐसे ही किसी को दोषी साबित नहीं किया जा सकता. कल चार लोग आकर बोलेंगे की अपनी साईट बंद कर दीजिये तो क्या आप बंद कर देंगे. चलिए मैं कह रहा हूँ कि आपके इस कार्य से न्याय और व्यवस्था अमर्यादित हुई तो आप अपने पोस्ट से श्थिपा दे दीजिये….इस तरह घुर कर देख क्या रहे हैं शिप दीजिये न……….! वैसे मैं तो इस मंच पर अमर हो गया. जब जे जे मंच का इतिहास लिखा जायेगा तो मेरा नाम सुनहले अक्षरों से लिखा जायेगा. आने वाले पाठकगण और ब्लॉगर क्या यद् करेंगे कि उनके मर्यादित और सम्मानित पूर्वजों को एक अकेला अनिल कुमार ‘अलीन’ हिला कर रख दिया…..हाँ…हाँ…हाँ….मन डोला,…..तन डोला….अब आगे कि पंक्ति याद नहीं पुँराना कलेक्शन खोजिये और आराम से बैठकर सुनिए…………!

VIVEK KUMAR SINGH के द्वारा
May 23, 2012

महोदय , मैं अपनी आई.डी. से लॉग इन करता हूँ तो किसी और का डैशबोर्ड खुल जाता है और कमेन्ट भी नहीं जा रहे हैं | कृपया इसे सुधारें अथवा कोई भी अप्रिय घटना घट सकती है |

santosh kumar के द्वारा
May 23, 2012

आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ,.सादर अभिवादन कई अन्य साथिओं की तरह आपको बताना चाहता हूँ कि मंच गंभीर तकनीकी खामिओं से युक्त हो गया है ,.अभी अपना ब्लॉग में लोगिन किया तो आदरणीय ओम दीक्षित जी का डैशबोर्ड खुल गया ,..आपसे निवेदन है कि अविलम्ब इस समस्या को दूर करें ताकि किसी भी तरह की अनपेक्षित घटना से बचा जा सके ,…अति शीघ्र उचित कदम उठाने की विनती के साथ,.. सादर

anoop pandey के द्वारा
May 23, 2012

आदरनीय फीडबैक मंच, भरोदिया जी की तरह जब हमने भी अपना user name and password डाला तो dashboard अजीतेंदु जी का खुला……टेस्टिंग के लिए निशा मित्तल जी पर कमेन्ट भी किया जो मेरे नाम से गया कृपया संज्ञान में लें.

bharodiya के द्वारा
May 23, 2012

फिडबेक जी मै आज एक कोमेन्ट भेज रहा था तब कोमेन्ट गया नही । ठीक है, ये तो रोज का मामला है, आप का कापचा मुझे परेशान करता है । लेकिन आज एक नई घटना बनी । सत्यम शिवम सुन्दरम लेख लिखनेवाले का अकाउंट खूल गया । मै ईस लेख को एडिट या डिलिट कर सकता था । दूसरी बार कोशिश की तो भाई ऑलराउंडर का अकाउन्ट खूला । उन के सब लेख मेरे सामने थे । अपने टेकनिशियन तक ये बात पहुंचा दिजिए ।

Feedback के द्वारा
May 23, 2012

सभी ब्लॉगरों के लिए सार्वजनिक सूचना गत कुछ समय से मंच पर अनपेक्षित रूप से ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं जिनको जागरण जंक्शन जैसे मर्यादित, गरिमायुक्त तथा मुखर अभिव्यक्ति की आजादी के मानदंडों पर किसी भी दशा में उपयुक्त नहीं ठहराया जा सकता है। साथ ही मंच पर गुटीय प्रतिद्वंदिता व आरोप-प्रत्यारोपण की निरंतर श्रृंखला भी अपनी उच्चतम सीमा का उल्लंघन कर रही है। मंच के प्रतिभावान व गुणवत्ता युक्त रचनाओं का सृजन करने वाले कुछ कृतिकार द्वेष, अहं भाव तथा स्वयं को श्रेष्ठतम सिद्ध करने की कोशिश के तहत अन्यों को नीचा दिखाने की भावना से ग्रस्त नजर आ रहे हैं। ऐसे में मंच की प्रतिष्ठा को अक्षय रखने तथा इसे सार्वजनिक अभिव्यक्ति के योग्य बनाए रखने की बाबत कुछ कठोर निर्णयों की आवश्यकता आन पड़ी है। अत: इस कड़ी में सर्वप्रथम श्री अनिल कुमार ‘अलीन’ की रचना कुत्ता, मैं या तू ? को मंच से निष्कासित किया जाता है साथ ही यह चेतावनी भी दी जाती है कि भविष्य में इस प्रकार की रचनाओं को यहां पर ना प्रकाशित करें अन्यथा उनकी सदस्यता पूर्णतया रद्द कर दी जाएगी। इसके अतिरिक्त इस निर्देश को अन्य रचनाकारों को भी अपने ऊपर लागू समझना चाहिए तथा ये कोशिश करनी चाहिए कि सद्भाव बढ़ाने में संलग्न और बेबाक विचार-विमर्श का यह मंच अपने पूर्व घोषित उद्देश्यों में निरंतर अग्रसर होता रहे। मंच पर उपस्थित इन झंझावातों के बीच आप सभी सम्मानित रचनाकारों के सहयोग के स्वागत सहित आप सभी का हार्दिक आभार धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

    May 23, 2012

    ये भी आप ही का कहना है……………. “अस्वीकरण जागरण ब्लॉग पर विभिन्न आलेख, टिप्पणियां , ब्लॉग आदि प्रकाशित किये जाते हैं . इन आलेख, टिप्पणियों , ब्लॉग आदि में सभी व्यक्तिओं को अपने -अपने मत , विचार , भावनाओं को व्यक्त करने की स्वतंत्रता प्रदान की गई है. इसी कारण से जागरण ब्लॉग इन सामग्रियों को उसी रूप में प्रकाशित करता है जिस रूप में वह भेजे गए होते हैं .इनमें व्यक्त विचार लेखकों के स्वयं अपने विचार होते हैं जिनसे जागरण ब्लॉग का सहमत होना जरूरी नहीं है. जागरण ब्लॉग पर, इन सामग्रियों में उपलब्ध किसी आपत्तिजनक , संवेदनशील , हिंसात्मक या आलोचनात्मक मुद्दों , विचारों , भावनाओं की कोई जिम्मेदारी नहीं बनेगी.” तो कृपया स्पस्ट करना चाहेंगे कि कब से आप जिम्मेदारी लेने लगे……………………..!

    anoop pandey के द्वारा
    May 23, 2012

    मंच को साधुवाद तथा धन्यवाद. देर आये दुरुस्त आये. पर अभी भी रचना का शीर्षक अधिमुल्यित ब्लॉग में है.

    priyasingh के द्वारा
    May 23, 2012

    आभार आपका…..

    May 24, 2012

    महा महिम जी, शीर्षक अधिमुल्यित में स्थान उसे खैरात में नहीं मिला है……उसका वहां होना यह सिद्ध करता है कि तत्कालीन समय में वह आलेख, दुसरे आलेखों से अधिमुल्यित हैं.और वह उसे चाहने वालो कीदें है न कि संपादक महोदय और आपकी मेहरबानी….! वैसे में मैं खैरात में पाई हुई चीज को हराम मानता हूँ………….!

May 23, 2012

श्रीमान संपादक महोदय, मेरे ब्लॉग से एक पिछले चार दिनों मेरी दो पोस्ट गायब हो चुकी है . अतः आप से विनम्र निवेदन है कि एरे दोनों पोस्टों के गायब होने के कारण स्पष्ट करते हुए. उसे मेरे ब्लॉग पर उपलब्ध कराने की कृपा करें. जिसके नाम निम्न है… मैं आज भी जिन्दा हूँ …और कल भी. कुत्ता, मैं या तू. कृपया मेरे दोनों पोस्टों पर अपना व्यक्तिगत ध्यान देना चाहें…..!

    Feedback के द्वारा
    May 23, 2012

    आदरणीय अनिल कुमार जी, आपकी रचना, कुत्ता, मैं या तू? को मंच के उपयुक्त ना पाकर उसे निष्कासित कर दिया गया है. किंतु आपकी दूसरी रचना हमारे द्वारा हटाई नहीं गई है. संभवत: वह आपकी किसी गलती की वजह से डिलीट हो गई होगी… धन्यवाद जागरण जंक्शन परिवार

मनु (tosi) के द्वारा
May 23, 2012

आदरणीय व प्यारे जेजे ,सादर नमस्कार ! मन दुखी हो गया लगता है यहाँ से अब चले जाना चाहिए …. !!! जितने विवादित लेख व रचनाएँ वो ही ज्यादा पठनीय ।ज्यादा चर्चित , अधिक मूलियत …. क्यूँ ???? इतने विवाद कोई भी कैसी भी भाषा का इस्तेमाल … नहीं अब जाना ही होगा ….

D33P के द्वारा
May 23, 2012

कृपया शांत रहे .फीडबैक के सभी सदस्य सो रहे है ,उनके आराम में खलल न डाले !!!! वो इस समय किसी भी समस्या के समाधान की स्थिति में नहीं !!!!!!!!!!!!!!!!

rajkamal के द्वारा
May 23, 2012

sinsera के द्वारा May 23, 2012मेरी सदा सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध एक आवाज अनिल कुमार ‘अलीन’ कुत्ता, मैं या तू ?http://merisada.jagranjunction.com/2012/05/20/%E0%A4%95%E0%A5%81%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%88%E0%A4%82-%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%A4%E0%A5%82/ sinsera के द्वारा May 22, 2012 48 घंटे से सोच रही हूँ कि इस पोस्ट को कोई “report abuse ” क्यूँ नहीं कर रहा है.? सभी प्रबुद्धजन पढ़ रहे हैं और कमेन्ट भी कर रहे हैं… मुझे कटु व कठोर भाषा कतई पसंद नहीं है लेकिन मजबूरीवश कह रही हूँ कि इस महावाहियत, घटिया, निकृष्ट कोटि के लेख को खुद जे जे ने क्यूँ नहीं हटाया….आश्चर्य है….? समाज की विकृतियों को विकृति के रूप में दिखाया जाये तो पढना बुरा नहीं है, लेकिन 2%मानसिक रोगियों के आधार पर पूरी स्त्री जाति को लेखक महाशय generalize करने की धृष्टता कैसे कर सकते हैं..? यह “x-rated” लेख पूरी स्त्री जाति का अपमान है. मैं लेखक महाशय से इस लेख को तुरंत हटाने की अपील करती हूँ …अन्यथा उनके इस घृणास्पद कृत्य के लिए उनके ऊपर मानहानि का दावा किया जा सकता है…. इस पोस्ट और मेरे कमेन्ट की कॉपी मेरे पास है….कृपया कमेन्ट डिलीट करने का निकृष्ट कृत्य न करें….

rajkamal के द्वारा
May 22, 2012

अनिल कुमार ‘अलीन’ के द्वारा May 22, 2012अरे चिखेरू, मिखेरू और पतेरू जल्दी दौड़ के आओ इन्हा दरोगा जी का प्रवचन चल रहा है……..किसी जगाता बाबा की कथा कह रहे हैं…..कुछ तुम लोग भी मान ग लो बाबा से ……..अरे हाँ उ लातेरू को बोल देना की अपनी बीबी को बाबा के पास भेज दे ….उनकी कृपा से कुछ न कुछ जरुर हो जायेगा और उसकी सुनी कोख जरुर पूरी हो जाएगी…….!

    May 26, 2012

    इसमे कौन सी शिकायत वाली बात हो गयी….दरोगा जी……..! हाँ……हाँ…हाँ….! आप भी अजीब शख्श हैं…..चलिए मैं भी देखता हूँ कितना नफ़रत भरा है आपके सिने में मेरे प्रति…….! लग रहा हैं आप फिर मेरी रपट की फ़ैल कही गम कर दिए हैं…चलिए अभी आता हूँ आपके ठाणे पर रिपोर्ट लिखवाने………हाँ….हाँ…हाँ..!

ajay kumar pandey के द्वारा
May 22, 2012

आदरणीय फीडबैक जी मेरे ईमेल आई डी पर एक मेल आया है जैसा की नीचे लिखा गया है congratulation यौर ब्लॉग इन दैनिक जागरण newspaper में अपना ब्लॉग दैनिक जागरण में नहीं देख पाया हूँ कृपया लिंक दें धन्यवाद

kritika choudhary के द्वारा
May 22, 2012

Congratulation: Your Blog in Dainik Jagran Newspaper 3:04 PM (17 hours ago) ये मेसेज मेरे ईमेल में आई हैं पर मैं दानिक जागरण पेपर मैं अपनी ब्लॉग नहीं देख प़ा रही हूँ कृपा लिंक दें | धन्यवाद्

Piyush Kumar Pant के द्वारा
May 22, 2012

कल सुबह से लगातार कई लेखों पर प्रतिक्रिया देने की कोशिश कर रहा हूँ……. पर कोई कमेन्ट पोस्ट नहीं हो पाया है…. . आज सुबह से हर लेख मे कोड विकल्प मे red ही आ रहा है……. और हर बार red लिख कर भी कमेन्ट पोस्ट नहीं हो रहा है…… इस के लिए कुछ किया जाए…

May 21, 2012

श्रीमान संपादक महोदय, मेरे ब्लॉग से एक मेरी पोस्ट गायब हो गयी. जिसका लिंक निम्न है. अतः महोदय से निवेदन है कि उक्त पोस्ट से सम्बंधित जानकारी देने का कष्ट करना चाहें…! http://merisada.jagranjunction.com/2012/05/06/%E0%A4%AE%E0%A5%88%E0%A4%82-%E0%A4%86%E0%A4%9C-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%9C%E0%A4%BF%E0%A4%A8%E0%A5%8D%E0%A4%A6%E0%A4%BE-%E0%A4%B9%E0%A5%82%E0%A4%81-%E0%A4%94%E0%A4%B0-%E0%A4%95%E0%A4%B2-%E0%A4%AD/

balram yadav के द्वारा
May 19, 2012

जागरण जक्सन परिवार को नमस्कार मै आप लोगों से यह कहना चाहता हूँ कि क्या आप लोगों को भी नहीं लगता कि इंडिया में दो तरह के कानून है एक गरीब आदमी के लिए दूसरा अमीर आदमी के लिए जिसे जब चाहे खरीदा जा सके या तोडा मरोड़ा जा सके जैसा कि बनाखेडे स्टेडियम में हुआ अगर शाहरुख़ खान की जगह कोई गरीब आदमी होता तो आप सभी जानते होंगे उसका क्या हाल होता दूसरा तलवार दम्पती मामला मै नहीं जानता तलवार दम्पति दोषी हैं या नहीं लेकिन मै यह जरूर कहूँगा कि उनकी जगह कोई 100 या 200 रुपये रोज कमाने वाला आदमी होता तो उसका क्या हुआ होता आप सभी लोग जरा सोचियेगा धन्यबाद !

akraktale के द्वारा
May 19, 2012

आदरणीय, नमस्कार, बहुत देर से अपने आलेख को edit करना चाह रहा हूँ मगर हो ही नहीं पा रहा है. जब अपना ब्लॉग खोलता हूँ तो वह किसी अन्य ब्लोगर के नाम से खुल रहा है. हर बार एक नए ब्लोगर के नाम से. कृपया मदद करें.धन्यवाद. अशोक कुमार रक्ताले

nishamittal के द्वारा
May 19, 2012

मान्यवर महोदय,बहुत दिनों से मंच पर अनुपस्थित चल रहे सम्मानित ब्लोगर्स से अनुपस्थिति का कारण पूछा (विशेष रूप से महिला ब्लोगर्स से) तो उन्होंने बताया की मंच पर सकारात्मक माहौल न रहने के कारण वो लिखने में संकोच कर रहे हैं,जान कर दुःख हुआ .जिस मंच के कारण सबको ब्लॉग लेखन में प्रोत्साहन मिला उसी पर इस माहौल के कारण उनको किनारा करना पड़े .ये दुखद है,कृपया सही एक्शन लेकर वातावरण को सकारात्मक बनाएं.

    mparveen के द्वारा
    May 22, 2012

    मान्यवर निशा जी पूरी तरह सहमत …

    alkargupta1 के द्वारा
    May 25, 2012

    मान्यवर महोदय , निशा जी को मैं पूर्ण समर्थन देती हूँ आभार

rajkamal के द्वारा
May 18, 2012

अपील (चातक)  पोस्टेड ओन: 18 May, 2012 जनरल डब्बा में मेरे बड़े भाई का लीवर ट्रांसप्लांट आपरेशन गुडगाँव मेदान्ता अस्पताल में है| खून की जरूरत है वे वार्ड में एडमिट हैं| गुडगाँव, दिल्ली, नोयडा व् आस-पास रहने वाले सभी सुधी ब्लॉगर बंधुओं और मित्रों से अपील है कि यदि संभव हो तो मेरे बड़े भाई की जीवन रक्षा हेतु रक्तदान करें । हम आजीवन आपके आभारी रहेंगे । यहाँ पर मैं परम मित्र भाई सन्तोष जी का हार्दिक आभार व्यक्त करता हूँ जिन्होंने आज अपने पांच मित्रो के साथ पहुंचकर रक्तदान किया। अभी भी लगभग 30 यूनिट रक्त रक्त की आवश्यकता है । धन्यवाद चातक 09450525178 09839844880 0941042195

krishnashri के द्वारा
May 18, 2012

आदरणीय जे जे महोदय सादर , मैं न तो प्रतिक्रया दे पा रहा हूँ और नहीं प्रतिक्रया का जबाव ही. मेरी इस समस्या का अति शीघ्र समाधान करने की कृपा करें . मैं आपका आभारी होउंगा . धन्यवाद .

yamunapathak के द्वारा
May 18, 2012

आदरणीय जे.जे संचालक महोदय प्रतिक्रिया submit नहीं हो पा रहे हैं. समाधान के इंतज़ार में हूँ

MAHIMA SHREE के द्वारा
May 18, 2012

आदरणीय jj, नमस्कार … मुझे कमेन्ट पोस्ट करने में बहुत ही परेसानी का सामना करना पड़ रहा है , यंहा तक की अपने पोस्ट पर भी मित्रो द्वारा किये गए कमेंट्स की reply करने में असमर्थ हो गयी हूँ कभी -२ 7 to 8 times reply करने का प्रयास भी बेकार गया जितना जल्दी हो सके इस समस्या से मुक्त करें ….. धन्यवाद आपका

ANAND PRAVIN के द्वारा
May 17, 2012

Pakiya- भाई, अपुन के दिमाग मे एक मस्त आइडिया आ रहेला है….. लखना- तो बक डाल….. Pakiya- भाई अपुन सोचता है……क्यों न आनंद जी को चूड़ी और एक डब्बा लहठी गिफ्ट मार दूँ…… लखना- ऐसा क्यों बकता है बे……पगला गया है क्या तू …… Pakiya- नहीं भाई…अपुन अख्खा है…..अपुन का भेजा एक दम सही जगह पर है……. लखना- तो फिर ये सड़ेला आइडिया क्यों आ रहेला है तेरे भेजे में….. Pakiya- क्योंकि भाई, ये आदमी मेरे को एक दम मौगी के माफिक लगता है…जब देखो शर्म और हया की बातें करता रहता है…… लखना- ही……………ही……………ही……ही………….तू धासूँ है बे……चल कर डाल एक डब्बा लहठी और एक बुर्का गिफ्ट……….. Pakiya- ही….ही….ही…….क्या सही जमेगा चूड़ी और लहठी इन पर………सच्ची…..! मज़ा आ जाएगा…….. लखना- लेकिन …बिल्ली के गले मे घण्टी बांधेगा कौन…I mean…..गिफ्ट ले के जाएगा…..कौन….. Pakiya- भाई आप टेंसन मत लो, मैं इसको ले कर अनिल भाई से बात करता हूँ….शायद वो मान जाएँगे……. आदरणीय जे जे फीडबैक परिवार, नमस्कार यह उक्त बातें मेरे बारे में कहीं गई हैं आप इसका अवलोकन करें की किस प्रकार इसे उचित ठहराया जा सकता है ………..धन्यवाद

    rajkamal के द्वारा
    May 19, 2012

    आदरणीय जागरण जंक्शन परिवार ….. सादर अभिवादन ! इया मंच का एक बेहद गरिमामय इतिहास रहा है लेकिन क्या वोह बीते कल की बात ही बन कर रह जायेगी ….. आपने यहाँ पर सभी को समान अवसर प्रदान किये है उनका अनुचित लाभ नहीं उठाया जान चाहिए किसी को भी ….. यहाँ पर अर्नगर्ल भाषा का प्रयोग हो बहुत ही कम नाममात्र रूप में ही देखा है और अगर किसी ने किया भी है तो आपने उसका उचित इलाज भी किया है मित्र आनंद प्रवीण जी के साथ घटित इस घटना की मैं कड़े शब्दों में निन्दा करता हूँ यहाँ पर इस तरह की भाषा का प्र्योफ़ सर्वदा निंदनीय और अक्षम्य अपराध की श्रेणी में माना जाना चाहिए एक दूसरे का सन्मान करते हुए सभी ब्लागर्स को अच्छी शब्दावली का ही प्रयोग करना चाहिए धन्यवाद

juliyen के द्वारा
May 16, 2012

इंडिया मैं पता नहीं कब से चाइना का एलेक्टोरोनिक प्रोदुक्ट्स आ रहा है . लेकिन कभी ” भारत सरकार ” , राज्य सरकार , प्रदुषण निय्तरण बोर्ड ने ये जानने की कोशिस की …. उसके द्वारा भारत मैं भेजे जा रहे सभी उत्पाद किस स्तर के हैं … उसने भारत मैं …घटिया कि